पुलिसवालों ने गौहत्या के आरोपियों को बीच सड़क पीटा, नारे लगवाए- 'गाय हमारी माता, पुलिस बाप'
उज्जैन पुलिस ने गौहत्या के दो आरोपियों को अरेस्ट किया. दोनों आरोपियों के खिलाफ मध्य प्रदेश गौवंश वध प्रतिषेध अधिनियम, 2004 के तहत मामला दर्ज किया. इसके बाद दोनों की सड़क पर परेड कराई गई और इस दौरान इन्हें पीटा गया. इस परेड का वीडियो वायरल है.

मध्य प्रदेश के उज्जैन में गौहत्या के दो आरोपियों की पुलिस ने सड़क पर परेड कराई. इस दौरान उन्हें बुरी तरह डंडे से पीटा गया. दोनों आरोपियों से नारे भी लगवाए गए. नारा था- “गाय हमारी माता है, पुलिस हमारी बाप है.” इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है.
इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक ये मामला उज्जैन जिले के घट्टिया थाना क्षेत्र का है. अधिकारियों ने बताया कि कुछ रोज पहले पुलिस को कथित गौहत्या के बारे में सूचना मिली थी. इसका मामला दर्ज किया गया था. पुलिस के अनुसार, 16 फरवरी को देर रात जैथल गांव के पास आरोपी सलीम और आकिब को एक अन्य व्यक्ति से साथ देखा गया था. ये सभी एक गाय और एक एसयूवी के साथ मौजूद थे. जब लोगों ने इन्हें पकड़ने की कोशिश की तो ये अंधेरे का फायदा उठाकर भाग निकले.
अधिकारियों के मुताबिक 3 मार्च को घट्टिया थाने की पुलिस ने एक गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई की. इस दौरान सलीम और साकिब को पकड़ा गया. इनके पास से एक वाहन, मोबाइल फोन और कथित गौमांस भी जब्त किया गया. पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मध्य प्रदेश गौवंश वध प्रतिषेध अधिनियम, 2004 की धारा 4, 6 और 9 के तहत मामला दर्ज किया. इसके बाद दोनों की सड़क पर परेड कराई गई और इस दौरान इन्हें पीटा गया. फिलहाल दोनों आरोपी न्यायिक हिरासत में हैं.
ये भी बताया जा रहा है कि आरोपियों की गिरफ्तारी से कुछ दिन पहले ही कई दक्षिणपंथी समूहों ने पुलिस पर इन्हें अरेस्ट करने का दबाव बनाया था, जिसके बाद ही ये कार्रवाई की गई. द हिन्दू की रिपोर्ट के मुताबिक आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के सदस्यों ने घट्टिया थाना प्रभारी और अन्य अधिकारियों को माला पहनाकर सम्मानित किया. और उन्हें मिठाई खिलाई.
उज्जैन के पुलिस अधीक्षक क्या बोले?इंडियन एक्सप्रेस ने आरोपियों की परेड को लेकर उज्जैन के पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा से बात की. शर्मा ने मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है और ये कथित तौर पर 24 से ज्यादा आपराधिक मामलों में शामिल हैं. वे आदतन अपराधी हैं. उन्होंने आगे कहा कि इस परेड को लेकर अब तक पुलिसकर्मियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई है. उन्होंने आगे कहा, ‘मैंने वीडियो नहीं देखा है. आरोपियों को घटनास्थल पर ले जाते समय शायद उनकी परेड कराई गई होगी.’
यह पूछे जाने पर कि क्या यह सूचना दक्षिणपंथी समूहों से आई थी, प्रदीप शर्मा ने कहा कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं है.
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