'सबका साथ, सबका विकास, अब होगा सबका हिसाब', दिलीप घोष ने बंगाल में BJP का एजेंडा बता दिया
Dilip Ghosh (दिलीप घोष) बंगाल में BJP के बड़े नेता हैं. वो बोले हैं- 'हम सभी को समान अवसर देंगे. सबका साथ, सबका विकास का रास्ता अपनाया जाएगा. लेकिन नई बात होगी 'सबका हिसाब' जिसमें कानून अपना काम करेगा.'

अब जब बंगाल में BJP अपनी पहली सरकार बनाने के लिए पूरी तरह तैयार है, तब दिलीप घोष ने 'द इंडियन एक्सप्रेस' को दिए एक इंटरव्यू में कई मुद्दों पर बात की है. उन्होंने नई सरकार के एजेंडे से लेकर TMC प्रमुख ममता बनर्जी के रुख पर अपनी बात रखी है. उनसे पूछा गया कि सरकार बनने के बाद उनका सबसे पहला एजेंडा क्या होगा, क्योंकि ये ऐसा समय है जब बंगाल आर्थिक संकट से भी जूझ रहा है. इसके जवाब में दिलीप घोष ने बिहार का उदाहरण दिया. उन्होंने कहा कि बिहार में भी स्थिति खराब थी लेकिन अब इसमें सुधार हो रहा है. घोष ने कहा कि हम मानते हैं कि नरेंद्र मोदी हैं तो सब कुछ संभव है. उनके मुताबिक पश्चिम बंगाल में क्षमता है और इसके लोगों के पास क्षमता है.
'अब बंगाल बदल जाएगा'दिलीप घोष ने राज्य से होने वाले पलायन का जिक्र करते हुए द इंडियन एक्सप्रेस को कहा कि 50 लाख से अधिक युवाओं ने नौकरी की तलाश में बंगाल छोड़ दिया है. वे घर लौटना चाहते हैं और यहां काम करना चाहते हैं. हम उन्हें वह मौका देंगे. उन्होंने ममता सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि टीएमसी के शासन के दौरान कोई प्रशासन नहीं था, कोई कानून और व्यवस्था नहीं थी, कोई उद्योग नहीं था. दिलीप घोष ने आरोप लगाया कि शिक्षा विभाग खराब स्थिति में है, स्वास्थ्य विभाग खराब स्थिति में है. उन्होंने कहा कि लोग इस राज्य को छोड़ रहे हैं, इसलिए अगर इसे रोक दिया गया, तो इसके लोग राज्य का विकास करेंगे. बंगाल में पहाड़ों से लेकर समुद्र तक, बंदरगाहों, रेलवे और हवाई अड्डों, संसाधनों तक सब कुछ है. बंगाल के पास क्या नहीं है? बस जरूरत है अच्छे से काम करने की.
2026 के परिणामों पर क्या बोले दिलीप घोष?दिलीप घोष ने कहा कि यह जनता का जनादेश है. पिछली बार भी 2021 में लोग हमें सत्ता में लाना चाहते थे. लेकिन शायद सोचा कि हम इसे संभाल सकते हैं या नहीं. इसके बाद लोगों ने हमें विपक्ष में रहने का अवसर दिया और हमने अपनी भूमिका निभाई. लेकिन फिर लोगों ने देखा कि बंगाल देश की तुलना में विपरीत दिशा की ओर जा रहा है, उन्होंने सोचा कि इसे वापस लाने की जरूरत है और इसलिए लोगों ने भाजपा को राज्य में एक मौका दिया.
TMC के खिलाफ हिंसा पर क्या बोले दिलीप घोष?दिलीप घोष ने कहा कि 2021 में विधानसभा चुनाव के परिणामों की घोषणा के बाद कितने भाजपा कार्यकर्ताओं की हत्या कर दी गई, किसी को यह नहीं भूलना चाहिए. भाजपा हिंसा में विश्वास नहीं करती. पिछली बार टीएमसी ने हमारे दर्जनों पार्टी कार्यालयों पर कब्जा कर लिया था, उनके रंग बदल दिए थे, और वहां अपने झंडे लगाए थे. कुछ पार्टी कार्यालयों को वापस ले लिया गया है, लोग जानते हैं कि वे भाजपा के कार्यालय थे जहां हमारी पार्टी के झंडे लगाए जा रहे हैं, इसलिए डरने की कोई बात नहीं है. डायमंड हार्बर में उन्होंने जेसीबी का इस्तेमाल करके हमारे पार्टी के 12 कार्यालयों को ध्वस्त कर दिया था.
'सबका हिसाब होगा'दिलीप घोष ने कहा कि पूरे देश में, कई राज्यों में BJP सत्ता में है और लोग अपने जनादेश के जरिए पीएम मोदी को केंद्र की सत्ता में लाए हैं. हर कोई जानता है कि BJP क्या है, सभी को निश्चिंत रहना चाहिए. हम सभी को समान अवसर देंगे. घोष ने ये भी कहा कि ‘सबका साथ, सबका विकास’ का रास्ता अपनाया जाएगा. लेकिन नई बात होगी 'सबका हिसाब' जिसमें कानून अपना काम करेगा.
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