वेनेजुएला पर एक्शन के बाद ट्रंप की भारत को धमकी- और टैरिफ बढ़ा देंगे
Trump fresh warning to India: अमेरिकी सांसद लिंडसे ग्राहम ने भी एक बड़ा दावा किया. उन्होंने कहा कि भारत के राजदूत विनय मोहन क्वात्रा ने उनसे अनुरोध किया कि वो अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप से भारत पर लगे 25 प्रतिशत टैरिफ को हटाने की अपील करें.

अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने एक बार फिर भारत पर सख्त रुख अपनाया है, और चेतावनी जारी की है. ट्रंप ने कहा कि अगर भारत रूसी तेल के मुद्दे पर अमेरिका की मदद नहीं करता, तो भारतीय आयात पर मौजूदा टैरिफ को और बढ़ाया जा सकता है. वहीं, अमेरिकी सांसद लिंडसे ग्राहम ने भी एक बड़ा दावा किया. उन्होंने कहा कि भारत के राजदूत विनय मोहन क्वात्रा ने उनसे अनुरोध किया कि वो अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप से भारत पर लगे 25 प्रतिशत टैरिफ को हटाने की अपील करें.
ट्रंप ने सोमवार, 5 दिसंबर को पत्रकारों से बातचीत में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जिक्र करते हुए उन्हें बहुत अच्छा आदमी बताया, और कहा कि मोदी को पता है कि अमेरिका इस मुद्दे से खुश नहीं है. वॉइटहाउस की तरफ से जारी किए गए एक ऑडियो बयान में ट्रंप ने कहा,
"मोदी एक बहुत अच्छे व्यक्ति हैं और वो जानते हैं कि मैं खुश नहीं हूं. मुझे खुश करना जरूरी था. हम उन पर टैरिफ बहुत जल्दी बढ़ा सकते हैं."
उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर भारत रूसी तेल के व्यापार पर सहयोग नहीं करता, तो भारत पर टैरिफ बढ़ाया जा सकता है. अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी के बाद एक ब्रीफिंग में अपने अगले कदमों की जानकारी दी.
लिंडसे ग्राहम ने भी किया बड़ा दावासोमवार, 5 दिसंबर को अमेरिकी सांसद लिंडसे ग्राहम ने भी एक बड़ा दावा किया. उन्होंने कहा कि भारत के राजदूत विनय मोहन क्वात्रा ने पिछले महीने उनसे मुलाकात में कहा कि भारत रूसी तेल की खरीद काफी कम कर रहा है. ग्राहम के अनुसार, राजदूत ने उनसे अनुरोध किया कि वो अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप से भारत पर लगे 25 प्रतिशत टैरिफ को हटाने की अपील करें.
ग्राहम ने एयर फोर्स वन में पत्रकारों से बातचीत के दौरान यह खुलासा किया. उन्होंने कहा,
“मैं पिछले महीने भारतीय राजदूत के घर गया था, और वो सिर्फ इतना ही बात करना चाहते थे कि भारत अब कितना कम रूसी तेल खरीद रहा है. उन्होंने मुझसे राष्ट्रपति से 25% टैरिफ हटाने की गुजारिश करने को कहा.”
दक्षिण अमेरिकी देश पर ताजा हमलों में तेल भी बड़ा फैक्टर रहा है. ट्रंप का ये बयान उस वक्त आया है, जब कुछ महीने पहले उन्होंने दावा किया था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हें भरोसा दिलाया था कि भारत रूसी तेल की खरीद बंद कर देगा.
हालांकि भारत ने ट्रंप के इन दावों को सिरे से खारिज कर दिया था. भारत सरकार ने साफ कहा था कि प्रधानमंत्री मोदी और ट्रंप के बीच ऐसी कोई बातचीत हुई ही नहीं. ट्रंप प्रशासन रूसी तेल के मुद्दे पर लगातार भारत पर दबाव बनाए हुए है. लेकिन भारत ने हमेशा यही बात दोहराई है कि उसकी नीतियां बाजार में मिलने वाली सबसे अच्छी डील और भारतीय उपभोक्ताओं की जरूरतों के हिसाब से तय होती हैं.
बता दें कि अगस्त 2025 में अमेरिका ने भारत पर 50% टैरिफ लगाया था. इसका मुख्य कारण भारत का रूस से तेल आयात बताया गया था. ट्रंप प्रशासन ने दावा किया था कि भारत रूस से तेल खरीदता है, जिससे रूस को यूक्रेन युद्ध के लिए फंड मिलता है.
वीडियो: वेनेजुएला पर अमेरिकी हमले की पूरी कहानी

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