The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • Lallankhas
  • america russia distance only 4 kms bering strait diomede islands international dateline

एक-दूसरे के बेहद 'करीबी' हैं अमेरिका और रूस, दोनों के बीच सिर्फ 4 किमी की दूरी!

दीवार पर टंगे वर्ल्ड मैप में देखेंगे, तो रूस और अमेरिका के 'दिल की दूरी' दिखेगी, मगर ज़मीन की दूरी आंकनी है, तो मेज़ पर रखे ग्लोब को देखिए.

Advertisement
pic
13 मार्च 2024 (पब्लिश्ड: 10:42 PM IST)
america and russia 4 km away
बर्फ़ जम जाए, तो पैदल टहल सकते हैं. (फ़ोटो - विकी)
Quick AI Highlights
Click here to view more

आधुनिक इतिहास के किसी छात्र से पूछा जाए, 'दुनिया की राजनीति में सबसे बड़ी और लंबी गुटबाज़ी कब हुई? किसने की?' जवाब आएंगे - शीत युद्ध के दौरान. अमेरिका और रूस के बीच. साहित्य से लेकर दर्शन तक, विचार से लेकर विमर्श तक, इन दो गुटों ने दो ध्रुवों का प्रतिनिधित्व किया. पैसे-रुपये, शासन-प्रशासन, इतिहास-भूगोल के अपने-अपने वर्ज़न बनाए. वही बेचे. बेच कर गुट बढ़ाया. और, ये बंटवारा इतना पक्का था कि आज किसी भू-राजनीति के छात्र से पूछा जाए, 'इस वक़्त दुनिया किन दो ख़ेमों में बटी हुई है?' तो जवाब आएगा - अमेरिका बनाम चीन. अमेरिका के ख़ेमे में यूरोप और चीन के ख़ेमे में रूस. सब्जेक्ट कोई भी लीजिए, अमेरिका और रूस कोर्ट आमने-सामने ही खड़े मिलेंगे. मगर एक सब्जेक्ट में रूस और अमेरिका 'नज़दीक' हैं. लिट्रली.

भूगोल शायद इकलौता ऐसा सब्जेक्ट है, जो कह सकता है कि अमेरिका और रूस क़रीबी हैं. अब दीवार पर टंगे वर्ल्ड मैप में देखेंगे, तो रूस और अमेरिका के 'दिल की दूरी' का अंदाज़ा हो जाएगा. एक पूरब-पुर, दूजा पश्चिम-पुर. मगर ज़मीन की दूरी आंकनी है, तो मेज़ पर रखे ग्लोब को देखिए.

How far is USA from Russia - Tripoto
मैप में तो बहुत दूर लगता है. (फ़ोटो - ट्रिपोटो)

दुनिया गोल है, और अमेरिका-रूस की असल दूरी मात्र 80 किलोमीटर है. बस कानपुर-लखनऊ जितनी. कैसे? alaskacenters.gov के मुताबिक़, अमेरिका का अलास्का प्रांत और रूस का साइबीरिया प्रांत एक-दूसरे से केवल 88.5 किलोमीटर (55 मील) दूर हैं.

ये भी पढ़ें - अमेरिका-चीन के बीच 'ग्रे ज़ोन वॉरफ़ेयर' क्या है, जिसका ज़िक्र भारत के आर्मी चीफ़ ने किया?

88 किलोमीटर तो फिर भी समझ आता है. अगर अब आपको कोई आकर ये बता दे कि अमेरिका और रूस बस 4 किलोमीटर दूर हैं, तो कंटाप नहीं मारना है. (कंटाप किसी सूरत में नहीं मारना है, क़ानूनी नुस्ख़ा सोचिए). असल में सायबीरिया और अलास्का के बीच दो टापू हैं, बिग डायमीड और लिटल डायमीड. एक-दूसरे से मात्र 3.8 किलोमीटर दूर. बिग डायमीड अमेरिका में पड़ता है और लिटल डायमीड रूस में.

इन दोनों टापुओं के बीच से जाता है, बेरिंग स्ट्रेट. स्ट्रेट बोले तो दो बड़े समुद्रों को जोड़ने वाली पतली सी कड़ी. बेरिंग स्ट्रेट प्रशांत महासागर और आर्कटिक महासागर को जोड़ने वाली कड़ी है.

बेरिंग कौन हैं? एक डैनिश-रूसी नाविक थे, विटस बेरिंग. चूंकि उन्होंने ये स्ट्रेट खोजा, इसीलिए उनके नाम पर इस स्ट्रेट का नाम रख दिया गया. फिर 1728 में उन्होंने इन डायमीड टापुओं का नाम भी रखा. ग्रीक संत डायमीड के नाम पर.

जाड़ों में समुद्र जम जाता है. रूस और अमेरिका के लोग जमी हुई बर्फ़ पर चार किलोमीटर चल कर 'दुश्मन' देश में घुस सकते हैं. हालांकि, इसकी इजाज़त नहीं है. साल 1867 में अमेरिका ने रूस से अलास्का ख़रीदा लिया था और दोनों द्वीपों के बीच एक नई सीमा खींच दी गई थी.

दिलचस्प बात ये है कि एक-दूसरे के इतने क़रीब होने के बावजूद दोनों द्वीपों के समय में 21 घंटे का अंतर है. बिग डायमीड, लिटल डायमीड से 21 घंटे आगे है. क्यों? क्योंकि इन दोनों के बीच से अंतरराष्ट्रीय डेट लाइन गुज़रती है. ये एक काल्पनिक रेखा है, जो हर कैलेंडर दिन की शुरुआत को चिह्नित करती है और उत्तरी ध्रुव से दक्षिणी ध्रुव तक चलती है.

इसीलिए बिग डायमीड को 'टुमॉरो-लैंड' और लिटल डायोमीड को 'येस्टर-लैंड' के नाम से भी जाना जाता है. कहा जाता है - एक टापू से खड़े हो कर आप अगले पर अपना भविष्य देख सकते हैं. 

Advertisement

Advertisement

()