बंगलुरू की एक 12 साल की लड़की है. नाम है निलांजना जयंत. अक्टूबर में न्यूयॉर्क केCarnegie Hall में परफॉर्म करने वाली हैं. वो भी पंडित शिवकुमार और ज़ाकिर हुसैन केसाथ. हां वही, संतूर वाले पंडित शिवकुमार और जाकिर हुसैन जो तबला बजाते हैं.Carnegie Hall क्लासिकल सिंगर्स का तीर्थ माना जाता है. म्युजीशियन्स का सपना होताहै, यहां परफॉर्म करना. निलांजना यहां परफॉर्म करने वाली सबसे कम उम्र की आर्टिस्टहोंगी. निलांजना 8th क्लास में पढ़ती हैं. मार्च में निलांजना की मां ने उनसेGolden Voices of America में अपनी एंट्री भेजने के लिए कहा. GOlden Voices OfAmerica एक इंटरनेशनल लेवल का कॉम्पटिशन है. इसमें जीतने वाले को Carnegie Hall मेंपरफॉर्म करने का मौका मिलता है. निलांजना ने इसमें पार्ट लिया और जीत गईं. उनके साथऔर भी कई म्युजीशियन परफॉर्म करेंगे. निलांजना बंगलुरू के ताकादमी म्यूजिक स्कूलमें वेस्टर्न म्यूजिक सीखती हैं. निलांजना की मम्मी ने मीडिया वालों को बताया किपहले निलांजना को क्लासिकल कर्नाटिक सिखाना चाहती थीं. लेकिन निलांजना लेफ्ट हैंडेडथी और उससे ताल को दाएं हाथ से बजाने के लिए कहा जाता था. परेशान होकर उसने ये छोड़दिया. उसका इंटरेस्ट वेस्टर्न म्युजिक मे ही था.निलांजना की मम्मी संगीता अनंत और पापा जयंत अनंतकृष्णन अपनी बेटी के लिए कित्ताप्राउड फील कर रहे हैं.निलांजना साउथ इंडियन बैकग्राउंड की हैं. इसलिए पहले सब उन्हें वेस्टर्न सीखने सेमना करते थे. लेकिन निलांजना को उसके मम्मी-पापा ने पूरा सपोर्ट किया. निलांजनाकहती हैं कि उनको स्टेज फीयर है और Carnegie Hall में गाने का एक्सपीरियेंस वो कभीनहीं भूलेंगी.