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कारगिल में ईरान के समर्थन में बड़ी रैली, ट्रंप-नेतन्याहू के 'जनाजे' निकाले गए

Kargil एक शिया बहुल शहर है. यहां के लोगों के बीच Ali Khamenei का काफी सम्मान है. सांकेतिक विरोध ने तब और तेजी पकड़ी, जब ट्रंप और नेतन्याहू के पुतले और नकली ताबूत दिखाए गए. रैली में इस तरह लोगों ने अमेरिकी और इजराइली लीडरशिप के खिलाफ अपना गुस्सा दिखाया.

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कारगिल में ईरान के समर्थन और अमेरिका-इजरायल के खिलाफ रैली निकाली गई. (ITG)
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सुनील जी भट्ट
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14 जनवरी 2026 (Published: 12:02 AM IST)
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केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख के कारगिल में ईरान और सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के समर्थन में बड़ी रैली निकली. बुधवार, 14 जनवरी को शिया समुदाय के लोग भारी संख्या में सड़कों पर उतरे और ईरानी सरकार के साथ एकजुटता दिखाई. रैली में जहां एक तरफ ईरान को समर्थन था, तो दूसरी तरफ अमेरिका और इजरायल का विरोध भी था.

लोगों ने अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप और इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के खाली ताबूतों का 'जनाजा' भी निकाला. प्रदर्शनकारियों ने ट्रंप और नेतन्याहू के खिलाफ नारे भी लगाए. कारगिल रैली के वीडियो भी सामने आए.

इंडिया टुडे से जुड़े सुनील जी भट्ट और मीर फरीद की रिपोर्ट के मुताबिक, वीडियो में लोग एक पोस्टर लिए नजर आते हैं. इसमें लिखा है,

"कारगिल के लोग इमाम अली होसैनी खामेनेई और शहीदों को पसंद करने वाले ईरान देश के समर्थन में अपनी एकजुटता दिखाते हैं - इमाम खुमैनी मेमोरियल ट्रस्ट, कारगिल, लद्दाख."

ईरान में जारी प्रदर्शनों से देश में अशांति चरम पर है. ट्रंप की तरफ से लगातार खामेनेई शासन को सैन्य कार्रवाई की धमकियां दी जा रही हैं. ऐसे में ईरान पर अमेरिकी मिलिट्री की कार्रवाई का खतरा मंडरा रहा है. कारगिल में लोगों ने अमेरिका के इसी दखल का विरोध किया. इसके अलावा, इजरायल को भी साथ में घेरा.

कारगिल एक शिया बहुल शहर है. यहां के लोगों के बीच अली खामेनेई का काफी सम्मान है. रैली में लोगों ने अमेरिका विरोधी प्लेकार्ड भी लिए हुए थे. सांकेतिक विरोध ने तब और तेजी पकड़ी, जब ट्रंप और नेतन्याहू के पुतले और नकली ताबूत दिखाए गए. रैली में इस तरह लोगों ने अमेरिकी और इजरायली लीडरशिप के खिलाफ अपना गुस्सा दिखाया.

प्रदर्शन करने वाले नेताओं ने कहा कि यह प्रदर्शन विरोध और एकता का एक मजबूत मैसेज देने के लिए था. रैली में पुरुषों और महिलाओं दोनों ने हिस्सा लिया. प्रदर्शनकारियों ने कहा कि यह विरोध मिडिल ईस्ट में अमेरिका और इजरायल के दखल और हमलों के खिलाफ था.

वीडियो: दुनियादारी: ईरान में फांसी के फंदे तैयार! ट्रंप को मौतों के आंकड़े नहीं मिल रहे

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