भारत में अब किसी भी फिल्म का भविष्य जनता नहीं तय करेगी. पहले इस काम में बालठाकरे सेंसर बोर्ड के साथ मिलकर काम हल्का करते थे. अब इस काम की पूरी जिम्मेदारीराज ठाकरे ने ले ली है. यूं कहिये कि ठाकरे परिवार ने भारत में एक अलग जुगाड़ हीबना लिया है. टाइम टू टाइम याद दिलाते रहते हैं कि गुंडई अभी देश से गई नहीं है.चाहे मनमोहन सिंह की सरकार आये या नरेंद्र मोदी की. अबकी फतवा आया है 'ऐ दिल हैमुश्किल' को लेकर. फवाद खान के इसमें काम करने को लेकर पहले ही बवाल मच रहा था.जैसे कि फवाद ने ही उड़ी हमले का प्लान किया था. फिल्म की रिलीज मुश्किल हो गई. लोगये भूल गये कि फिल्म की शूटिंग उसी वक्त हो रही थी, जब प्रधानमंत्री पाकिस्तान गयेथे. अनुराग कश्यप ने बाकायदा इस पर कहा भी. पर बवाल कम नहीं हो रहा था. फिर करणजौहर ने बाकायदा वीडियो बनाया. जिसमें साफ-साफ कहा कि अब से मैं पाकिस्तान केकलाकारों के साथ काम नहीं करूंगा. पर फिल्म तो बन गई है. इसके बाद मुंबई पुलिस नेकरण को भरोसा दिलाया कि फिल्म की रिलीज 28 अक्टूबर को होगी. हम इसकी गारंटी लेंगे.पर इसके ठीक एक दिन बाद राज ठाकरे के गुंडों ने फिर धमकी दे दी. राज के गैंग केप्रवक्ता अमय खोपकर ने एक न्यूज चैनल से कहा कि जो भी उनको प्रोटेस्ट करने सेरोकेगा, उसको पीटा जायेगा. शालिनी ठाकरे ने कहा कि अगर फिल्म रिलीज करेंगे, तो जानजायेंगे कि हम लोग क्या कर सकते हैं. देश के गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने भरोसा दिलायाहै कि फिल्म की रिलीज में कोई मुश्किल नहीं आएगी. देश के संविधान-कानून के भरोसेशासन-प्रशासन ने फिल्म रिलीज की गारंटी ली है. लेकिन उसी संविधान-कानून की धज्जियांउड़ाते हुए कुछ गुंडे कह रहे हैं कि रिलीज करके तो दिखाओ. तो क्या देश एक गुंडे केकहने पर चलेगा? महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडनवीस क्या कर रहे हैं वहांपर? फिर केंद्र में बैठे नरेंद्र मोदी कैसे सुन रहे हैं ये बातें. एक गुंडा जोचुनाव में सीटें नहीं जीत सकता, जिसे बोलने तक की तमीज नहीं, जो बिहारियों को जब-तबपीटता है, जो अपने ही देश में लोगों को जगह छोड़कर भागने के लिये मजबूर करता है, वोअब अपनी कुंठा निकालने के लिये फिल्ममेकर्स को टारगेट कर रहा है. क्योंकि ये उसकेलिये आसान टारगेट हैं. पर क्या ये देश बगदादी के शासन में है? अगर करण जौहर कावीडियो देखें तो बस नारंगी कपड़े और बड़े से चाकू की ही कमी रह गई है. बाकी पूरासेटअप वही है. डेढ़ सौ लोगों की टीम में एक पाकिस्तानी कलाकार को छोटा सा रोल मिलगया, तो पहले देशभक्ति आहत हुई और अपने ही देश के लोगों का बैंड बजाने लगी. इससेपेट नहीं भरा तो गुंडे कला का ठेका ले के बैठ गये. 'सबका साथ, सबका विकास' मेंगुंडों को तो शामिल नहीं करना था?--------------------------------------------------------------------------------जाते-जाते ये वीडियो भी देख लो:-------------------------------------------------------------------------------- ये भी पढ़ लो: बाल ठाकरे और शिवसेना की कहानी: पार्ट 1बाल ठाकरे और शिवसेना की कहानी: पार्ट 2बाल ठाकरे और शिवसेना की कहानी: पार्ट 3”हिंदुओं ने दिखा दिया. अब वो मारते हैं, मरते नहीं” : पार्ट 4क्या हुआ जब बाल ठाकरे के हाथ में मुंबई का रिमोट आया?: पार्ट 5अनुराग कश्यप ने एक और बम मारा है और सब धुआं साफ हो गया है 'ऐ दिल है मुश्किल' मेंऐश्वर्या की इस बात से आप हर्ट हो सकते हैं अनुराग कश्यप, तुम सल्फ़ेट हो!