The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • India
  • Bengaluru preschool principal held for extorting money from parent with whom in relationship

अपनी छात्रा के पिता संग रिलेशनशिप में थी प्री-स्कूल की प्रिंसिपल, ब्लैकमेलिंग के आरोप में गिरफ्तार

Bengaluru केंद्रीय अपराध शाखा (CCB) ने प्रिंसिपल रुदागी देवी और उनके दो सहयोगियों को गिरफ्तार किया है. इन लोगों पर छात्रा के पिता को ब्लैकमेल करके 20 लाख रुपये मांगने का आरोप है.

Advertisement
pic
2 अप्रैल 2025 (अपडेटेड: 2 अप्रैल 2025, 11:54 AM IST)
Bengaluru preSchool principal student parent
बेंगलुरू पुलिस ने प्रिंसिपल और उनके सहयोगी को गिरफ्तार किया है.
Quick AI Highlights
Click here to view more

बेंगलुरू (Bengaluru) पुलिस ने 31 मार्च को प्री-स्कूल (PreSchool) की एक प्रिंसिपल (Principal) को गिरफ्तार किया है. उन पर संस्थान में पढ़ने वाली पांच साल की एक छात्रा के पिता से जबरन  पैसे ऐंठने का आरोप है. कथित तौर पर प्रिंसिपल छात्रा के पिता के साथ रिलेशनशिप में थीं. केंद्रीय अपराध शाखा (CCB) ने उनके दो सहयोगियों को भी गिरफ्तार किया है. 

इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, इन दोनों पर छात्रा के पिता को ब्लैकमेल करने का आरोप है.  इन लोगों ने धमकी दी थी कि अगर उन्होंने आरोपी प्रिंसिपल रुदागी देवी को 20 लाख रुपये नहीं दिए तो वे उनकी प्राइवेट फोटो सोशल मीडिया पर लीक कर देंगे. प्री स्कूल चलाने वाली रुदागी देवी और उनको दो सहयोगी गणेश काले और सागर को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है.

पुलिस के मुताबिक, मूल रूप से पश्चिम बंगाल के रहने वाले रमेश (बदला हुआ नाम) पहली बार साल 2023 में रुदगी देवी से मिले, जब उन्होंने प्रीस्कूल में अपनी बेटी का एडमिशन कराया. धीरे-धीरे दोनों के संबंध मजबूत होते गए. रमेश ने रुदगी से बातचीत के लिए एक अलग सिम कार्ड और फोन खरीदा. दोनों वॉट्सएप चैट और वीडियो कॉल के जरिए एक दूसरे से बात करते थे.

एक पुलिस अधिकारी ने बताया, 

कभी कभार दोनों व्यक्तिगत तौर पर भी मिलते थे. रुदगी देवी पर आरोप है वो अब तक रमेश से 4 लाख रुपये ऐंठ चुकी हैं. इस साल जनवरी में कथित तौर पर रुदागी ने रमेश से 15 लाख रुपये की डिमांड की. और उनको साथ में रहने का सुझाव भी दिया. इसके लिए वो रमेश के घर भी गई थीं. इस दौरान रमेश का परिवार कहीं बाहर गया था.

पुलिस की जांच में पता चला कि रुदागी देवी ने मल्लेश्वरम उप-मंडल के एक पूर्व ACP के साथ अपने मजबूत संबंध के झूठे दावे करके भी पीड़ित को डराया- धमकाया था. पुलिस ने बताया कि मार्च की शुरुआत में दोनों के बीच संबंध बिगड़ने शुरू हो गए, जब आर्थिक दिक्कतों से गुजर रहे रमेश ने अपनी बेटी का ट्रांसफर सर्टिफिकेट मांगा. क्योंकि वह अपने परिवार को गुजरात शिफ्ट करने की योजना बना रहा था.

इसके बाद प्रिंसिपल (रुदागी देवी) के ऑफिस में उनकी मुलाकात गणेश काले और सागर से हुई. इन दोनों ने रुदागी के साथ उनके कथित प्राइवेट वीडियो और फोटो को सीक्रेट रखने के लिए 20 लाख रुपये की मांग की. अपनी प्रतिष्ठा बचाने के लिए रमेश 15 लाख रुपये देने पर सहमत हो गया. और शुरुआत में 1.9 लाख रुपये ट्रांसफर किए. इसके बाद काले और सागर ने बाकी रुपयों के लिए उन पर दबाव बनाना जारी रखा.

ये भी पढ़ें - "उसने ब्लैकमेल किया, लाखों रुपए ऐंठे...'' हिमानी नरवाल मर्डर केस में गिरफ्तार आरोपी ने किया बड़ा खुलासा

पुलिस ने आगे बताया, 

रुदागी ने 17 मार्च को रमेश को फोन किया और बकाया राशि की मांग की. इस दौरान उन्होंने दावा किया कि इसमें से 5 लाख रुपये पूर्व ACP को दिए जाएंगे, जबकि सागर और काले को 1-1 लाख रुपये मिलेंगे. और बाकी 8 लाख रुपये प्राइवेट सामग्री को हटाने के बदले में उनके हिस्से में जाएंगे.

जब धमकियां बढ़ने लगी तो रमेश ने बेंगलुरु पुलिस से संपर्क किया. पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 140 (2) (अपहरण), 308 (2) (जबरन वसूली), 308 (4) (मौत की धमकी देकर जबरन वसूली) और 351 (2) (आपराधिक धमकी) के तहत मामला दर्ज किया है.

वीडियो: फाइनल रिपोर्ट: अजमेर यौन शोषण और ब्लैकमेलिंग कांड का कच्चा चिट्ठा

Advertisement

Advertisement

()