एक चुटकी सिंदूर... इसकी कीमत क्या है, ये बताते ढेरों फिल्में और ड्रामा सीरियल्सआपको मिल जाएंगे. इन फिल्मों और शोज़ के मुताबिक, ये सिंदूर इतना कीमती है कि किसीके हाथ से गलती से भी अगर सिंदूर किसी के सिर पर गिर जाए तो उनकी शादी हो जाती है.ये मान लिया जाता है कि ये पवित्र रिश्ता तो ऊपर वाले ने जोड़ा है. ऐसा ही सिंदूरवाला एक सीन इन दिनों बम बम वायरल हो रहा है.बीती दिनों Colors TV ने ट्विटर और इंस्टाग्राम पर एक वीडियो पोस्ट किया है. येडेली सोप 'थपकी प्यार की' का एक सीन है. इसमें लीड मेल कैरेक्टर पूरब के हाथों सेथपकी की मांग में सिंदूर लग जाता है. हीरो के फिसलने, सिंदूर उसके हाथ में लगने औरफिर उसके हाथ से थपकी की मांग में सिंदूर लग जाने का साइंस और लॉजिक देखकर जनतालोट-पोट हुई जा रही है. पहले आप वीडियो देखिए,Purab aur Thapki ke naye rishtey ki ho gayi hai shuruaat, par kya hoga jab VeenaDevi ke saamne aa jaayega Thapki ka sach? Jaanne ke liye dekhiye #ThapkiPyarKi, Mon-Sat shaam 6 baje sirf #Colorspar. Anytime on @justvoot.#JigyasaSingh@aakashahuja3pic.twitter.com/Bo0XFVi5sR— ColorsTV (@ColorsTV) October 29, 2021क्या है पब्लिक का रिएक्शन किसी ने इसे 'फिज़िक्स का कत्ल' कहा तो किसी ने कहा कि'ये देखने से पहले मेरी आंखें खराब क्यों नहीं हो गई', एक यूजर ने तो यहां तक लिखदिया कि 'रजनीकांत अभी अस्पताल में हैं ये देखने के बाद' कुछ कमेंट्स का लुफ़्त आपभी उठाइए. pic.twitter.com/wlvRZf8xGq— Aparna (@AppeFizzz) October 29, 2021एक यूज़र ने मराठी सीरियल का ऐसा ही एक वीडियो रीट्वीट किया है, जिसमें लड़का ट्रेडमील से फिसलने के कारण लड़की की मांग भर देता है.Another masterpiece. Indian daily soaps are arguably the worst.pic.twitter.com/pITg5dcUfm— Vandz (@Vandz_JustVandz) October 29, 2021एक यूज़र ने लिखा, "न्यूटन ने अपनी कब्र से फोन किया था. ये जानने में उनकी बड़ीदिलचस्पी है कि उनके थ्योरी ऑफ मोशन में ये एक्सेप्शन कैसे हो गया." Screenshot(172)एक यूज़र ने लिखा,"डियर फ्यूचर हसबेंड, अगर तुम इस तरह से गिरते हुए सिंदूर नहीं लगा सकते तो हमारीशादी कैंसिल." एक यूज़र ने लिखा,"हर रोज़ राइटर्स इकट्ठे बैठकर लड़की की मांग में सिंदूर भरने के नए तरीके खोजतेहैं."ये ऐसा इकलौता शो नहीं है जिसमें इस तरह से मांग भरते दिखाया गया हो. सोनी के शो'पहरेदार पिया की' में तो इससे ज्यादा अतरंगी तरीके से लड़की की मांग में सिंदूरगिराया गया है.सीन में होता ये है कि लड़की ड्रेसिंग टेबल के सामने तैयार हो रही है, लड़का भी वहींखड़ा है और टेबल से कंघी उठाते वक्त सिंदूर उसकी आस्तीन में लग जाता है. बाल बनातेहुए सिंदूर सामने बैठी लड़की की मांग में गिर जाता है . 'आस्तीन का सांप' तो सुना थापर 'आस्तीन का सिंदूर' ? सीरियल बनाने वालों ऑडियंस पर कुछ तो रहम करो .फिल्में भी कुछ कम नहीं अगर आप समझ रहे हैं कि ये सब सिर्फ 'सास - बहू' ड्रामा वाले सीरियल्स में होता हैतो ऐसा नहीं है . ऐसे बहुतेरे सीन्स आपको बड़ी-बड़ी बॉलीवुड फिल्मों में भी दिखजाएंगे. 2002 में आई करीना कपूर, रानी मुखर्जी और हृतिक रोशन की 'मुझसे दोस्तीकरोगे' याद है? फिल्म के क्लाइमैक्स में अचानक हवा चलती है , थाली में रखे दीये सेहृतिक की उंगलियां जलती हैं और झटके से हाथ हटाते वक्त थाली में रखा सिंदूर स्लोमोशन में रानी मुखर्जी की मांग में गिर जाता है . अमूमन ऐसे सीन्स में इसे भगवानकी मर्ज़ी मानकर लोग लड़का - लड़की की शादी स्वीकार कर लेते हैं . जैसे सिंदूर नहींपत्थर की लकीर है जो एक बार खींच गई तो उसे मिटाया नहीं जा सकता .फिल्म 'मुझसे दोस्ती करोगी' का सीनआखिर क्यों लिखे जाते हैं ऐसे सीन्सऐसे सीन्स को लिखने वाले क्रिएटिव राइटर्स ऑडियंस के सामने प्यार और शादी का एकबेतुका और घीसा - पिटा एंगल परोसते हैं जहां प्यार का मतलब शादी और शादी कीगैरन्टी सिंदूर होता है . जैसे प्रॉपर्टी के कागज़ात पर दस्तखत करते ही प्रॉपर्टीआपकी हो जाती है वैसे ही लड़की के मांग में सिंदूर लग जाने से वो लड़के की हो जाती है. संविधान के मैरिज एक्ट बनाने वाले भी ऐसे सीन्स को देखकर कहते होंगे " मैं क्याकरूं, जॉब छोड़ दूं फिर?" सिर्फ मांग भर जाने से शादी या प्यार ग्रांटेड हो जाते हैं क्या? 'खून भरी मांग' ,'सिंदूर' , 'मांग भरो सजना' जैसी फिल्में मार्केट में सिंदूर की कीमत बढ़ाए या नबढ़ाए हमारे मॉरल वैल्यूस में सिंदूर की कीमत इतनी बढ़ा देती हैं कि हम इसके बिनालड़का - लड़की के संबंध का कोई दूसरा रीअलिस्टिक एंगल इमैजिन ही नहीं कर पाते.