The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • Oddnaari
  • Mahant raped the girl by calling her on the pretext of extortion

अयोध्या के महंत पर झाड़-फूंक के बहाने मंदिर बुलाकर रेप का आरोप

परिवार वाले लड़की को महंत के पास लेकर गए थे.

Advertisement
pic
9 जुलाई 2022 (अपडेटेड: 9 जुलाई 2022, 06:21 PM IST)
Hanuman Das
बांई फोटो-मंहत हनुमान दास, दांई फोटो- सांकेतिक (आजतक)
Quick AI Highlights
Click here to view more

अयोध्या के एक महंत पर एक दलित लड़की से रेप का आरोप है. आरोप है कि महंत ने झाड़-फूंक के बहाने 20 साल की पीड़िता को मंदिर में बुलाया और उसके घरवालों को बाहर भेजकर, उसका रेप किया. आरोपी का नाम हनुमानदास है और वो नयाघाट के सियावल्लभ कुंज का महंत है. आरोपी शादीशुदा है और उसके तीन बच्चे हैं. घटना 6 जुलाई की है और 7 जुलाई को सामने आई है. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. आरोप है कि रेप की इस घटना में एक दूसरा महंत भी शामिल था.

दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के मुताबिक पीड़िता अयोध्या के तारुन थाना क्षेत्र की रहने वाली है. पीड़ित लड़की के माता-पिता ने पुलिस को बताया, 

"बेटी दिल्ली के एक लड़के से प्यार करती थी. और हमे ये बात पसंद नहीं थी. हम चाहते थे कि बेटी हमारी पसंद से ही कहीं शादी करे. इसलिए 6 जुलाई को हम महंत हनुमान दास के पास झाड़-फूंक करवाने लेकर गए. जिससे वो उस लड़के से दूर हो जाए. बेटी जब महंत के पास पहुंची तो महंत ने पहले उससे सब कुछ पूछा. और झाड़-फूंक से प्यार का भूत उतारने की बात कही. और बेटी को अपने कमरे में ही रोक लिया. हमें राम की पैड़ी नहर में पैर लटकाकर बैठने और इंतजार करने को कहा."

20 साल से मंदिर में झाड़-फूंक का काम

नयाघाट के मंदिर में झाड़-फूंक का काम पिछले 20 साल से चल रहा है. इस मंदिर में यूपी के साथ-साथ दूसरे राज्यों के लोग भी बड़ी संख्या में आते हैं. मेलों के समय इस मंदिर में एक दिन में  दो से पांच हजार भक्त आते हैं. मंहत हनुमान दास का परिवार भी मंदिर में ही रहता है. घटना के समय मंहत का परिवार मंदिर के दूसरे हिस्से में था.

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, मंहत के ऊपर मंदिर के स्वामित्व को लेकर पहले से कोर्ट में विवाद चल रहा है. अयोध्या मंदिर के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास ने नयाघाट के मंदिर को अपना बताया है और इसे लेकर उन्होंने मुकदमा भी दायर किया हुआ है. मुख्य पुजारी के शिष्य और रामलला के पुजारी प्रदीप दास ने बताया,

 "सियावल्लभ कुंज के महंत अयोध्या दास ने आचार्य सत्येंद्र दास को 1989 में रजिस्टर्ड वसीयतनामा लिखा था. यह मंदिर भगवान की संपत्ति है. निजी वसीयत के बल पर हनुमान दास ने खुद को इसका महंत घोषित किया हुआ है.’’

रेप का मामला सामने आने के बाद SSP प्रशांत वर्मा ने अयोध्या के सर्कल ऑफिसर डॉक्टर राजेश तिवारी को जांच सौंप दी थी.  डॉक्टर राजेश तिवारी ने  IPC की धारा 376 (रेप) और संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर महंत को गिरफ्तार कर लिया है.

वीडियो इस्लाम की आड़ में रेप विक्टिम को बालिग नहीं बता सकते

Advertisement

Advertisement

()