The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • India
  • Opposition to move resolution to remove LS Speaker Om Birla Congress says ‘wait for action’

क्या लोकसभा स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की तैयारी कर रहा है विपक्ष?

लोकसभा स्पीकर को हटाने के लिए नोटिस जल्द ही लोकसभा सचिव महासचिव को दिया जा सकता है. ये संविधान के अनुच्छेद 94(C) के तहत होगा.

Advertisement
pic
9 फ़रवरी 2026 (पब्लिश्ड: 02:36 PM IST)
Opposition to move resolution to remove LS Speaker Om Birla Congress says ‘wait for action’
विपक्ष लगातार हंगामा कर रहा है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सवाल पूछने की मांग कर रहा है. (फोटो- X)
Quick AI Highlights
Click here to view more

लोकसभा में ताजा विवाद के बीच खबर है कि विपक्ष लोकसभा स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की तैयारी कर रहा है. लोकसभा स्पीकर को हटाने के लिए नोटिस जल्द ही लोकसभा सचिव महासचिव को दिया जा सकता है. वहीं, छह महिला सांसदों ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को एक पत्र लिखा है. इसमें कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा भी शामिल हैं. पत्र में आरोप लगाए गए हैं कि स्पीकर सरकार के दबाव में आकर काम कर रहे हैं.

क्या है पूरा मामला?

दरअसल, लोकसभा में बजट सेशन चल रहा है. विपक्ष लगातार हंगामा कर रहा है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सवाल पूछने की मांग कर रहा है. स्पीकर ने कहा था कि विपक्ष की कुछ महिला सांसदों ने पीएम मोदी के आसपास इकट्ठा होकर कुछ ऐसा किया जिससे उन्हें खतरा हो सकता था. इसी वजह से पीएम सदन में नहीं आए.

इंडिया टुडे से जुड़ी मौसमी की रिपोर्ट के मुताबिक कांग्रेस की महिला सांसदों ने इस आरोप को सिरे से खारिज कर दिया है. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी सदन में नहीं आए क्योंकि उनमें विपक्ष का सामना करने की हिम्मत नहीं थी.

पत्र में लिखा है कि जब वो स्पीकर से मिलीं तो स्पीकर ने माना कि गलती हुई है और शाम 4 बजे फिर आने को कहा. लेकिन बाद में उन्होंने कहा कि वो सरकार के जवाब का इंतजार कर रहे हैं. इससे लगता है कि स्पीकर अब खुद फैसला नहीं ले पा रहे, बल्कि सरकार के इशारे पर चल रहे हैं.

रिपोर्ट के मुताबिक सांसदों ने कहा कि वो गरीब पृष्ठभूमि से आती हैं, पहली पीढ़ी की नेता हैं. उन्होंने लोगों के बीच सालों की मेहनत से जगह बनाई है. उनकी ईमानदारी पर सवाल उठाना हर मेहनती महिला के लिए अपमान है.

x
कांग्रेस का X पोस्ट.

माना जा रहा है कि लोकसभा स्पीकर को हटाने के लिए नोटिस जल्द ही लोकसभा सचिव महासचिव को दिया जा सकता है. ये संविधान के अनुच्छेद 94(C) के तहत होगा. अनुच्छेद 94(C) के तहत लोकसभा के स्पीकर या डिप्टी स्पीकर को उनके पद से हटाया जा सकता है, अगर लोकसभा में एक प्रस्ताव (रेजोल्यूशन) पास हो जाए. इस प्रस्ताव को पास करने के लिए लोकसभा के उस समय मौजूद कुल सदस्यों (सभी सदस्यों की कुल संख्या) में से बहुमत (आधे से ज्यादा) का समर्थन चाहिए.

इसमें कुछ महत्वपूर्ण शर्त भी हैं. मसलन, ऐसा प्रस्ताव लाने की मंशा की सूचना (नोटिस) कम से कम 14 दिन पहले देनी जरूरी है. यानी, स्पीकर को हटाने के लिए कोई भी सदस्य प्रस्ताव नहीं ला सकता जब तक कि 14 दिन का नोटिस न दिया जाए.

ये फैसला सोमवार, 9 फरवरी की सुबह कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के चैंबर में विपक्षी नेताओं की बैठक में लिया गया. इस बैठक में तृणमूल कांग्रेस (TMC), वामपंथी दल, DMK, समाजवादी पार्टी (SP), RJD, शिवसेना (UBT), NCP (SP) और RSP के नेता शामिल हुए थे.

वीडियो: राजधानी: राहुल गांधी के सामने मुस्लिम वोटर्स, अखिलेश यादव का डर क्या?

Advertisement

Advertisement

()