बेंगलुरु के मदरसे में छात्राओं से मारपीट की घटना सीसीटीवी में रिकॉर्ड, पैरेेंट्स ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया
Bengaluru Police आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115 (जानबूझकर चोट पहुंचाने का आरोप)और जेजे एक्ट की धारा 75 (बच्चों के प्रति क्रूरता के लिए सजा) के तहत मामला दर्ज किया है.

बेंगलुरु (Bengaluru) के हेगड़े नगर स्थित एक मदरसे में छात्राओं के साथ मारपीट और कथित यौन उत्पीड़न का मामला सामने आया है. मदरसे का नाम जामिया आयशा सिद्दीकी अल बनात है. आरोपी मोहम्मद हसन अली ने कथित तौर पर छात्राओं को ऑफिस में बुलाया. और उन पर गलत काम करने का आरोप लगाते हुए उनके साथ मारपीट की. यह पूरी घटना मदरसा परिसर में लगे CCTV कैमरे में रिकॉर्ड हो गई.
इंडिया टुडे के इनपुट के मुताबिक, पीड़ित लड़कियों के पैरेंट्स ने आरोपी मोहम्मद हसन अली पर मारपीट के साथ-साथ यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है. और न्याय की मांग करते हुए मदरसे के सामने विरोध प्रदर्शन किया. पैरेंट्स ने कार्रवाई की मांग करते हुए कमिश्नर, ACP और DCP को मेल भेजकर आरोपी को सख्त सजा देने की मांग की. जिसके बाद पुलिस ने मामले में तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. कोथनूर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115 (जानबूझकर चोट पहुंचाने का आरोप)और जेजे एक्ट की धारा 75 (बच्चों के प्रति क्रूरता के लिए सजा) के तहत मामला दर्ज किया है.
रिपोर्ट्स के मुताबिक आरोपी मदरसे के प्रिंसिपल का भाई है. और उनके बुलावे पर संस्थान में आया था. फिलहाल कोथनूर पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है. वहीं इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों में काफी आक्रोश है. लोग आरोपी को कड़ी सजा देने की मांग कर रहे हैं. इस मामले में चिल्ड्रेन वेलफेयर कमेटी बेंगलुरु ने भी पुलिस कमिश्नर को पत्र लिखकर आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट की धाराओं के तहत कार्रवाई की मांग की है.
ये भी पढ़ें - यूपी सरकार मदरसा कानून में डिग्री वाला बड़ा बदलाव करने वाली है?

वेलफेयर सोसाइटी ने आरोपी और उसके प्रिंसिपल भाई पर धार्मिक स्थल के दुरुपयोग का आरोप लगाया है. और CCTV फुटेज के आधार पर इन पर कार्रवाई करने की मांग की है. सोसाइटी ने आरोप लगाया कि आरोपी ने लड़कियों के साथ यौन उत्पीड़न किया. और मामले को दबाने के लिए उनको धमकी भी दी. वेलफेयर सोसाइटी ने पीड़ित लड़कियों समेत मदरसा में पढ़ने वाली सभी लड़कियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग भी की है.
वीडियो: तारीख: जब अस्तित्व में आया दुनिया का पहला मदरसा

