The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • Oddnaari
  • NCRB Reports Delhi to be most unsafe for women; 32.2% of all cases from metropolitan

महिलाओं के लिए सबसे असुरक्षित शहर दिल्ली है, NCRB के डेटा में पता चला

दिल्ली में 2021 में महिलाओं के खिलाफ अपराध के 13 हज़ार 892 मामले दर्ज हुए.

Advertisement
pic
30 अगस्त 2022 (अपडेटेड: 30 अगस्त 2022, 05:48 PM IST)
delhi crime
2021 में दिल्ली में हर दिन औसतन दो नाबालिग लड़कियों का बलात्कार किया गया है.
Quick AI Highlights
Click here to view more

NCRB की नई रिपोर्ट जारी हो गई है और रिपोर्ट के अनुसार, दिल्ली महिलाओं के लिए देश की सबसे असुरक्षित मेट्रो-सिटी है. दिल्ली में पिछले साल हर दिन दो नाबालिग लड़कियों के रेप के मामले दर्ज हुए. 2021 में दिल्ली में महिलाओं के ख़िलाफ़ अपराध के 13 हज़ार 892 मामले दर्ज किए दे. 2020 में ये संख्या 9,782 थी. मतलब महिलाओं के खिलाफ अपराध के मामलों  में 49 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है.

NCRB के मुताबिक़, कुल 19 महानगरों में रिपोर्ट किए गए अपराधों में 32.2 प्रतिशत मामले दिल्ली से आए. दिल्ली के बाद मुंबई और बेंगलुरु Crime Against Women में दूसरे और तीसरे नंबर पर हैं. क्रमशः 12.7 प्रतिशत और 7.2 प्रतिशत.

किस तरह के मामले रिपोर्ट हुए हैं?

# अपहरण के 3,948 मामले 
# पतियों द्वारा क्रूरता के 4,674 मामले
# नाबालिग लड़कियों के रेप के 833 मामले
# महिला की गरिमा के अपमान से जुड़े 2022 मामले

आंकड़ों से पता चलता है कि साल 2021 में दिल्ली में औसतन हर दिन दो नाबालिग लड़कियों का रेप किया गया. राजधानी में 2021 में दहेज हत्या के 136 मामले दर्ज किए गए हैं, जो 19 महानगरों में होने वाली कुल मौतों का 36.2 प्रतिशत है. सभी महानगरों में कुल 8,664 मामलों रिपोर्ट किए गए हैं, जिसमें से दिल्ली से 3,948 मामले आए हैं.

इसके अलावा दिल्ली में पिछले साल महिलाओं का गरिमा के अपमान के 2,022 हमले दर्ज किए गए. NCRB की रिपोर्ट में ये बात भी है कि 2021 में यौन अपराधों से बच्चों के संरक्षण अधिनियम (POCSO Act) के तहत 1,357 मामले दर्ज किए गए थे. एक ज़रूरी आंकड़ा और. 2021 में बच्चों के ख़िलाफ़ अपराध के एक लाख 49 हज़ार 404 मामले दर्ज हुए हैं. इसमें से 53 हज़ार 874 मामले यानी 36.05 प्रतिशत मामले यौन अपराध से जुड़े हैं.

बच्चों के साथ यौन अपराध से जुड़े सबसे ज़्यादा केसेज़ सिक्किम से हैं. क़रीब 48 प्रतिशत. इसके बाद लिस्ट में केरल (28.1 प्रतिशत), मेघालय (27.8 प्रतिशत), हरियाणा (24.7 प्रतिशत) और मिजोरम (24.6 प्रतिशत) हैं.

घरेलू हिंसा और प्रजनन दर पर NFHS-5 सर्वे में बड़ा खुलासा हो गया!

Advertisement

Advertisement

()