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हाथी अपने साथियों को 'नाम' से बुलाते हैं! वैज्ञानिकों ने जब 'नाम' मालूम करके बुलाया तो पता है क्या हुआ?

इंसानों के अलावा कुछ ही जानवर हैं, जो अपने साथियों को 'नाम' से पुकारते हैं. अभी तक इनमें डॉल्फिन और तोते की एक प्रजाति शामिल थी. अब एक हालिया रिसर्च में वैज्ञानिक हाथियों को भी इस लिस्ट में शामिल कर रहे हैं. भला, वैज्ञानिकों को कैसे पता चला कि हाथी ऐसा करते हैं?

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12 जून 2024 (अपडेटेड: 12 जून 2024, 08:45 AM IST)
do elephants take names
रिसर्च में वैज्ञानिकों ने 469 हाथियों के चिंघाड़ने के पैटर्न का अध्ययन किया. (सांकेतिक तस्वीर)
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'नाम' में क्या रखा है? अंग्रेजी लेखक विलियम शेक्सपियर की ये लाइन किसने नहीं सुनी होगी? लेकिन 'नाम' में क्या रखा है, ये बात इसी से साफ हो जाती है कि इस लाइन के साथ शेक्सपियर का ही 'नाम' लिया जाता है. ‘नाम’ से हाल ही में आई एक रिसर्च याद आती है. जिसमें कहा जा रहा है कि हाथी अपने जानने वालों को नाम जैसी खास आवाज लेकर बुलाते हैं.

हम जानते हैं कि अफ्रीकी हाथी जमीन पर रहने वाले सबसे बड़े जानवर हैं. एशिया और भारत में रहने वाले इनके दूर के भाई इनसे थोड़े ही छोटे होते हैं. लेकिन इनका दिमाग काफी बड़ा होता है. दिमाग साथ इनकी तेज बुद्धि की भी काफी चर्चा होती रहती है.

हो भी क्यों ना, ये परिवार के साथ झुंड में रहते हैं. किसी सदस्य को चोट लग जाए तो उसकी मदद करते हैं. उसे खाना पानी देते हैं. किसी अपने के मरने के बाद उनके लिए शोक भी जताते हैं. हाल ही में पश्चिम बंगाल में हुई एक रिसर्च में, ये भी देखा गया कि हाथी अपने बच्चों को ‘दफन’ भी करते हैं.

इमोशनल होने के साथ-साथ हाथी काफी इंटेलिजेंट भी होते हैं. इनकी याददाश्त तेज होती है और ये खाना ढूंढने जैसी समस्याओं का हल निकाल सकते हैं. अब वैज्ञानिक कह रहे हैं कि ये एक और काम कर सकते हैं. अपने साथियों का ‘नाम’ लेकर पुकारना.

अक्सर जानवरों की आवाजों से अनुमान लगाया जाता है कि फलानी आवाज का ये मतलब होता होगा. जैसे ‘खतरा है’ बताने के लिए कोई आवाज, ‘खाना इधर है’ के लिए अलग आवाज. लेकिन किसी एक जानवर का दूसरे जानवर को 'नाम' लेकर पुकारना काफी रेयर है. यानी एक आवाज से किसी खास साथी को बुलाना.

अब तक हुई कुछ रिसर्च में पाया गया है कि डॉल्फिन और तोते की कुछ प्रजाति ही अपने साथियों को 'नाम' या खास आवाज से पुकारते हैं. लेकिन अब हाथियों में भी वैज्ञानिकों को ऐसी ही जानकारी मिली है. सवाल ये कि कैसे पता चला कि हाथी दूसरे हाथी का 'नाम' लेकर बुलाते हैं? 

ये भी पढ़ें: हाथी भी अपने बच्चों का अंतिम संस्कार करते हैं? तरीका इंसानों से थोड़ा अलग है

इस बारे में कार्नेल यूनिवर्सिटी, न्यूयॉर्क के बिहेवियरल इकोलॉजिस्ट या जीव-जंतुओं के व्यवहार का अध्ययन करने वाले, माइकल पार्दो साइंटिफिक जर्नल नेचर को बताते हैं. पार्दो का कहना है,

हाथियों के आपस में बातचीत का व्यवहार काफी जटिल है. शायद इतना जितना हमने पहले सोचा ना था. 

पार्दो का मानना है कि जिस हिसाब से हाथी अपने साथियों के लिए खास आवाजों का इस्तेमाल करते हैं. हो सकता है वो अपने साथियों का 'नाम' लेकर पुकारते हों. 

इसके लिए पार्दो और उनके साथियों ने साल 1986 से लेकर 2022 तक हाथियों की चिंघाड़-पुकार का एनालिसिस किया. ये आवाजें केन्या के अमबोसेली नेशनल पार्क और कुछ दूसरी जगहों के सवाना अफ्रीकी हाथियों की थीं.  

वैज्ञानिकों ने जब AI से नाम पता करके बुलाया तो क्या हुआ?

रिसर्च में वैज्ञानिकों ने 469 हाथियों के चिंघाड़ने के पैटर्न का अध्ययन किया. जिसके लिए उन्होंने मशीन लर्निंग की तकनीक का इस्तेमाल किया. बता दें मशीन लर्निंग एक तरह की तकनीक है जिसमें AI का इस्तेमाल करके डाटा का एनालिसिस कुछ ऐसे किया जाता है. जैसे कोई इंसान किसी जानकारी से सीखता है. फिर धीरे-धीरे उसमें बेहतर होता जाता है. 

खैर रिसर्च में इस AI मशीन लर्निंग मॉडल ने 27.5% बार सही अनुमान लगाया कि किस हाथी को पुकारा जा रहा है. इससे रिसर्चर ये अनुमान लगा रहे हैं कि चिंघाड़ने की आवाज में यह जानकारी भी है कि फलाना हाथी को पुकारा जा रहा है. कुल मिलाकर कहें तो ये एक खास आवाज को, एक खास हाथी से जोड़कर देखा गया. जैसे इंसान 'नाम' लेते हैं.

इसके बाद पार्दो और उनके साथियों ने इसको टेस्ट करने की तरकीब भी लगाई. 17 हाथियों को उनके लिए इस्तेमाल की जाने वाली खास आवाज सुनाकर देखा. पता चला कि जो खास आवाज किसी हाथी से जुड़ी थी, उसे सुनकर वह एक दम एक्साइटेड हो जाते. 'नाम' की आवाज सुनकर स्पीकर की तरफ दौड़े चले आते. 

पार्दो का कहना है कि हाथी अंदाजा लगा सकते थे कि इस आवाज से उन्हें पुकारा जा रहा है या नहीं.

हालांकि एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह शुरुआती सबूत काफी दिलचस्प हैं. लेकिन हाथी आमतौर पर ऐसा करते हैं, इसे साबित करने के लिए और भी रिसर्च की जरूरत है. 

ये भी कहा जा रहा है कि इस जानकारी की मदद से हाथियों के गुट बनाकर रहने और उनके सामाजिक व्यवहार को समझने में और मदद मिलने की उम्मीद है.

आपको क्या लगता है दूसरे जानवर भी अपने साथियों का नाम लेकर पुकारते होंगे? कि और छगन कैसा है?

वीडियो: साइंसकारी: हाथी के दिमाग और याददाश्त को लेकर रिसर्च में किस तरह की बातें सामने आईं हैं?

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