"गिरफ़्तारी के बहुत तरीक़े थे..." अरेस्ट होने से पहले गुरुद्वारे में अमृतपाल ने क्या कहा?
सरेंडर करने से पहले क्या बोला अमृतपाल?

अमृतपाल सिंह का एक वीडियो सामने आया है. गिरफ्तारी से पहले उसने पंजाब के मोगा के एक गुरुद्वारे में अपना 'संदेश' जारी किया. उसने कहा-
इस पवित्र स्थान पर संत ज्ञानी जरनैल सिंह भिंडरावाले का जन्म हुआ. जिस स्थान से मेरी दस्तारबंदी हुई और हमने क़ौम का ये काम शुरू किया है, आज उसी स्थान पर इस क़ौम के काम के चलते हम जीवन के एक अहम मोड़ पर आके खड़े हैं. पिछले एक महीने में जो कुछ हुआ है वो सब आपने देखा है, मैं दोहराऊंगा नहीं. संक्षेप में अपनी बात करूंगा. एक महीने पहले हुकूमत ने जो ज़ुल्म सिखों पर किया है वो आज सबके सामने आ गया है. गिरफ़्तारी के बहुत तरीक़े थे जिनके लिए मैं सहयोग देता पर जो चेहरा हुक़ूमत का नंगा होना था दुनिया के सामने हुआ है. जो सिख नौजवानों पर ज़ुल्म हुआ है, हम सतगुरु सच्चे बादशाह की कचहरी में दोषी नहीं. दुनिया की कचहरी में हम दोषी हो सकते हैं. एक महीने बाद हमने ये फ़ैसला किया है कि इस धरती पर लड़े हैं, इसी धरती पर लड़ेंगे. यह धरती छोड़ के कहीं नहीं जाएंगे. जो भी झूठे केस हम पर किए गये हैं उनका सामना हम करेंगे.
संगतों का बहुत बहुत धन्यवाद. देखो, ना तो संगत की प्रार्थना के बिना इतने घेराव में से निकलना संभव होता, ना इतना कुछ हो पाना संभव होता है. ये संगत की प्रार्थनाओं और गुरु साहिब की कृपा की वजह से हुआ है. आज उसी स्थान पे हमने ख़ुद गिरफ़्तारी देने का फ़ैसला किया है. ये गिरफ़्तारी अंत नहीं शुरुआत है. सतगुरु सच्चे बादशाह कृपा करें. यह जो झूठी साज़िश हमारे ख़िलाफ़ रची गई है इसको सच्चे बादशाह ख़त्म करेंगे. हम जल्दी संगत के सामने आएंगे और जो अमृत संचार की मुहिम जो खालसा वहीर हमने शुरू की, सतगुरु ने हमसे शुरू करवायी है उसे फिर से निकालेंगे.
बता दें खालिस्तानी अमृतपाल सिंह को पंजाब पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. अमृतपाल ने मोगा के गुरुद्वारे में सरेंडर किया. पंजाब पुलिस उसे असम के डिब्रूगढ़ ले जा रही है.
वीडियो: अमृतपाल सिंह को बचाने वाला ये बड़ा नाम खुल गया, पकड़े जाने पर कर दिए बड़े खुलासे

