The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • India
  • Indias Reaction To Americas exemption To Buy Oil From Russia Scott Bessent

रूस से तेल खरीद की 'छूट' पर भारत सरकार का जवाब आया, US का नाम लिए बिना ये कहा

अमेरिका के दावे पर भारत सरकार ने साफ कर दिया है कि वो वहीं से तेल खरीदेंगे, जहां उसे कॉम्पिटिटिव और सस्ती कीमतें मिलेंगी.

Advertisement
India
अमेरिका की ओर से रूस के साथ तेल व्यापार को मिली छूट के बाद भारत की प्रतिक्रिया आई. (फोटो- इंडिया टुडे)
pic
प्रगति पांडे
7 मार्च 2026 (अपडेटेड: 7 मार्च 2026, 10:49 PM IST)
font-size
Small
Medium
Large
font-size
Small
Medium
Large
whatsapp share

अमेरिका के भारत को रूस से तेल खरीदने की छूट देने की खबर पर भारत ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है. प्रेस इंफॉर्मेशन ब्यूरो (PIB) के मुताबिक, सरकार का कहना है कि भारत वहीं से तेल खरीदेगा, जहां उसे यह सस्ती कीमत में मिलेगा. भारत सरकार के इस बयान में अमेरिका नाम नहीं लिया गया, लेकिन माना जा रहा है कि निशाना वही है.  शनिवार, 7 मार्च को भारत सरकार की ओर से PIB ने अपने ऑफिशियल हैंडल पर पोस्ट किया गया. पोस्ट में एक वीडियो शेयर किया गया, जिसके कैप्शन में लिखा था,

"#HormuzRoute पर बढ़ते तनाव के बावजूद भारत की एनर्जी सप्लाई सुरक्षित और स्थिर बनी हुई है. भारत के कच्चे तेल के सोर्स 27 से बढ़कर 40 देशों तक हो गए हैं जिससे तेल के लिए कई दूसरे सप्लाई रूट पक्के हो गए हैं. देश के हित में भारत जहां से सबसे अच्छे और सस्ते रेट मिलते हैं वहां से तेल खरीदता है. एडवांस रिफाइनरी कैपेसिटी से अलग-अलग ग्रेड के कच्चे तेल को प्रोसेस करना आसान होता है. ऐसे में बिना किसी रुकावट के सप्लाई जारी रहती है."

Image embed
भारत सरकार की प्रतिक्रिया.

इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका के ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने शुक्रवार, 6 मार्च को कहा कि भारत को यह छूट इसलिए मिली है, ताकि वैश्विक बाजार में तेल आता रहे. बेसेंट ने जोर देते हुए कहा कि अमेरिका की ओर से यह फैसला जानबूझकर लिया है. बेसेंट ने कहा कि इस छूट से रूस की सरकार को कुछ खास वित्तीय फायदा नहीं मिलेगा.

यह भी पढ़ें: देश में पेट्रोल-डीजल की नहीं होगी किल्लत, अमेरिका ने संकट दूर कर दिया, पर टाइम फिक्स है

बेसेंट ने अपने बयान में भारत को अमेरिका का एक जरूरी पार्टनर बताया. साथ ही यह भी संकेत दिया कि नई दिल्ली वाशिंगटन से अधिक मात्रा में तेल का व्यापार करेगी. साथ ही ग्लोबल मार्केट में तेल का फ्लो जारी रखने के लिए अमेरिका भारतीय रिफाइनरी को रूसी तेल खरीदने की इजाजत देने के लिए 30 दिन की छूट देने की बात कही. 

Image embed
अमेरिकी वित्त मंत्री का बयान.

बता दें कि साल 2025 में अमेरिका ने भारत के रूस से तेल व्यापार करने की वजह से भारी टैरिफ लगाए थे. 

वीडियो: आसान भाषा में: 'सस्ते ड्रोन' मंहगे एयर डिफेंस सिस्टम के लिए चुनौती बन रहे, लेकिन कैसे?

Advertisement

Advertisement

()