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ईरान से आए टमाटरों को पाकिस्तानियों ने 'शिया टमाटर' बोलकर सड़क पर फेंका?

पाकिस्तान में सड़क पर टमाटर फेंकने का वीडियो वायरल है.

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13 सितंबर 2022 (अपडेटेड: 13 सितंबर 2022, 07:24 PM IST)
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वायरल दावे के स्क्रीनशॉट्स.
Quick AI Highlights
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दावा

पाकिस्तान, टमाटर और शिया. टमाटर में शिया-सुन्नी वाले दावे के साथ एक वीडियो वायरल है. लगभग 1 मिनट के वीडियो में एक ट्रक से कुछ लोग टमाटर की पेटियां जमीन पर फेंक रहे हैं और घटना के बारे में कॉमेन्ट्री करते हुए एक व्यक्ति कह रहा है,

ये कौम इतनी ज़्यादा पक्षपाती हो गई है कि इस पर अल्लाह का अज़ाब क्यों न आए? ईरान ने हमारी मदद के लिए प्याज़ और टमाटर भेजे हैं लेकिन ये लोग इसे फेंक रहे हैं, और कह रहे हैं कि ये शिया टमाटर-प्याज़ है. इन लोगों से बाकी सब्जियों का मज़हब पूछो? क्या सब्ज़ी का भी कोई मज़हब होता है? जाहिल मौलवियों से पाकिस्तान को बचा लो. ये मौलवी पाकिस्तान को स्टोन ऐज में ले जा लेंगे.

भारत में वीडियो को शेयर कर सोशल मीडिया यूज़र्स का दावा है कि वीडियो पाकिस्तान का है और शिया बहुल देश ईरान से टमाटर आने पर टमाटर फेंके जा रहे हैं. 
न्यूज़ चैनल ZEE NEWS ने अपने प्रोग्राम 'देशहित' में वायरल वीडियो के आधार पर रिपोर्ट तैयार की और लिखा, (आर्काइव)

पाकिस्तान में 'शिया टमाटर'!

Zee News के ट्वीट का स्क्रीनशॉट.


न्यूज़ एंकर गौरव अग्रवाल ने वायरल वीडियो ट्वीट कर लिखा, (आर्काइव)

पाकिस्तान की दशा पर एक पाकिस्तानी की व्यथा सुनिए. ये टमाटर इसलिए फेंका जा रहा है क्योंकि ये ईरान से आया है और इसलिए ये 'शिया टमाटर' है.

गौरव अग्रवाल के ट्वीट का स्क्रीनशॉट.


न्यूज़ चैनल टाइम्स नाउ नवभारत ने वायरल वीडियो को 'शिया टमाटर' के दावे के साथ अपने यूट्यूब चैनल पर अपलोड किया है. 12 सितंबर, 2022 को ABP News  ने रात 10 बजे ऑन एयर होने वाले प्राइम टाइम शो 'घंटी बजाओ' में भी वायरल वीडियो का जमकर इस्तेमाल किया है. (आर्काइव)

इन सबके अलावा कई और सोशल मीडिया यूज़र्स ने वायरल वीडियो को ऐसे ही मिलते-जुलते दावों के साथ शेयर किया है.

पड़ताल

'दी लल्लनटॉप' ने वायरल दावे का सच जानने के लिए पड़ताल की. हमारी पड़ताल में वायरल दावा भ्रामक साबित हुआ. पाकिस्तान में ईरान से आए टमाटर का लोगों ने विरोध किया था लेकिन इसमें शिया-सुन्नी वाला कोई एंगल नहीं है. 
कुछ कीवर्ड्स की मदद से सर्च करने पर हमें वायरल वीडियो पाकिस्तानी पत्रकार Murtaza Solangi के ट्विटर अकाउंट पर मिला. मुर्तजा ने 10 सितंबर, 2022 को वीडियो ट्वीट करते हुए कैप्शन लिखा,

यह वीडियो कल से एक सांप्रदायिक एंगल का हवाला देते हुए वायरल हो गया था जब क्वेटा के 120 किमी. दक्षिण पर मौजूद पश्चिम मंगोचर, कलात के किसानों / व्यापारियों ने ईरान से आने वाले टमाटर और अन्य सब्जियों को नष्ट कर दिया था. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि उनकी फसल तैयार है और सरकार को आयात (Import) बंद कर देना चाहिए। #FactCheck

घटना के बारे में ज्यादा जानकारी के लिए हमने पाकिस्तानी अखबार DAWN की वेबसाइट पर 10 सितंबर, 2022 को पब्लिश हुई रिपोर्ट को पढ़ा. रिपोर्ट के मुताबिक, 

'बीते शुक्रवार यानी 9 सितंबर को मंगोचर में प्रदर्शनकारी इकट्ठे हुए और क्वेटा-कराची नेशनल हाईवे को ब्लॉक कर दिया था. एक अधिकारी के मुताबिक, इस दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों ने ईरान से आए टमाटरों से भरी ट्रक को रोका और फिर टमाटर की पेटियां फेंकनी शुरू कर दीं. इस दौरान प्रदर्शनकारी सरकार के खिलाफ नारे लगा रहे थे और उनका कहना था कि जब उनकी फसल बाजार में जाने के लिए तैयार है तो सरकार ईरान से टमाटर क्यों मंगवा रही है? विरोध का आयोजन करने वाले बलूचिस्तान जमींदार एसोसिएशन ने टमाटर को फेंकने की निंदा की और घटना से खुद को अलग कर लिया. एसोसिएशन की मांग है कि जब तक टमाटर की स्थानीय फसल बाजार में नहीं आ जाती तब तक सरकार को इस तरह के आयात पर रोक लगानी चाहिए.'

Geo News की माने तो टमाटर फेंकने वाले युवक की गिरफ्तारी हो चुकी है. Geo News की वेबसाइट पर छपी 9 सितंबर, 2022 की रिपोर्ट के मुताबिक, 

'कलात कमिश्नर दाऊद खिलजी का कहना है कि वायरल वीडियो के आधार पर पहचान कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है, वहीं मामले में अन्य संदिग्धों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है.'

घटना को लेकर Independent Urdu, Samaa News समेत तमाम पाकिस्तानी मीडिया संस्थानों ने रिपोर्ट पब्लिश की है लेकिन किसी भी रिपोर्ट में टमाटर फेंकने के कारण में शिया-सुन्नी जैसे एंगल का कोई जिक्र नहीं है.

घटना के बारे में ज्यादा जानकारी के लिए हमने बलूचिस्तान में रहकर Independent Urdu के लिए काम करने वाले पत्रकार Hazar Khan Baloch से संपर्क कर उन्हें भारत में वायरल हो रहा वीडियो भेजा. वीडियो देखने के बाद उन्होंने बताया,

'वीडियो में युवक जो बातें बोल रहा है, वो बिल्कुल गलत है. मामले में किसी भी तरह का सांप्रदायिक एंगल नहीं है. मंगोचर में प्रदर्शन कर रहे स्थानीय जमींदारों का कहना था कि उनकी फसल तैयार है इसलिए ईरान से आयात बंद होना चाहिए. इन्हीं में कुछ लोगों ने ईरान से आए एक ट्रक को रोका और टमाटर फेंकने शुरू कर दिए. वीडियो वायरल होने के बाद हफीज़ुर रहमान नाम के आरोपी की गिरफ्तारी भी हो चुकी है.'

कहां से आया वायरल वीडियो?

वीडियो को अगर गौर से देखेंगे तो एक जगह पर Tiktok के साथ @aghaalisha786 लिखा दिखेगा. टिकटॉक चूंकि भारत में बैन है इसलिए इस अकाउंट को खोजने के लिए हमने भारत से बाहर रह रहे एक पत्रकार साथी की मदद ली. @aghaalisha786 यूज़रनेम के साथ टिकटॉक पर Agha Alisha का अकाउंट मौजूद है और इनके टमाटर वाले वायरल वीडियो को पड़ताल लिखे जाने तक 3 लाख से ज्यादा व्यूज़ मिल चुके हैं.

@aghaalisha786 के टिकटॉक अकाउंट के  स्क्रीनशॉट्स.
नतीजा

'दी लल्लनटॉप' की पड़ताल में वायरल वीडियो के साथ किया जा रहा दावा भ्रामक निकला. वीडियो में दिख रही घटना बलूचिस्तान के कलात जिले में मौजूद मंगोचर की है, जहां स्थानीय जमींदारों ने ईरान से टमाटरों के आयात का विरोध किया था और इन्हीं में से कुछ लोगों ने ट्रक से टमाटर फेंक दिए थे. घटना में किसी भी तरह का शिया-सुन्नी जैसा कोई एंगल नहीं है. 

पड़ताल की वॉट्सऐप हेल्पलाइन से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें. 

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