"फेमिनिस्ट, LGBT सपोर्टर, क्लाइमेट एक्टिविस्ट", श्रद्धा की हत्या का आरोपी खुद को ये सब बताता था
आफताब का सोशल मीडिया अकाउंट इस तरह के पोस्ट्स से भरा हुआ है.

सारा दिन श्रद्धा की हत्या (Shraddha Muder) की ख़बरें चलीं. एक 26 साल की लड़की की हत्या कर दी गई और उसके शव के टुकड़े सारे शहर में फेंके गए. आरोप लगे उसके कथित प्रेमी पर, जिसके साथ वो तीन साल से रह रही थी. ये केवल सनसनी नहीं है, क्योंकि ख़बर की वीभत्सता विचलित करने वाली है. चेतना की सारी सुइयां किए की जघन्यता की तरफ़ थीं. आरोपी की क्रूरता के बारे में जानकर डर लगता रहा. पुलिस जांच में मालूम हुआ कि श्रद्धा की हत्या के बाद आरोपी आफ़ताब (Aftab) सामान्य जीवन जी रहा था. ताकि किसी को शक न हो. रोज़ उसी कमरे में सोता था, जिस कमरे में हत्या की. शव के टुकड़े रखने के लिए लोकल मार्केट से फ़्रिज ख़रीदी. और, शव को पूरी तरह ग़ायब करने के बाद उसमें दूध-दही रखता था. सोशल मीडिया पर लोगों ने आरोपी को 'साइको' क़रार दिया. लेकिन उसका सोशल मीडिया अकाउंट कुछ और ही कहता है.
आफ़ताब आमिन पूनावाला के सोशल मीडिया हैंडल्स की पड़ताल के हिसाब से उसने खुद को एक प्रगतिशील लड़के के तौर पर पेश किया. फेमिनिस्ट, LGBTQIA+ हक़ों का ‘समर्थक’ और 'क्लाइमेट ऐक्टिविस्ट' के तौर पर.
29 नवंबर 2014 को आफ़ताब ने लॉजिकल इंडियन वेबसाइट की एक पोस्ट शेयर की थी. तस्वीर में एक महिला की पीठ पर ढेर सारी चिप्पियां लगी हुई हैं और कैप्शन में लिखा है, "महिलाएं लेबल्स के साथ पैदा नहीं होतीं."
28 जून 2015 को आफ़ताब ने अपनी फ़ेसबुक की प्रोफ़ाइल पिक्चर में बदलाव किए थे, जिसमें LGBTQIA+ का प्राइड फ़िल्टर लगाया था. प्राइड का मतलब लेस्बियन, गे, बाई-सेक्शुअल, ट्रांसजेंडर के गौरव और आंदोलनों का प्रतीक.
2015 में ही दिवाली पर पटाखे न फोड़ने की अपील की थी. एक ऐसिड अटैक विक्टिम को सपोर्ट किया था.
2010 में उसके फ़ेसबुक पोस्ट्स तो प्रेम में पूरी तरह से डूबे हुए थे. 'जीवन की सबसे बड़ी सीख: प्रेम करो और कोई तुमसे प्यार करे' जैसी बातें लिखी थीं.
फ़ेसबुक पर ये पोस्ट्स और तस्वीरें ख़ूब वायरल हो रही हैं. आफ़ताब ने कथित तौर पर पुलिस को बताया कि वो अमेरिकी टेलीविजन क्राइम सीरीज़ के एक किरदार 'डेक्सटर' से प्रेरित था. डेक्सटर एक सीरियल किलर है, जो हत्या के बाद शवों को काटता था.
बॉयफ्रेंड आफताब ने श्रद्धा के 35 टुकड़े कर फ्रिज में रखे, घटना से पूरा देश हिल गया

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