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अवैध कोयला खदान में जोरदार धमाका, 18 मजदूरों की मौत, वीडियो सामने आया

Meghalaya के ईस्ट जयंतिया हिल्स जिले की एक कोयला खदान में अचानक जोरदार धमाका हुआ. इस दौरान खदान में काम कर रहे मजदूर इसकी चपेट में आ गए. धमाका इतना जबरदस्त था कि खदान के भीतर काम कर रहे मजदूरों को बाहर निकलने का मौका नहीं मिल पाया. अब भी कई मजदूरों के खदान में फंसे होने की खबर है.

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5 फ़रवरी 2026 (अपडेटेड: 5 फ़रवरी 2026, 10:47 PM IST)
Meghalaya coal mine blast east jayantia hills
मेघालय के एक कोयला खदान में हुए विस्फोट में 18 लोगों की मौत. (इंडिया टुडे)
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मेघालय के ईस्ट जयंतिया हिल्स जिले में एक अवैध कोयला खदान में जबरदस्त विस्फोट के चलते अब तक 18 मजदूरों की मौत की खबर आई है. घटना की खबर मिलते ही मेघालय पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया है. फिलहाल विस्फोट के कारणों का पता नहीं चल पाया है.

इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, ईस्ट जयंतिया हिल्स जिले की एक कोयला खदान में अचानक जोरदार धमाका हुआ. खदान में काम कर रहे मजदूर इसकी चपेट में आ गए. धमाका इतना जबरदस्त था कि खदान के भीतर काम कर रहे मजदूरों को बाहर निकलने का मौका नहीं मिल पाया. अब भी कई मजदूरों के खदान में फंसे होने की खबर है. 

आशंका जताई जा रही है कि हादसे में जान गंवाने वाले सभी मजदूर असम के थे. हालांकि स्थानीय प्रशासन ने अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है.

स्थानीय सूत्रों के मुताबिक, मृतकों में से एक मजदूर की पहचान असम के कटिगारा इलाके के बिहारा गांव के निवासी के तौर पर हुई है. हादसे की खबर मिलते ही मेघालय पुलिस और रेस्क्यू टीम ने मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव का काम शुरू कर दिया. खदान के भीतर फंसे बाकी मजदूरों की तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन भी चलाया जा रहा है.

प्रशासन ने आसपास के इलाके को घेराबंदी करके सुरक्षा के इंतजाम कड़े कर दिए हैं. ताकि बचाव काम में किसी तरह की दिक्कत न आए. अधिकारियों ने बताया कि धमाके के कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है.

टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने पर्यावरण को नुकसान पहुंचने और मजदूरों की सुरक्षा का ध्यान रखते हुए रैट होल माइनिंग समेत खनन के दूसरे अवैज्ञानिक तरीकों पर रोक लगा दी थी. रैट माइनिंग में सकरी सुरंगे खोदी जाती हैं, जो आमतौर पर 3 से 4 फीट ऊंची होती है. इन सुरंगों से होकर मजदूर कोयला खदानों में प्रवेश करते हैं. इसमें अक्सर उनकी जान खतरे में होती है. 

लेकिन एनजीटी की रोक के बावजूद मेघालय के कई हिस्सों में अवैध खनन जारी है. स्थानीय प्रशासन ने कहा है कि इस मामले की गहराई से जांच की जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे.

वीडियो: मेघालय की अवैध कोयला खदान में 13 दिनों से फंसे हैं 15 खदान मजदूर

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