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'डील कर लो, वरना बहुत बुरा होगा', ट्रंप ने ईरान को बता दिया कितने दिन बचे हैं उसके पास

अमेरिका और ईरान में बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने एक फिर तेहरान को धमकी दी है. इस बार ट्रंप ने ईरान को डेडलाइन भी दी है.

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20 फ़रवरी 2026 (पब्लिश्ड: 09:13 AM IST)
president donald trump warns iran again said make a deal otherwise bad will happen for you
अमेरिका-ईरान के बीच तनाव कम होता नहीं दिख रहा है (PHOTO-AFP)
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प्रेसिडेंट डॉनल्ड ट्रंप ने एक बार फिर ईरान को धमकी दी है. उन्होंने कहा है कि ईरान जल्द एक न्यूक्लियर डील करे. ऐसा न करने पर उन्होंने उसके साथ 'बुरा होने' की चेतावनी दी है. एक तरफ स्विट्जरलैंड में दोनों पक्षो में बातचीत चल रही है. दूसरी तरफ मिडिल ईस्ट में दोनों एक-दूसरे पर हथियार ताने खड़े हैं. वाशिंगटन में 'बोर्ड ऑफ पीस' की उद्घाटन मीटिंग के दौरान ट्रंप ने कहा, 'डिप्लोमेसी का रास्ता खुला है, लेकिन हमेशा नहीं.'

वाशिंगटन में बोलते हुए प्रेसिडेंट ट्रंप ने कहा, 

हमें ईरान के साथ डील करनी होगी. उनके साथ बातचीत जारी है. इतने सालों के अनुभव से ये तो पता है कि ईरान के साथ डील आसान नहीं होती. लेकिन हमें एक समझदारी भरी डील करनी होगी. अगर ऐसा नहीं हुआ तो बहुत बुरा होगा.

ट्रंप का यह बयान तनाव के समय में आया है. US और ईरानी अधिकारी जिनेवा में बढ़ते न्यूक्लियर टकराव को कम करने के मकसद से इन-डायरेक्ट बातचीत कर रहे हैं. एयर फोर्स वन (प्रेसिडेंट का विमान) में रिपोर्टरों से बात करते हुए ट्रंप ने ईरान पर फैसला लेने के लिए अपनी टाइमलाइन को 10 से 15 दिन बढ़ा दिया है. उन्होंने कहा कि 10 से 15 दिन का समय काफी होगा.

दूसरी तरफ अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर, इस संकट में ईरान से बात कर रहे हैं. वो ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराक्ची से मध्यस्थों के जरिए बात कर रहे हैं. अमेरिका का कहना है कि ईरान अपने न्यूक्लियर प्रोग्राम को खत्म करे. वहीं ईरान ने बार-बार न्यूक्लियर हथियार बनाने की कोशिश से इनकार किया है. उसने कहा है कि उसका प्रोग्राम सिविलियन एनर्जी और रिसर्च के लिए है. ईरान ने एनरिचमेंट को पूरी तरह से छोड़ने की मांगों को भी खारिज कर दिया है. उसने इसे एक संप्रभु अधिकार बताया है.

लेकिन, अमेरिका सिर्फ बातचीत ही नहींं कर रहा. पूरे इलाके में उसने बड़ी मिलिट्री मोबिलाइजेशन की है. हाल के दिनों में मिडिल ईस्ट में 50 से अधिक फाइटर एयरक्राफ्ट तैनात किए हैं. इसमें F-22, F-35 और F-16 शामिल हैं. साथ ही अमेरिका ने नेवल एसेट्स और एयर डिफेंस सिस्टम भी तैनात किए हैं. 

वीडियो: Iran-US Nuclear Deal को लेकर ट्रंप और खामेनेई की मीटिंग फिक्स हो गई?

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