The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • Technology
  • 5 tips to avoid financial scams: account statements, personal info, multi factor authentication

आसान से 5 रिवीजन आपके पैसे को लुटने नहीं देंगे, साइबर ठग जल-भुन जाएंगे!

वित्तीय फ्रॉड एक कड़वी सच्चाई है, लेकिन कुछ बातें अपनाकर इससे बचा जा सकता है.

Advertisement
pic
9 अगस्त 2023 (अपडेटेड: 9 अगस्त 2023, 03:51 PM IST)
5 tips to avoid financial scams: account statements, personal info, multi factor authentication
वित्तीय फ्रॉड से बचने का जुगाड़. (तस्वीर: पिक्सेल)
Quick AI Highlights
Click here to view more

परीक्षा पेपर खत्म होने पर रिवीजन करते हैं. घर में महीने के आखिर में भी खर्चे का रिवीजन करते हैं. दिनभर के कामकाज का रिवीजन भी हम आमतौर पर करते ही हैं. अच्छी आदत है, बनाए रखिए. लेकिन एक जगह है जहां हम रिवीजन करना भूल जाते हैं. हमारी फाइनेंशियल हिस्ट्री. बोले तो खर्च का हिसाब-किताब तो रखते हैं, लेकिन खर्चे के सोर्स का ख्याल रखना भूल जाते हैं. यही भूल आगे चलकर फाइनेंशियल फ्रॉड या स्कैम का कारण बन जाती है. आज कुछ ऐसी ही आदतों का रिवीजन करेंगे जो वित्तीय फ्रॉड से बचाने में मदद करेंगी.

स्टेटमेंट को गौर से चेक करना

एक जमाना था जब बैंक जाकर पासबुक प्रिन्ट करवाते थे. इसी बहाने स्टेटमेंट को गौर से देखना भी हो जाता था. आज डिजिटल का दौर है तो सब इनबॉक्स में पड़ा रहता है. ऊपर से दिनभर होने वाले UPI लेनदेन. इनकी एंट्री इतनी ज्यादा होती है कि स्टेटमेंट में तरीके से नजर नहीं जाती. ये गलती भारी पड़ सकती है. हो सकता है कोई लेनदेन आपकी मर्जी के बिना हुआ हो. इसलिए महीने में या कम से कम तीन महीने में बैंक स्टेटमेंट को बारीकी से चेक करें.

पर्सनल कॉल को टाटा

वैसे तो किसी भी चीज में पर्सनल टच अच्छा माना जाता है, लेकिन वित्तीय लेनदेन में इससे दूरी भली. कहने का मतलब बैंक या वित्तीय संस्थान के नाम पर अगर कोई अपने निजी नंबर से कॉल करे या ईमेल करे तो गलती से भी भरोसा नहीं करें. ऑफिशियल काम है तो नंबर और ईमेल भी आधिकारिक होने चाहिए. कोई कितना भी अपना बनकर आपसे संपर्क करने की कोशिश करे, उसकी एक न सुने. ज्यादा दिक्कत लगे तो अपनी ब्रांच में विजिट करें.

दुर्घटना से देरी भली

पुराना और कारगर फार्मूला है जो आज भी काम आता है. साइबर ठग कई बार ऐसा माहौल बनाते हैं कि अभी पेमेंट नहीं किया तो बड़ा नुकसान हो जाएगा. दूसरे तरीके भी हैं, जैसे किसी अपने के साथ कुछ गलत हो गया है और पैसे की जरूरत है. धैर्य बनाए रखें. अच्छे से जांच-पड़ताल करके ही कोई लेनदेन करें.

राज को राज रहने दो

राज से मतलब आपकी निजी जानकारी से है. फोन के पासवर्ड से लेकर ईमेल अकाउंट की डिटेल, UPI पिन, आधार नंबर, किसी से भी शेयर नहीं करें. ऐसी किसी भी जानकारी को शेयर करते समय ध्यान रखें कि सिर्फ जरूरी डिटेल्स ही नजर आएं. मसलन, मास्क आधार का प्रयोग करें. फोन या ईमेल पर अपनी निजी जानकारी बहुत जरूरी होने पर ही साझा करें, वो भी भरोसे के आदमी के साथ.

2FA से अच्छा MFA

स्ट्रॉन्ग पासवर्ड और टू फ़ैक्टर ऑथेन्टिकेशन बहुत बेसिक हो गया है. माने अगर आप ऐसा नहीं करते हैं तो खतरा ऑलरेडी आपके दरवाजे पर बैठा हुआ है. इसके साथ अगर हो सके तो मल्टी फ़ैक्टर ऑथेन्टिकेशन फीचर का इस्तेमाल करें. ओटीपी के साथ डिवाइस पॉपअप लॉगिन फीचर का भरपल्ले इस्तेमाल करें.

ऊपर बताई पांचों बातें तीन महीने में रिवीजन करते रहें. वित्तीय फर्जीवाड़े से बचने में मदद मिलेगी.

वीडियो: गूगल पिक्सल खरीदने जा रहे हैं? ये ज़रूरी बातें जान लीजिए वरना बहुत पछताना पड़ेगा

Advertisement

Advertisement

()