शाह बानो केस में कोर्ट ने किस आधार पर मुस्लिम पर्सनल लॉ के खिलाफ फैसला दिया था?
साल 1985 में शाह बानो केस में अदालत के फैसले के बाद मुस्लिम पर्सनल लॉ को लेकर एक बड़ी बहस छिड़ गई थी
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शाह बानो मामले में सुप्रीम कोर्ट ने फैसला दिया था कि तलाकशुदा मुस्लिम महिला को पति से गुजारा-भत्ता पाने का हक है. 1986 में राजीव गांधी सरकार ने इसे पलट दिया (तस्वीर: इंडिया टुडे)
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