Chat GPT पर सवाल, इस्तीफा, बंद कमरे में लाश.. भारतीय इंजीनियर की मौत से खड़े हुए बड़े सवाल!
Suchir Balaji का शव मिलने से एक दिन पहले कोर्ट में उनका नाम दर्ज किया गया था. उनका नाम OpenAI के खिलाफ कॉपीराइट से जुड़े मामले में दर्ज किया गया. इस कंपनी और इसके सबसे बड़े इन्वेस्टर पर Microsoft पर कॉपीराइट कानून तोड़ने के आरोप लगे हैं.

ChatGPT बनाने वाली कंपनी OpenAI के एक पूर्व कर्मचारी की लाश मिली है. भारतीय-अमेरिकन इंजीनियर सुचिर बालाजी (Suchir Balaji) अपने अपार्टमेंट में मृत पाए गए हैं. वो अमेरिका के सैन फ्रांसिस्को शहर में रहते थे. उन्होंने OpenAI कंपनी पर कॉपीराइट से जुड़े नियमों के उल्लंघन का आरोप लगाया था. शहर के चीफ मेडिकल एग्जामिनर ने बालाजी की मौत की जानकारी दी है.
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, 26 नवंबर को इंजीनियर की लाश मिली थी. लेकिन मीडिया को इसकी जानकारी काफी दिनों के बाद हुई है. मीडिया संस्थान ‘टेकक्रंच’ ने इस मामले को लेकर चीफ मेडिकल एग्जामिनर के ऑफिस (OCME) से संपर्क किया था. OCME ने अपने बयान में कहा,
OpenAI ने भी बालाजी की मौत पर प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा है कि कंपनी उनके निधन से बेहद दुखी है. और उन्होंने सुचिर को जानने वालों के लिए संवेदना व्यक्त की है.
ये भी पढ़ें: ChatGPT से बोला "मुझे गर्लफ्रेंड समझ ब्रेकअप लेटर लिखो", उसने इज्जत के परखच्चे उड़ा दिए!
पुलिस ने बताया है कि शुरुआती जांच में उन्हें किसी गड़बड़ी का कोई सबूत नहीं मिला है. पुलिस ने आशंका जताई है कि ये आत्महत्या का केस हो सकता है. वो लोअर हाइट जिले के बुकानन स्ट्रीट अपार्टमेंट में रहते थे. स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सुचिर काफी दिनों तक अपने घर से बाहर नहीं निकले थे. और किसी के कॉल या मैसेज का भी जवाब नहीं दे रहे थे. इसके बाद उनके कुछ जानकार उनके फ्लैट पर पहुंचे तो देखा कि गेट अंदर से बंद है. इसके बाद पुलिस को जानकारी दी गई.
OpenAI पर क्या आरोप लगाए थे?चार साल तक OpenAI के लिए काम करने के बाद अगस्त महीने में सुचिर ने कंपनी से इस्तीफा दे दिया था. इसके बाद अक्टूबर महीने में उन्होंने अंग्रेजी अखबार न्यूयॉर्क टाइम्स को एक इंटरव्यू दिया. इस बातचीत की खूब चर्चा हुई. सोशल मीडिया पर सुचिर की बातों पर लोगों ने खूब प्रतिक्रिया दी. इसी कड़ी में टेस्ला और SpaceX जैसी कंपनियों के मालिक एलन मस्क का नाम भी आया. उन्होंने इस खबर को 'hmm' (अस्पष्ट सहमति) लिखकर रिपोस्ट किया था. सुचिर ने कहा था,
उन्होंने बताया था कि यूजर्स की सहमति से डेटा जुटाने वाली कंपनियों के लिए और यूजर्स के लिए, OpenAI के काम करने का तरीका खतरनाक है. OpenAI कंपनी नियमों को नजरअंदाज करके ऐसी कंपनियों और लोगों का डेटा इस्तेमाल कर रही है.
सुचिर का शव मिलने से एक दिन पहले 25 नवंबर को कोर्ट में उनका नाम दर्ज किया गया था. उनका नाम OpenAI के खिलाफ कॉपीराइट से जुड़े मामले में दर्ज किया गया. इस कंपनी और इसके सबसे बड़े इन्वेस्टर पर माइक्रोसॉफ्ट पर कॉपीराइट कानून तोड़ने के आरोप लगे हैं. कई मीडिया संस्थानों ने इस मामले को लेकर मुकदमा दर्ज कराया है. सुचिर ने इस मामले में कई पत्रकारों, लेखकों और इजीनियरों का नाम लिया था.
वीडियो: बैठकी: AI एक्सपर्ट और वकील मेघना बल ने ChatGPT, Elon Musk और DeepFake पर क्या बताया?

.webp?width=60)

