मनोज बाजपेयी की 'गुलमोहर', एक ट्रेजेडी पर हैप्पी एंडिंग का बोझ
एक तनावभरी शांति में डूबती-उतराती फ़िल्म तभी बनाई जा सकती है, जब फ़िल्मकार कुछ क्रिएट करने के लिए बज़िद हो, नोट छापने के लिए नहीं.
Advertisement

शर्मिला टैगोर मनोज बाजपेयी के साथ
Story Summary
वीडियो: गली गुलियां के वक्त मनोज बाजपेयी की हालत इतनी बिगड़ गई कि शूटिंग रोकनी पड़ी

