Jio और Google Gemini के 2TB मुफ़्त स्टोरेज वाले ऑफर को लेने से पहले ये जरूर जान लें
Jio अपने यूजर्स को 35,100 रुपये का Google Gemini Pro 18 महीने के लिए मुफ़्त (jio google gemini offer) दे रहा है. इसके साथ NotebookLM, Nano Banana जैसे तगड़े AI ऐप्स और 2TB का गूगल स्टोरेज भी मिलता है. लेकिन इस फ्री के चक्कर में एक दिन अचानक से आपका जीमेल धोखा दे सकता है. गले तक भरे हुए इनबॉक्स की वजह से शायद जिंदगी का सबसे जरूरी मेल आपको मिले ही नहीं.

आप अपनी जिंदगी के सबसे जरूरी मेल का इंतजार कर रहे और वो आपके Gmail में आया ही नहीं क्योंकि इनबॉक्स तो गले तक भर गया था. गूगल ने आपके अकाउंट को ब्लॉक कर दिया था. कहने को तो उसने आपको नोटिफिकेशन भेजा था मगर आप देखे नहीं. ऐसा आपके 15 जीबी वाले फ्री अकाउंट के साथ तो हो ही सकता है, Jio-Gemini का ऑफर भी इसकी वजह बन सकता है. इतना पढ़ते ही आपके शरीर में झुरझुरी छूट गई होगी, क्योंकि अगर ऐसा हुआ तो आपके कई सारे काम रुक जाएंगे. ऐसा नहीं हो, इसके लिए आपको गूगल के स्टोरेज को भरने से रोकना होगा. 15 जीबी फ्री वाला नहीं बल्कि 2TB वाला स्टोरेज जो Jio के ऑफर (jio google gemini offer) के साथ आता है. वही ऑफर जिसमें यूजर को Google Gemini Advanced (AI Premium) का 18 महीने का सब्सक्रिप्शन और 2TB तक का स्टोरेज मुफ़्त-मुफ़्त-मुफ़्त मिलता है. यही ऑफर आपके Gmail को गले तक भर देगा. बताते कैसे?
क्या है ऑफर?काफी समय से Jio अपने यूजर्स को 35,100 रुपये का Google Gemini Pro 18 महीने के लिए मुफ़्त दे रहा है. इसके साथ NotebookLM, Nano Banana जैसे तगड़े AI ऐप्स और 2TB का गूगल स्टोरेज भी मिलता है. अगर आप 18 से 25 साल के बीच में हैं तो ये ऑफर आपको मिल जाएगा बस आपको हर महीने 349 वाला रिचार्ज करना ही होगा.
बाहर-बाहर से देखने पर ये वाकई बढ़िया ऑफर लगता है, लेकिन इस फ्री के चक्कर में आपका जीमेल बंद हो सकता है. ऐसा इसलिए क्योंकि 18 महीने बाद या उसके पहले जैसे ही ये ऑफर खत्म होगा, गूगल आपको 2TB से सीधे 15 जीबी फ्री वाले प्लान में लाकर पटक देगा. अब जो 18 महीने बाद अगर आपको इसे चालू रखना है तो आपको हर महीने 2 हजार रुपये चुकाने होंगे, भले आपका स्टोरेज 20 जीबी भरा हो या 200 जीबी. बीच के किसी स्टोरेज वाले प्लान में जाने का कोई जुगाड़ नहीं. यानी की 19वें महीने में तो आपको 2000 लगेंगे ही. ऐसा नहीं किया तो आपका जीमेल का इनबॉक्स फुल होगा, फोटो ऐप और गूगल ड्राइव भी गले तक भर चुका होगा. इनबॉक्स के ऊपर स्टोरेज भरने वाला लाल निशान भी आ सकता है. माने नए मेल आने का रास्ता ब्लॉक.

अब आपके मन में ख्याल होगा कि कोई बात नहीं, हम 18वें महीने में ही स्टोरेज खाली करके फ्री वाले 15 जीबी पर आ जाएंगे. दोस्त यही सबसे बड़ा दर्द है. 15 जीबी ही खाली करना मुश्किल है. एक-एक वीडियो और फोटो देखकर डिलीट मारने के लिए कुछ घंटे तो चाहिए. जो आप कभी 100 जीबी या 200 जीबी डेटा में से कुछ डिलीट करने बैठे तो फिर घंटों नहीं, कई दिन चाहिए. ऐसा नहीं है कि गूगल डिलीट करने के ऑप्शन नहीं देता. देता है, जैसे बड़ी फाइल अलग कर देगा या फ़ोल्डर. मगर इसमें भी आपको एक नजर मारनी तो पड़ेगी. मेल खाली करना तो रिस्क भी है क्योंकि अगर गलती से कोई जरूरी मेल डिलीट हो गया तो एक और मुसीबत.
आप कहोगे कि हम google takeout प्रोसेस से फोटो निकाल लेंगे. जनाब इस सर्विस के भी अपने टंटे हैं. पहली बात तो ये कि अगर आपका डेटा 100-200-500 जीबी हो गया तो उसको रखोगे कहां, क्योंकि हर किसी के पास लैपटॉप या हार्ड ड्राइव होती नहीं. अगर बाजार से स्टोरेज ड्राइव खरीदने गए तो जीतने के ढोल नहीं, उतने के मजीरे फूट जाएंगे. SSD आजकल हजारों में मिल रही है. दूसरा, गूगल टेकआउट आपको फोटो छांटने का कोई बढ़िया विकल्प देता नहीं. मतलब फोटो साइज से देखना होगा नहीं. फोटो का metadata भी सही नहीं होता. माने फोटो से जुड़ी जरूरी जानकारी जैसे तारीख, लोकेशन आदि.

अगर आपको ये लगता है कि 18 महीने बाद का अभी से क्यों सोचना तो जनाब जरा एयरटेल और Perplexity वाला ऑफर याद कर लीजिए. कंपनी ने अधबीचे ही बंद कर दिया. अगर ऐसा हुआ तो... चलो मान लिया कि Jio और बाबा गूगल ऐसा नहीं करेंगे तो फिर डेढ़ साल बाद मुसीबत सामने होगी. बेहतर यही होगा कि इस ऑफर का इस्तेमाल AI सर्विस के लिए कीजिए. वाकई कई शानदार ऐप्स फ्री मिल रहे. स्टोरेज को छोड़ दीजिए.
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