घर में आ रहे खराब पानी को नहीं रोक सकते, लेकिन उससे बालों को जरूर बचा सकते हैं
खराब पानी से आपके बालों पर कितना खराब असर पड़ता है?

किसी ने नौकरी के सिलसिले में शहर बदला. पर वहां का पानी उन्हें सूट नहीं कर रहा. अचानक से हेयरलॉस बढ़ गया है. किसी को पढ़ाई के लिए हॉस्टल में रहना पड़ रहा है. वहां का पानी ठीक नहीं है. उस पानी से शैम्पू करने पर बाल एकदम कमज़ोर हो गए हैं. बहुत रूखे हो गए हैं. कहीं का पानी सूट नहीं कर रहा और बाल ख़राब हो रहे हैं, ये दिक्कत बहुत आम है. आज डॉक्टर्स से जानते हैं ख़राब पानी आने से रोक नहीं सकते तो अपने बालों का ख्याल कैसे रखें. पर उससे पहले ये जान लीजिए, आपको नलों में क्या चीज़ ज़रूर चेक करनी चाहिए.
क्या होता है हार्ड वॉटर?ये हमें बताया डॉक्टर मोनिका चाहर ने.

क्या पानी से हेयरफॉल पर असर पड़ता है?
पानी की एक क्वालिटी होती है जिसे हार्डनेस ऑफ़ वॉटर कहते हैं. पानी को चार कैटेगरी में बांटा जाता है. सॉफ्ट वॉटर, मॉडरेटली सॉफ्ट वॉटर, हार्ड वॉटर और वेरी हार्ड वॉटर. हार्ड वॉटर मतलब पानी में कुछ मिनरल्स जैसे कैल्शियम कार्बोनेट, मैग्नेशियम सल्फ़ेट, आयरन वगैरह, इनकी मात्रा ज़्यादा होती है. ये लिमिट आमतौर पर 180 या 200 मिलीग्राम पर लीटर के हिसाब से होती है. कई बार इसे PPM में नापा जाता है. जिसमें 200 PPM से ज़्यादा इनकी मात्रा हो तो उसको हार्ड वॉटर कहा जाता है. ये हार्ड वॉटर बालों को कमज़ोर करता है. बालों की ताकत कम करता है. बालों की ब्रेकेज बढ़ा सकता है. कई केमिकल हो सकते हैं जैसे कैडमियम क्लोराइड जो बालों को दोबारा उगने से भी रोकते हैं. इसलिए पानी में हार्डनेस ऑफ़ वॉटर ज़रूर चेक करनी चाहिए.
इसकी वजह से हेयर लॉस बढ़ सकता है. हार्ड वॉटर हेयरकेयर प्रोडक्ट्स की ताकत को भी कम करता है. अगर बाल कलर करवाते हैं और अच्छे हेयरकेयर प्रोडक्ट्स इस्तेमाल करने पर भी असर नहीं दिखता, तो इसकी एक वजह हार्डनेस ऑफ़ वॉटर भी हो सकती है.
कैसे पता लगेगा घर में हार्ड वॉटर आ रहा है?
हार्ड वॉटर में ज़्यादा झाग नहीं बनेगा. साबुन लगाते समय कम झाग बनता है. नलों पर सफ़ेद जमावट दिखेगी. इसका मतलब है आपके घर में हार्ड वॉटर आ रहा है. जहां ग्राउंड वॉटर की सप्लाई है वहां हार्ड वॉटर ज़्यादा आता है.

शावर फ़िल्टर ले लें. ये वॉटर सॉफ्टनिंग सिस्टम है. इसको नलों, शावर हेड पर लगा सकते हैं. ये आराम से निकाले भी जा सकते हैं. साफ़ भी किए जा सकते हैं. इसके ज़रिए जो पानी आएगा वो सॉफ्ट आएगा. इसके साइड इफ़ेक्ट नहीं होंगे. बालों में डीप कंडीशनर इस्तेमाल करें. ये कंडीशनर या मास्क शैम्पू करने से पहले भी लगाने हैं. बाद में भी लगाना है.
इसका एक दूसरा विकल्प है कोकोनट ऑइल. शैम्पू करने से आधा घंटा पहले कोकोनट ऑइल बालों की लंबाई पर लगाएं. इससे हार्ड वॉटर से बचा जा सकता है. मार्किट में कुछ चिलेटिंग शैम्पू आते हैं जिसके अंदर कुछ आयन, मेटल होते हैं. जो हार्ड वॉटर के मिनरल्स को बांध लेते हैं. हार्ड वॉटर को बालों पर ख़राब असर करने से रोक सकते हैं.
कई घरेलू नुस्खें भी हैं. नींबू का इस्तेमाल करना. एप्पल साइडर विनेगर का इस्तेमाल करना. इससे हार्ड वॉटर के साइड इफ़ेक्ट से बचाव हो सकता है. इसके बावजूद भी हेयर लॉस रहता है तो डॉक्टर से संपर्क करें.
घर पर हार्ड वॉटर आता है, तो बालों को कैसे बचाएं ये तो पता चल गया. इन टिप्स को ट्राई करिए असर ज़रूर देखने को मिलेगा.
(यहां बताई गईं बातें, इलाज के तरीके और खुराक की जो सलाह दी जाती है, वो विशेषज्ञों के अनुभव पर आधारित है. किसी भी सलाह को अमल में लाने से पहले अपने डॉक्टर से जरूर पूछें. दी लल्लनटॉप आपको अपने आप दवाइयां लेने की सलाह नहीं देता.)
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