इससे पहले कि लल्लनवा को ही गरियाने लगो हम खुद को सेफ कर लेते हैं. अरविंदकेजरीवाल का ट्वीट पढ़ लो.https://twitter.com/ArvindKejriwal/status/824433791531884544?ref_src=twsrc%5Etfwअगर ट्वीट डिलीट हो तो ब्रह्मास्त्र स्क्रीन शॉट भारत का दूसरा सबसे बड़ा नागरिकसम्मान है पद्म विभूषण. वो जिन सात लोगों को मिला है उनमें से एक हैं NCP सुप्रीमोशरद पवार. तो भैया अवॉर्ड और पॉलिटिक्स का वैसा ही गठबंधन है जैसा पटरे की चड्डी केसाथ नाड़े का. एक का दूसरे के बिना अस्तित्व ही नहीं है. इसी गठबंधन को बरकरार रखनेके लिए केजरीवाल ने मोदी जी के लिए पहला नागरिक सम्मान अर्थात भारत रत्न देने कीसलाह दी है. ये बात केजरीवाल को सूझी कैसे? ऐंवई तो आइडिया आया नहीं होगा. दरअसलपीएम मोदी की वो स्पीच केजरीवाल को याद रह गई जब उन्होंने NCP का फुल फॉर्म नैचुरलीकरप्ट पार्टी बताया था. कहा था कि ये तो भ्रष्टाचारवादी पार्टी है. अब उसी पार्टीके हेड को अवॉर्ड दिया जाएगा तो केजरीवाल मौका काहे छोड़ेंगे. पलटू-पलटू कहकर दौड़ानहीं लेंगे. इस मौके पर मिनी इतिहास याद कर लेना चाहिए. शरद पवार को एक बार हरविंदरसिंह नाम के आदमी ने थप्पड़ मारा था. अरविंद केजरीवाल को भी एक बार एक ऑटो ड्राइवरने थप्पड़ मारा था. बाद में वो उससे मिलने भी गए थे. वैसे आम आदमी पार्टी में एकजरनैल सिंह भी हैं जिन्होंने 2009 में तब के वित्तमंत्री पी चिदंबरम की तरफ जूताफेंका था. तो ये कंटाप से होते हुए पद्म पुरस्कारों तक आ चुकी राजनीति मेंयुगांतरकारी ट्विस्ट हैं न. केजरीवाल नाराज हैं इस कांड से, शिवसेना खुश है. और शरदपवार ने अपना अवॉर्ड किसानों को समर्पित कर दिया है. पता नहीं देश में हो क्या रहाहै.--------------------------------------------------------------------------------ये भी पढ़ें: मोदी जी के अमीर दोस्त ने बुर्ज खलीफा तिरंगा करा दिया, बस एक वादा औरहै केशव मौर्य का बयान सच में तोड़ा-मरोड़ा ही गया होगा प्रियंका गांधी से सुंदरमहिलाएं स्टार कैंपेनर हैं: बीजेपी सांसद विनय कटियार