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शरद पवार ने 'विपक्ष एक करेंगे' बोलकर कर्नाटक में कांग्रेस को बड़ा झटका दे दिया

एक दिन पहले ही शरद पवार ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी से मुलाकात कर विपक्षी एकता का आह्वान किया था.

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14 अप्रैल 2023 (अपडेटेड: 14 अप्रैल 2023, 12:08 AM IST)
Major blow to opposition unity, NCP set to jump in Karnataka elections
राहुल और खरगे से मिले थे पवार. (आजतक)
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कर्नाटक चुनाव से पहले कांग्रेस को एक बड़ा झटका लगा है. शरद पवार की राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) कर्नाटक चुनाव में उतरने वाली है. मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक 10 मई को होने वाले चुनाव के लिए NCP 40-45 सीटों पर उम्मीदवार उतार सकती है. इन सीटों पर BJP, कांग्रेस और जनता दल (सेक्युलर) के बीच त्रिकोणीय मुकाबला है.  

इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक NCP ने ये फैसला नेशनल पार्टी का टैग खोने के मद्देनजर उठाया है. इसे लेकर NCP नेता प्रफुल्ल पटेल ने कहा,

"हमें वापस नेशनल पार्टी का दर्जा पाने के लिए कदम उठाने होंगे."

रिपोर्ट के मुताबिक NCP शनिवार 15 अप्रैल को बैठक कर कर्नाटक चुनाव पर अपनी प्लानिंग करेगी. चुनाव आयोग ने पार्टी को कर्नाटक चुनाव के लिए अलार्म घड़ी का चिह्न दिया है. महाराष्ट्र-कर्नाकट के सीमाई क्षेत्र में बड़ी संख्या में मराठी लोग रहते हैं. NCP इसी इलाके में संभावनाएं देख रही है. इस चुनाव में NCP महाराष्ट्र एकीकरण समिति से हाथ मिला सकती है.

विपक्षी एकता का क्या?

NCP के इस कदम से कांग्रेस पर दबाव पड़ सकता है. इस चुनाव में उसकी सत्तारूढ़ BJP से सीधी टक्कर है. पार्टी भ्रष्टाचार और दूसरे मुद्दों पर बीजेपी को घेरने की कोशिश में लगी है. उसने अपने उम्मीदवारों की सूची भी बीजेपी से पहले जारी कर दी थी. लेकिन एनसीपी के चुनावी मैदान में आने से दक्षिण राज्य में उसकी सत्ता वापसी की उम्मीदों को झटका लग सकता है.

वहीं NCP के लिए राष्ट्रीय दल का तमगा हासिल करना जरूरी है. इसी हफ्ते की शुरुआत में नेशनल पार्टी का दर्जा खोने के साथ उसने गोवा, मणिपुर और मेघालय में 'राज्य पार्टी' का दर्जा भी खो दिया था. ऐसे में शरद पवार को कर्नाटक के चुनावी मैदान में उतरने का फैसला लेना पड़ा है.

इससे एक दिन पहले ही कांग्रेस नेता राहुल गांधी और अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने विपक्षी एकता को मजबूत करने के लिए शरद पवार से मुलाकात की थी. ये मुलाकात दिल्ली में खरगे के घर पर हुई. शरत पवार ने इसके बाद रिपोर्टर्स से कहा था,

"विपक्षी पार्टियों के नेताओं के बीच बातचीत होनी चाहिए. ममता बनर्जी, (अरविंद) केजरीवाल... हमें उनसे भी बात करनी चाहिए. हम विपक्ष को एक करेंगे और सबको साथ लेकर आगे बढ़ेंगे."

इस मुलाकात के बाद खरगे ने कहा था,

“मुझे खुशी है कि शरद पवार मुंबई से हमसे मिलने आए और हमें रास्ता दिखा रहे हैं. कल (12 अप्रैल को) राहुल गांधी और मेरी नीतीश कुमार और तेजस्वी यादव से देश में विपक्षी को एक करने पर बात हुई थी.”

वहीं राहुल गांधी ने इस मुलाकात के बाद कहा,

“खरगे जी और पवार जी ने कहा है कि विपक्ष को एक करने का काम शुरू हो चुका है. ये एक नई शुरुआत है और हर पार्टी इस काम के लिए प्रतिबद्ध है. हम सब एक साथ हैं.”

कर्नाटक चुनाव

कर्नाटक में 10 मई को एक ही चरण में विधानसभा चुनाव होने हैं. 13 मई को मतगणना होनी है. 224 सीटों वाली विधानसभा में फिलहाल सत्तारूढ़ BJP के पास 119 विधायक हैं, जबकि कांग्रेस के पास 75 और जनता दल (सेक्युलर) के पास 28 सीटें हैं. 

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