महिला सफाईकर्मी को 45 लाख का सोना मिला, फिर जो किया वो सबके बस की बात नहीं!
Sanitation Worker पद्मा की ईमानदारी की मिसाल Tamil Nadu के मुख्यमंत्री MK Stalin तक भी पहुंची. सीएम स्टालिन ने पद्मा को शॉल पहनाकर और 1 लाख रुपये का चेक देकर सम्मानित भी किया. COVID में उनके पति भी ईमानदारी का झंडा गाड़ चुके हैं.

'45 लाख रुपये'. बड़ी रकम है. इतनी कि कम से कम किसी सफाईकर्मी की जिंदगी में बड़ा बदलाव ला सकती है. पद्मा को करीब 45 लाख रुपये की कीमत का सोना मिला भी, लेकिन उन्होंने वो वापस कर दिया. पद्मा तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में एक सफाईकर्मी हैं. वो चाहतीं तो ये सोना वापस ना करतीं. उससे 'बेहतर जिंदगी' गुजार सकती थीं, लेकिन 'जमीर गंदा' होने का खतरा था. उन्होंने अपने कर्म 'सफाई' का मान रखते हुए अपने जमीर को 'साफ' रखना चुना और जिसकी अमानत थी, उसे वापस लौटा दी.
11 जनवरी 2026 को ग्रेटर चेन्नई कॉर्पोरेशन की सफाईकर्मी पद्मा रोजाना की तरह साफ-सफाई में जुटी थीं. वे चेन्नई के त्यागराय नगर की वंदिकरन स्ट्रीट में सफाई कर रही थीं. तभी उनकी नजर एक लावारिस बैग पर पड़ी. उन्होंने उसे खोला, तो हैरान रह गईं. उस बैग में सोने के जवाहरात भरे पड़े थे. ये 45 सोने के गहने थे, जिनकी कीमत लगभग 45 लाख रुपये थी.
सोने का बैग पाना और उसका 'नया मालिक' बनने की हसरत किसी की भी हो सकती है. लेकिन पद्मा ने ऐसा नहीं किया. वो सीधा पोंडी बाजार पुलिस स्टेशन पहुंचीं और सोने से भरा बैग पुलिस को पकड़ा दिया. पुलिस ने जांच की. सोने का वजन तुलवाया. फिर असली मालिक की तलाश शुरू हो गई.
असली मालिक मिल भी गए. इंडिया टुडे से जुड़े प्रमोद माधव की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस जांच में पता चला कि सोने के जवाहरात के असली मालिक रमेश हैं. नांगनल्लूर के रहने वाले रमेश ने सोने के गहनों से भरा बैग खोने की शिकायत दर्ज कराई थी. सही वेरिफिकेशन और पूछताछ के बाद पुलिस ने उन्हें गहने लौटा दिए.
पद्मा की ईमानदारी की मिसाल तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन तक भी पहुंची. 12 जनवरी को सीएम स्टालिन ने पद्मा को शॉल पहनाकर और 1 लाख रुपये का चेक देकर सम्मानित भी किया. तमिलनाडु के मुख्यमंत्री कार्यालय ने X पर लिखा,
“ग्रेटर चेन्नई कॉर्पोरेशन की सफाईकर्मी श्रीमती पद्मा ने 45 सोने के गहने, जो उन्हें 11 जनवरी 2026 को वंदिकरन स्ट्रीट, त्यागराय नगर, चेन्नई में सफाई के काम के दौरान मिले थे, पोंडी बाजार पुलिस स्टेशन को सौंप दिए, और दूसरों के लिए एक मिसाल कायम की. तमिलनाडु के माननीय मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने इसके लिए उनकी तारीफ़ की, उनको शॉल पहनाकर उन्हें सम्मानित किया, बधाई दी, और सम्मान के तौर पर उन्हें 1 लाख रुपये का चेक दिया.”

पद्मा की ईमानदारी की अधिकारियों और लोगों ने खूब तारीफ की. यह पहली बार नहीं था जब ईमानदारी ने पद्मा के घर को पहचाना हो. COVID-19 लॉकडाउन के दौरान, उनके पति सुब्रमणि को मरीना बीच के पास 1.5 लाख रुपये कैश मिले थे. उन्होंने भी उसे पुलिस को सौंप दिया था. दोनों पति-पत्नी किराए के घर में रहते हुए अपने दो बच्चों की ईमानदारी से परवरिश कर रहे हैं.
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