The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • India
  • Former RAW Chief Amarjit Singh Dulat On US-Israel vs Iran war

'ईरान ये युद्ध हारेगा नहीं, भारत को तो... ', RAW के पूर्व चीफ ने इस जंग का नतीजा बता दिया

RAW के पूर्व चीफ Amarjit Singh Dulat ने कहा कि ईरान और भारत का रिश्ता बहुत पुराना है और भारत हमेशा ईरान के साथ खड़ा रहा है.

Advertisement
 Former RAW Chief Amarjit Singh Dulat
RAW के पूर्व चीफ अमरजीत सिंह दुलत. (फाइल फोटो: इंडिया टुडे)
pic
अर्पित कटियार
19 मार्च 2026 (पब्लिश्ड: 12:35 PM IST)
font-size
Small
Medium
Large
font-size
Small
Medium
Large
whatsapp share

'रिसर्च एंड एनालिसिस विंग' (RAW) के पूर्व चीफ अमरजीत सिंह दुलत ने दावा किया है कि इजरायल और अमेरिका के साथ चल रही जंग में ईरान हारने वाला नहीं है (US Israel War with Iran). उन्होंने कहा कि ईरान और भारत का रिश्ता बहुत पुराना है और भारत हमेशा ईरान के साथ खड़ा रहा है. उन्होंने कहा कि इस बार भी भारत को ईरान का साथ देना चाहिए.

मीडिया से बात करते हुए पूर्व रॉ चीफ ने कहा, 

“यह संघर्ष बहुत पुराना है और पिछले 20-25 वर्षों से चल रहा है... हम हमेशा ईरान के साथ रहे हैं और ईरान हमेशा हमारे साथ खड़ा रहा है. इसलिए हमें तो ईरान के साथ खड़ा रहना चाहिए. ईरान यह युद्ध नहीं हारेगा... भारत की भूमिका ठीक होगी”

Embed

सरकार क्या बोल रही?

उधर, भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा है कि भारत ईरान के साथ बातचीत कर रहा है ताकि 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' को फिर से खोलने में मदद मिल सके. फाइनेंशियल टाइम्स के साथ एक इंटरव्यू में जयशंकर ने कहा,

"भारत और ईरान के बीच एक रिश्ता है. एक-दूसरे के साथ लेन-देन का इतिहास है. इस टकराव को हम बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण मानते हैं. अभी तो शुरुआत है. हमारे और भी कई जहाज वहां हैं. इसलिए बातचीत लगातार जारी है.”

इससे पहले 12 मार्च को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियन से बात की थी. वेस्ट एशिया में संघर्ष शुरू होने के बाद यह पहला मौका था जब दोनों नेताओं ने सीधे तौर पर बातचीत की. इस फोन कॉल के दौरान पीएम मोदी ने भारतीय नागरिकों की सुरक्षा पर जोर दिया. साथ ही यह भी कहा कि सामान और ऊर्जा की आसान आवाजाही भारत की सबसे बड़ी प्राथमिकताएं हैं.

ये भी पढ़ें: 'PM मोदी के लौटने के 48 घंटे बाद खामेनेई की हत्या... दुःख भी नहीं जताया', सोनिया गांधी ने उठाए सवाल

वेस्ट एशिया में ईरान के साथ अमेरिका और इजराइल की जंग तीसरे हफ्ते में पहुंच गई है. ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के चीफ अली लारिजानी उसकी एयरस्ट्राइक में मारे गए हैं. उनकी मौत के बाद ईरान ने इसका बदला लेने की कसम खाई है. वहीं, ट्रंप भी मिडिल ईस्ट में हजारों अमेरिकी सैनिकों की तैनाती पर विचार कर रहे हैं, जिससे इस हफ्ते जंग ख़त्म होने के आसार कम हैं. 

वीडियो: दुनियादारी: क्या ट्रंप ईरान-अमेरिका जंग में अकेले पड़ गए?

Advertisement

Advertisement

()