The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • Politics
  • kolkata Police arrived at tmc Abhishek Banerjee's house monitor and hard disk.

अभिषेक बनर्जी के घर सादे कपड़ों में पहुंची पुलिस, मॉनिटर और हार्ड डिस्क क्यों ले गई?

Kolakat Police एक बड़ा CCTV मॉनिटर और हार्ड डिस्क लेकर Abhishek Banerjee के आवास से बाहर निकली. इस दौरान पुलिसवालों ने पत्रकारों के किसी भी सवाल का जवाब देने से साफ इनकार कर दिया.

Advertisement
pic
26 मई 2026 (पब्लिश्ड: 01:46 PM IST)
kolkata Police arrived at tmc Abhishek Banerjee's house
तृणमूल कांग्रेस (TMC) के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी. (फाइल फोटो: आजतक)
Quick AI Highlights
Click here to view more

कोलकाता पुलिस ने 25 मई को सादे कपड़ों में ‘शांतिनिकेतन’ के दरवाजे पर दस्तक दी. यह तृणमूल कांग्रेस (TMC) के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी का घर है. भारी गहमागहमी के बाद पुलिस एक बड़ा CCTV मॉनिटर और हार्ड डिस्क लेकर बाहर निकली. इस दौरान पुलिसवालों ने पत्रकारों के किसी भी सवाल का जवाब देने से साफ इनकार कर दिया. बंगाल की सियासत में इसे लेकर खासा हंगामा मच गया है. 

शुभेंदु सरकार ने हटाई ‘Z+’ सिक्योरिटी

4 मई को आए नतीजों के बाद टीएमसी सांसद अभिषेक के आवास की सुरक्षा में बड़ी कटौती की गई है. मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की अगुवाई वाली नई सरकार ने अभिषेक बनर्जी की ‘Z-प्लस’ सिक्योरिटी को हटा दिया है. टीएमसी का आरोप है कि यह कार्रवाई बदले की भावना की वजह से की गई है. अब दिन में यहां सिर्फ कुछ ही पुलिसवाले पहरा देते हैं और रात में एक हथियारबंद मोबाइल यूनिट उनकी मदद के लिए मौजूद होती है. 'Z-प्लस' सिक्टोरिटी हटने से पहले कोलकाता पुलिस की कई यूनिट्स अभिषेक बनर्जी के घर की सुरक्षा करती थीं. साथ ही यहां एक बख्तरबंद गाड़ी भी तैनात रहती थी. 

सादे कपड़ों में पहुंची पुलिस

सोमवार, 25 मई को अभिषेक के घर पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था. इस बीच सादे कपड़ों में पुलिसवाले शांतिनिकेतन पहुंचे. एक मॉनिटर और हार्ड डिस्क लेकर बाहर निकले. इस दौरान घर के बाहर भारी संख्या में मीडिया का जमावड़ा भी लग गया था. हालांकि, जांच के लिए आई टीम ने मीडिया से कोई बातचीत नहीं की. 

पुलिस ने क्या बताया?

न्यूज एजेंसी PTI ने कोलकाता पुलिस के एक सीनियर अधिकारी के हवाले से लिखा कि इस घटना को ज्यादा तूल नहीं देना चाहिए. अधिकारी ने कहा, 

“यहां कानून-व्यवस्था से जुड़ी कोई समस्या नहीं है. न ही कोई स्पेशल ऑपरेशन चलाया जा रहा है. यह एक सामान्य सरकारी प्रक्रिया का ही हिस्सा था.”

पुलिस अधिकारियों ने साफ किया कि चूंकि अभिषेक बनर्जी की 'Z-प्लस' सुरक्षा अब खत्म हो चुकी है, इसलिए वहां लगे हाई-टेक सुरक्षा उपकरण (जो सरकारी संपत्ति थे) वापस मंगाए गए हैं. अधिकारियों ने बताया कि टीम ने सिक्योरिटी स्कैनर से जुड़ा एक टीवी मॉनिटर हटा दिया, जो पहले तृणमूल नेता के घर के एंट्रेंस पर लगा हुआ था. एजेंसी की रिपोर्ट में एक दूसरे सीनियर पुलिस अधिकारी के हवाले से कहा गया है,

“यह उपकरण सुरक्षा के लिहाज से वहां लगाया गया था. बाद में यह फैसला किया गया कि इन मशीनों को वापस ले लिया जाए, क्योंकि ये सरकारी संपत्ति हैं.”

कोलकाता पुलिस के सूत्रों ने बताया कि पुलिस ने अतिरिक्त कैमरों को हटा दिया और वहां से ले गई, जबकि मॉनिटर घर के अंदर ही रह गया था.

ये भी पढ़ें: 'देखूंगा दिल्ली से कौन बचाने आएगा?', अभिषेक बनर्जी के बयान पर केस दर्ज

TMC ने BJP पर साधा निशाना

राज्यसभा के पूर्व सांसद और तृणमूल कांग्रेस के प्रवक्ता साकेत गोखले ने आरोप लगाया कि यह कार्रवाई बदले की भावना से की गई है. उन्होंने X पर लिखा,

“बीजेपी के इशारे पर घटिया सनसनी फैलाने का एक और उदाहरण. अभिषेक बनर्जी को Z कैटेगरी की सुरक्षा मिली हुई थी. बदले की भावना से उनकी सुरक्षा अचानक हटा ली गई. पुलिस उनके घर पर सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत लगाए गए मेटल डिटेक्टर हटाने आई थी. कुछ मेटल डिटेक्टर हटाने के लिए कितने पुलिसवालों की जरूरत होती है? असल काम तो पांच पुलिसवाले करते हैं, जबकि 50 पुलिसवाले वहां खड़े होकर एक ऐसी अवैध सरकार के आदेश पर तमाशा खड़ा करते हैं, जिसने जनादेश चुराया है.”

पश्चिम बंगाल बीजेपी ने इस मुद्दे पर कोई टिप्पणी नहीं की है.

वीडियो: कोलकाता में अभिषेक बनर्जी के घर क्यों पहुंची पुलिस?

Advertisement

Advertisement

()