मलयानिल. रामजस कॉलेज, दिल्ली विश्विद्यालय में इतिहास की पढाई करने के बाद भारतीयजनसंचार संस्थान में थोड़ी टीवी पत्रकारिता सीखी. गंगानगर-जयपुर-दिल्ली के बीच मनभटकता रहता है. खाना पकाने का ज़बरदस्त शौक है. कविता-कहानी-किस्से कहते रहते हैं.रेशमा से अडेल तक और एल्विस प्रेस्ली से उस्ताद रशीद खान तक सब सुनते हैं.--------------------------------------------------------------------------------2011. विजयनगर. डबल स्टोरी. घेटो. चौबीसों घंटे बर्तन बजने, दस तरह के जानवरों केचिल्लाने की आवाज़ें. गोबर की बू. एक शाम पहले कमरे से एक गीत अजीबोगरीब बू के साथतैरता हुआ मेरे कमरे तक पहुँचा - remember when I moved in you, holy dove wasmoving too. Every breath we drew is Hallelujah' दो लाइनें सुनी और दिमाग का दही.'हालेलूयाह' क्या बला है भाई? पिछली बार जब ये शब्द सुना था तब कभी ख़ुशी कभी ग़म मेंकरीना कपूर की एंट्री हुई थी - 'It's raining men. Hallelujah. Hallelujah.' पर येवाला हालेलूयाह तो अलग ही चरस है. इससे बढ़िया प्रेम कविता कभी सुनी नहीं. कहाँनेरुदा में डूबने लगे थे और तुरन्त ये कौन साहब हैं जो Every breath we drew isHallelujah कह दिए हैं. स्टेफनियन अजमेरी - अंग्रेज दोस्त, डेविड क्रिस्टोफर सेदोबारा कहा गया भाई ये गाना चलाओ हालेलूयाह वाला. तुरंत जवाब आया, "जेफ? ओह ड्यूड.यू मस्ट लिसन टू हिम." जेफ बकली. बस. तुरंत जेफ बकली रचनावली ढूंढी गई और सब सुनडाला गया. एक दिन बाहर धूप में बैठे हुए डेविड ने यूँ ही पूछ लिया. "यू हैवेंट हर्डद ओरिजिनल हालेलुयह? हैव यू?" ओरिजिनल मतलब? उसने ओरिजिनल पूछा तो लगा जैसे - माईएंटायर लाइफ वाज अ लाय. लियोनार्ड कोहेन. पहली बार नाम सुना. पता चला कि ये कविवरहैं जिन्होंने हालेलूयाह लिखा. पढ़ना शुरू किया. दुनिया कोहेन से शुरू कर कवर्स तकपहुंची पर मैंने एक कवर सुनकर कोहेन की ओट ली. गिन्सबर्ग के साथ का यह कवि जो 33पार कर गीतकार और गवैया बना, कभी मुक्तिबोध जैसा नज़र आता कभी शमशेर बहादुर सिंह सा.यिट्स, लोर्का और व्हिटमैन से जिस नौजवान कोहेन ने प्रेरणा ली वह दुनिया में 'विषादका बादशाह' बन गया. इसे पढ़ा तो लगा अंग्रेजी में भी कविता गीत हुआ करती है. और इसक़दर मुश्किल. बॉब डिलन को सुन चुका था लेकिन वह विजयनगर से रामजस कॉलेज तक समांबांधने के लिए काफी था. खेलने-कूदने के दिन उसी दिन पूरे हो गए जिस दिन कोहेन सुना.यहाँ कोहेन मरसिया पढ़े जा रहे थे. आवाज़ जैसे कोई पिघला कांच कान में उतार दे औरजीवन भर के लिए बहरे होने के बावजूद यह आदमी कानों में गूंजता रह जाए. आवाज़ जो भरीदुपहरी में भी रात के भीतर ले जाए और वीरान हुई नींदों को सपनों की चांदनी में नहलादे. https://www.youtube.com/watch?v=YrLk4vdY28Q Suzzane (1967) सुनते हुए कोहेनने आत्मा की गुत्थियां सुलझा दीं. इसके साथ समानांतर गीतकार शैलेन्द्र का 'दिल कीगिरह खोल दो चुप न बैठो कोई गीत गाओ' सुना. दोनों गीतों ने एक कहानी पूरी कर दी.कहानियों के इस सिलसिले में 'Hey! That's no way to say goodbye.', 'Bird on thewire','Everybody knows', 'It's closing time', 'came so far for beauty', 'Mastersong' और एक एक कर सब कुछ सुन डाला. 'Scent of a women' में अल पचीनो को 'Dance meto the end of love' पर टैंगो करते देख प्रतीत होता है जैसे कोहेन खुद वहां टैंगोकर रह हैं. और अपने जीवन में अधूरे प्रेम की दास्तानों को टैंगो करते ही पूराकरेंगे. क्योंकि प्रेम की सड़क के गड्ढों को टैंगो ही छका सकता है. जिस दिन फेडेरिकोगरसिया लोर्का की 1930 में लिखी कविता 'Take this waltz' कोहेन ने स्पेनिश सेअंग्रेजी में तर्जुमा कर गाई. कोहेन का तर्जुमा छः दशक बाद के विएना की बात कह रहाथा. उसी दिन वे अमर हो गए थे. कोहेन लोर्का के इतने बड़े मुरीद थे कि अपनी बेटी कोभी उन्होंने लोर्का नाम दिया. बोनो, बकली, नीक केव, सुज़ैन वेगा, रुफुस वेनराइट और नजाने कितने बेहतरीन गीतकारो और गायकों को कोहेन ने प्रभावित किया. वेनराइट ने तो एकबार यहाँ तक कहा कि "मैं बिलकुल मानता हूँ कि कोहेन पृथ्वी के सबसे महान जीवित कविहैं." बॉब डिलन ने कभी यह ज़ाहिर करने में हिचक नहीं दिखाई की कोहेन उनके अकेलेप्रतिद्वंदी रहे और उन्हें जीवन भर कोहेन से खतरा बना रहा. कोहेन से अपनी मृत्यु सेठीक एक महीने डिलन के नोबेल पुरस्कार पर कहा था कि "डिलन को नोबेल देना वैसा ही हैजैसे माउंट एवेरेस्ट पर उसके सबसे ऊंचे होने के लिए एक तमगा टांग देना." ऐसे कितनेही तमगे कोहेन की कविताओं और गीतों पर वारे जा सकते हैं. कोहेन 1950 के दशक मेंलेखक रहे, साठ में लोक गायक, सत्तर में उनका आभामंडल फैला और अस्सी तक वे इतने बड़ेरॉक स्टार थे कि किंवदंती बन चुके थे. 1984 में हालेलुयाह आया और उसके बाद कुछ भीवैसा नहीं रहा जैसा हुआ करता था. बहुत कम लोग जानते हैं कि उनके जीवन के बाइसवेंवर्ष में उनका पहला कविता संकलन आ चुका था और उसी पर उन्हें 2000 डॉलर कीछात्रवृत्ति मिली जिसपर वे पहली बार यूरोप भ्रमण पर गए. नौजवान कोहेन से अधेड़ उम्रके कोहेन के संगीत में वह परिपक्वता रही जो उनके पहले- उनके साथ- उनके बाद केसंगीतकारों में नहीं दिखी. जिस समय आधी दुनिया के संगीतकार ड्रग्स में डूबे जीवन कीएक नयी धरा खोज रहे थे, कोहेन यथार्थ भोगते हुए गहरे विषाद - प्रेम - युद्ध - जीवनपर लिख और गा रहे थे. कोहेन ने एक इंटरव्यू में कहा "मनोरंजक - जुनूनी - औषधीयतीनों तरह के ड्रग्स में मैं खुद को खोज चुका हूँ. अगर इनमें से किसी ने भी मुझेप्रभावित किया होता तो हैं इन्हें नौजवानों को परोसता पर नहीं." आज वे नहीं रहे.पता नहीं यह कोहेन के जाने के लिए सही समय है या नहीं पर उनकी ब्रह्माण्ड को उनकीजितनी ज़रूरत थी कोहेन ने उससे अधिक परोसा. अमेरिकन एक्ट्रेस एंजेलिका ह्यूस्टन नेजिस कोहेन को उसकी आवाज़ और शब्दों के लिए आधा भेड़िया, आधा फरिश्ता कहा उसने अपनेसोलहवें साल में हर्जलियाह हाई स्कूल की इअरबुक में लिखा कि वे बड़े होकर 'वर्ल्डफेमस ओरेटर' बनना चाहता है. कोहेन को गर्व होगा कि वे अपनी मृत्यु के समय उस लड़केके सपनों के काबिल थे जो खुद को 'वर्ल्ड फेमस ओरेटर' देखना चाहता था. इट्स क्लोजिंगटाइम. कोहेन के गीत: 1. Hallelujah 2. It's closing time 3. Take this Walts 4.Suzzanne 5. Dance me to the end of love 6. Everybody knows 7. Bird on the wire8. Came so far for beauty 9. Master song 10. Lover Lover Lover-------------------------------------------------------------------------------- ये आर्टिकल हमें हमारे पाठक और मित्र मलयानिल ने भेजा है.