नकलचियों की वजह से फेसबुक, ट्विटर पर लगा बैन
एग्जाम में चीटिंग की. सोशल मीडिया पर पेपर लीक किया. परीक्षा रद्द हुई. बस फिर क्या 'गौरमेंट' गुस्सा गई.
Advertisement

symbolic image
अचानक से Facebook बंद हो जाए. Twitter भी न चले. तब कितना मुश्किल हो जाएगा. क्योंकि ये हमारी आदत में ऐसे शुमार है, जैसे स्मोकिंग करने वालों के लिए सिगरेट. पड़ोसन के लिए चुगली. भूख के लिए खाने जितना जरूरी हो गया है सोशल मीडिया. लेकिन अल्जीरिया में सोशल मीडिया बैन कर दिया गया. वहां लोग न फेसबुक चला पा रहे हैं न Twitter. वजह है वहां माध्यमिक स्कूल में एग्जाम का होना.
एग्जाम में धोखाधड़ी हो रही थी. एग्जाम पेपर सोशल मीडिया पर लीक कर दिया गया था. इस पर रोक लगाने के लिए सोशल मीडिया बैन कर दिया गया. ये बैन कुछ दिनों के लिए है, पेपर होने के बाद बैन हटा दिया जाएगा.
'वाशिंगटन पोस्ट' के मुताबिक अल्जीरिया पुलिस ने पेपर लीक करने के आरोप में कुछ लोगों को गिरफ्तार किया है. पकड़े गए लोग नेशनल एजुकेशन ऑफिस में काम करने वाले हैं. कुछ प्रिंटर्स वाले भी गिरफ्त में लिए गए हैं. स्टूडेंट की बल्ले-बल्ले तो जून के शुरू में ही हो गई थी, क्योंकि उनको एग्जाम पेपर मिल गए थे. जबकि एग्जाम बाद में होने थे. पेपर सोशल मीडिया में छाए रहे. पेपर लीक होने की वजह से अब 5 लाख 50 हजार स्टूडेंट को दोबारा एग्जाम देना होगा.
पहले भी पेपर हुए हैं लीक
ये पहली बार नहीं है कि सोशल मीडिया टंपरेरी तौर पर बैन किया गया हो. अभी एक महीना पहले ही करीब अल्जीरियन अधिकारियों को गिरफ्तार किया गया था. ये सोशल मीडिया पर पेपर लीक करते थे.
पिछले हफ्ते मिस्र एजुकेशन मिनिस्ट्री ने भी इस परेशानी का सामना किया. फेसबुक पर पेपर लीक होने की वजह से सोशल मीडिया पर रोक लगानी पड़ी. दो महीने पहले इराक में भी सोशल मीडिया को तब तक बैन किया गया, जब तक स्टूडेंट के एग्जाम न हो गए. युगांडा और कांगो में भी एग्जाम के टाइम सोशल मीडिया बैन है.
सोशल मीडिया बैन हो और कोई नाराज भी न हो
ऐसा कैसे हो सकता है कि सोशल मीडिया बैन हो और कोई नाराज न हो. हो गए सामाजिक कार्यकर्ता नाराज. कहा जा रहा है कि सरकार असल वजह पर ध्यान दे. जहां से पेपर लीक हो रहे हैं उन पर नकेल कसनी चाहिए. सोशल मीडिया बैन करने से बाकी लोगों को भी परेशानी उठानी पड़ रही है.
.webp?width=60)

