दोहरी नागरिकता केस में राहुल गांधी पर FIR नहीं होगी, हाईकोर्ट ने अपना ही फैसला क्यों पलट दिया?
Allahabad High Court के लखनऊ बेंच ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष Rahul Gandhi के खिलाफ दोहरी नागरिकता के मामले में FIR दर्ज करने के अपने पहले ऑर्डर पर रोक लगा दिया है.

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस नेता राहुल गांधी को इलाहाबाद हाई कोर्ट की लखनऊ बेंच से बड़ी राहत मिली है. हाई कोर्ट ने भारतीय जनता पार्टी के एक कार्यकर्ता की याचिका पर दिए अपने एक ऑर्डर पर रोक लगा दिया है. याचिकाकर्ता ने दोहरी नागरिकता के मामले में राहुल गांधी के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग की थी. एक दिन पहले हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने ही राहुल गांधी के खिलाफ केस दर्ज करने का निर्देश दिया था लेकिन शनिवार, 18 अप्रैल को अदालत ने अपने ही आदेश पर रोक लगा दिया है.
Live Law की रिपोर्ट के मुताबिक, मामले की सुनवाई जस्टिस सुभाष विद्यार्थी की बेंच कर रही थी. बेंच ने एक दिन पहले दिए अपने ही आदेश को टाइप और साइन किए जाने से पहले ही प्रभावी रूप से रोक दिया. इंडिया टुडे से जुड़े संतोष शर्मा की रिपोर्ट के मुताबिक, हाईकोर्ट ने लिखित तौर पर FIR दर्ज करने के आदेश से पहले राहुल गांधी को नोटिस भेजने की बात कही. सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने FIR दर्ज करने के आदेश से पहले आरोपी बनाए गए राहुल गांधी को भी नोटिस देकर उनका पक्ष जानने की जरूरत समझी.
इसके लिए बेंच ने इलाहाबाद हाईकोर्ट की फुल बेंच के जगन्नाथ वर्मा केस में दिए गए ऑर्डर का हवाला दिया और कहा कि राहुल गांधी को अपना पक्ष रखने के लिए एक मौका दिया जाना चाहिए.
इस मामले की अगली सुनवाई 20 अप्रैल को होगी. बता दें कि राहुल गांधी पर दोहरी नागरिकता को लेकर सबसे पहले साल 2015 में रायबरेली की स्पेशल एमपी-एमएलए कोर्ट में शिकायत दर्ज कराई गई थी. बाद में साल 2019 में गृह मंत्रालय ने राहुल गांधी से उनकी नागरिकता के विषय में स्पष्टीकरण भी मांगा था. वहीं, लखनऊ की एमपी-एमएलए कोर्ट ने 28 जनवरी 2026 को राहुल गांधी पर FIR दर्ज करने की अपील ये कहते हुए खारिज कर दी कि नागरिकता के जुड़े मामलों पर फैसला लेने में वह सक्षम नहीं है. इसके बाद याचिकाकर्ता इस कोर्ट के फैसले के खिलाफ इलाहाबाद हाईकोर्ट पहुंच गए.
हाईकोर्ट ने याचिकाकर्ता की अपील मंजूर करते हुए राहुल के खिलाफ FIR दर्ज करने का ऑर्डर दे दिया. लेकिन आज यानी शनिवार, 18 अप्रैल को अपने इस फैसले को वापस ले लिया है.
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