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अब CSIR SO/ASO परीक्षा में धांधली के आरोप लगे, क्या है पूरा मामला?

5 से 20 फरवरी तक देश के अलग-अलग सेंटर्स पर परीक्षा आयोजित कराई गई. लेकिन दावा किया जा रहा है कि एग्जाम सेंटर पर स्क्रीन शेयर करवाकर पेपर सॉल्व कराया गया है. पुलिस ने कुछ लोगों को हिरासत में भी लिया है.

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CSIR SO ASO paper leak what students have claimed
उत्तराखंड और राजस्थान के कई सेंटर्स पर धांधली के आरोप लगे हैं. (सांकेतिक फोटो- PTI)
1 मार्च 2024
Updated: 1 मार्च 2024 22:08 IST
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उत्तर प्रदेश की RO/ARO परीक्षा. यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा. यूपी बोर्ड 12वीं की परीक्षा. परीक्षाएं अलग-अलग हैं. पर तीनों में एक चीज़ कॉमन है. पेपर लीक के आरोप. राज्य से निकलकर अब पेपर लीक का मामला राष्ट्रीय हो चला है. खबरें हैं कि CSIR का ASO/SO पेपर लीक हो गया है. दावा किया जा रहा है कि पूरे देश में आयोजित इस परीक्षा में भी धांधली हुई है. क्या है मामला, आइए जानते हैं.

CSIR माने Council of Scientific and Industrial Research. ये साइंस मिनिस्ट्री के अंडर आता है. इसमें सेक्शन ऑफिसर (SO) और असिस्टेंट सेक्शन ऑफिसर (ASO) के पदों पर भर्ती के लिए वैकेंसी जारी की गईं. 8 दिसंबर 2023 को नोटिफिकेशन निकला. कुल पद थे 444. SO के लिए 76. और ASO के लिए 368. 14 जनवरी फॉर्म भरने की लास्ट डेट थी. 5 से 20 फरवरी तक देश के अलग-अलग सेंटर्स पर परीक्षा आयोजित कराई गई.

लेकिन इस बीच परीक्षा में पेपर लीक की खबर आने लगी. आरोप है कि देहरादून और राजस्थान के बहरोड में इस परीक्षा के पेपर लीक हुए. सॉल्वर गैंग्स ने ऑनलाइन स्क्रीन शेयर करवाकर नकल कराई. देहरादून में दो सेंटर्स पर पुलिस ने छापा मारा. छापे में कुछ अभ्यर्थियों के साथ केंद्र संचालकों को हिरासत में लिया गया. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पुलिस ने बताया कि गिरोह की ओर से दिल्ली और अन्य राज्यों में आयोजित की जा रही परीक्षा में भी नकल कराने की जानकारी मिली है.

दी लल्लनटॉप ने पेपर लीक के आरोपों पर छात्रों से बात करने की कोशिश की. एक छात्र ने नाम न बताने की शर्त पर हमें बताया,

“जिस दिन मेरी परीक्षा थी उस दिन देहरादून से खबर सामने आई कि पेपर में धांधली हुई है. कई सेंटर्स पर अभ्यर्थियों को ‘एनी डेस्क’ ऐप की मदद से पेपर सॉल्व कराया गया है. हमने CSIR से इसकी शिकायत की तो उन्होंने इससे इनकार कर दिया. हम मामले की जांच चाहते हैं.”

SSP अजय सिंह ने जानकारी दी कि सूत्रों से पता चला था कि परीक्षा में नकल माफिया और परीक्षा केंद्र संचालक मिलीभगत कर राजपुर क्षेत्र स्थित आईटी पार्क और डोईवाला स्थित परीक्षा केंद्र में अभ्यर्थियों को नकल करा रहे हैं. उन्होंने कहा,

“सर्वर रूम में रिमोट एक्सेस लेकर परीक्षा सिस्टम को हैक कर लिया गया था. सूचना मिलने पर पुलिस की दो टीमों ने छापा मारा. पुलिस को सर्वर रूम से अलग कमरे में चोरी से जोड़ी गई लीज लाइनें मिली. ये लाइन नकल माफिया ने सेंटर से मिलीभगत कर परीक्षा से पहले ही अभ्यर्थियों को नकल कराने के लिए जोड़ी थी.”

राजस्थान के बहरोड़ में भी नकल

CSIR परीक्षा में नकल होने की खबर राजस्थान के बहरोड़ से भी आई. पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है. दोनों बहरोड़ में कमरा किराए पर लेकर CSIR भर्ती परीक्षा का पेपर सॉल्व करवा रहे थे. साथ ही इस गैंग का पेपर लीक में भी हाथ रहा है. आरोप है कि ये लोग ऑनलाइन होने वाली भर्ती परीक्षाओं में अभ्यर्थी के आईडी-पासवर्ड लेकर ऑनलाइन स्क्रीन शेयर करते और पेपर सॉल्व करवाते थे. पूछताछ में दोनों आरोपियों ने बताया कि वो पहले भी कई परीक्षाओं में इस तरह से नकल करवा चुके हैं. ASP जगराम मीणा ने बताया,

“हमें सूचना मिली थी कि स्क्रीन शेयर कर के पेपर सॉल्व कराया जा रहा था. जिसके बाद पुलिस ने दबिश दी. दो लोगों को गिरफ्तार किया गया. उनकी पहचान अमित कुमार और रवि यादव के रूप में हुई है. दोनों दिल्ली में बैठे दो लोगों को परीक्षा सॉल्व करा रहे थे.”

ASP ने बताया कि सॉल्वरों का पूरा गिरोह है. 25 सवाल सॉल्व कराने के 20 हजार रुपए लिए जाते हैं. पुलिस सभी की तलाश कर रही है. मामले की जांच की जा रही है.

अभ्यर्थियों के अन्य आरोप

CSIR का ASO/SO पेपर देने गए अभ्यर्थियों ने ये भी दावा किया है कि कई उम्मीदवारों के परीक्षा में इतने ज्यादा नंबर आए हैं, जो सवाल खड़े करते हैं. ऐसे कई छात्रों ने SO के पद के लिए अप्लाई भी नहीं किया है. यानी छात्र ये सवाल उठा रहे है कि अगर कोई छात्र इतने ज्यादा नंबर लाने की क्षमता रखता है तो उसने ASO के लिए क्यों अप्लाई किया है.

अभ्यर्थियों का ये भी आरोप है कि परीक्षा में धांधली की लंबे समय से तैयारी चल रही थी. सॉल्वर गैंग गठजोड़ कर बाहरी राज्यों के अभ्यर्थियों से देहरादून के सेंटर को परीक्षा केंद्र के रूप में भरवाते थे. इसके बाद यहां सर्वर रूम से रिमोट एक्सेस लेते हुए परीक्षा के सिस्टम को हैक कर सॉल्व किया जाता था. वो इसके लिए अभ्यर्थियों से पैसे की डिमांड भी करते थे.

वीडियो: उत्तर प्रदेश में फिर पेपर लीक, 12वीं के मैथ्स और बायोलॉजी के पेपर की तस्वीरें वायरल

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