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पड़ताल: JNU के वायरल वीडियो में पिटने नहीं, पीटने वाला छात्र ABVP का है

दावा वायरल है कि लेफ्ट पार्टी के सदस्य ABVP के कार्यकर्ताओं को पीट रहे हैं.

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6 जनवरी 2020 (अपडेटेड: 17 नवंबर 2020, 01:50 PM IST)
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JNU में हिंसा के बारे में ये वीडियो वायरल हो रहा है. दावा है कि इसमें लेफ्ट पार्टी के सदस्य ABVP कार्यकर्ता को पीट रहे हैं.
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दावा जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी. JNU में 5 जनवरी को छात्रों के साथ हिंसा हुई. इसके कई वीडियो सामने आ रहे हैं. JNU छात्रसंघ का दावा है कि हिंसा के पीछे RSS का छात्र संगठन ABVP है. वहीं ABVP कैंपस की वामपंथी पार्टियों पर दोष मढ़ रही है. एक वीडियो
भी सोशल मीडिया पर वायरल किया जा रहा है जिसमें लाल रंग की स्वेटर पहने दिख रहा शख़्स हरे रंग की जैकेट पहने लड़के को पीटता दिख रहा है. दावा किया जा रहा है कि वामपंथी छात्र ABVP के कार्यकताओं को पीट रहे हैं. असल दावा अंग्रेज़ी में किया जा रहा है. हम हिंदी अनुवाद यहां लिख रहे हैं. (आर्काइव लिंक
)
इससे JNU परिसर में झड़पें शुरू हो गईं. लेफ्ट पार्टियों से जुड़े छात्रों ने ABVP के सदस्यों को पीटा जब वो एडमिशन प्रोसेस के लिए काम कर रहे थे. वामपंथी पार्टियों से जुड़े छात्र JNU में एडमिशन प्रोसेस को रद्द करना चाहते थे.
इस दावे को फेसबुक और ट्विटर पर शेयर किया जा रहा है. ट्विटर पर सुमित कुमार सिंह नाम के यूज़र ने दावा पोस्ट
किया है. उनके दावे को क़रीब 4 हज़ार बार री-ट्वीट और लाइक किया जा चुका है. भारत के पब्लिक ब्रॉडकास्टर प्रसार भारती की डिजीटल न्यूज़ सर्विस के ट्विटर हैंडल से भी ये वीडियो पोस्ट किया गया है. ट्वीट में इस वीडियो को JNU VC मामिडाला जगदीश कुमार के दावे का सबूत बताते हुए दावा किया गया है कि हिंसा के पीछे विंटर सेशन के रजिस्ट्रेशन का विरोध करने वाले लोग हैं जो विश्वविद्यालय के अकादमिक माहौल में बाधा पहुंचा रहे हैं.

प्रसार भारती के इस ट्वीट को JNU के VC मामिडाला जगदीश कुमार ने भी री-ट्वीट किया है.
"attachment_223877" align="aligncenter" width="700"वायरल वीडियो में लाल स्वैटर पहने दिख रहा शख़्स सर्वेद्र. InVid के मैग्निफायर टूल से हमने वीडियो के स्क्रीनग्रैब को ज़ूम किया. तो तस्वीर ऐसी दिखी. बाईं ओर दिख रही तस्वीर सर्वेंदर की वॉट्सएप प्रोफाइल फोटो है.
वायरल वीडियो में लाल स्वैटर पहने दिख रहा शख़्स शर्वेंदर. InVid मैग्निफायर टूल से हमने वीडियो के स्क्रीनग्रैब को ज़ूम किया. तो तस्वीर ऐसी दिखी. बाईं ओर दिख रही तस्वीर शर्वेंदर की वॉट्सएप प्रोफाइल फोटो है.

शर्वेंदर से उनका पक्ष जानने के लिए हमने संपर्क करने की कोशिश की. लेकिन बार-बार फोन करने के बाद भी शर्वेंदर से बात नहीं हो पाई. कॉल के अलावा मैसेज और सोशल मीडिया के ज़रिए भी हमने संपर्क की कोशिश की. लेकिन शर्वेंदर की ओर से कोई जवाब नहीं मिला.
हमने ABVP की JNU यूनिट के प्रेसिडेंट दुर्गेश कुमार से संपर्क किया. उन्होंने भी इस मामले पर कोई साफ जवाब नहीं दिया. इतना दावा ज़रूर किया कि ABVP का कोई भी कार्यकर्ता हिंसा में शामिल नहीं है.
लेकिन शिव जांगिड़ नाम के यूज़र का 2017 में पोस्ट किया गया एक ट्वीट इस दावे की पोल खोलता है. शिव जांगिड़ के इस ट्वीट में शर्वेंदर दिखाई दे रहा है. ट्वीट में लोकेशन केरल बताई गई है. इस फोटो में शर्वेंदर ने गले में एक ID कार्ड पहना हुआ है. जिसपर ABVP साफ पढ़ा जा सकता है. ये ABVP के 2017 में हुए 'चलो केरल' अभियान के दौरान की तस्वीर है.
Sharvender Jnu Kerala
केरल में साथी ABVP कार्यकर्ताओं के साथ मौजूद शर्वेंदर. ये 2017 में आयोजित ABVP के 'चलो केरल' अभियान के दौरान ली गई थी.

इसी तस्वीर का क्लोज़-अप यहां देख सकते हैं.
शर्वेंदर के गले में लटका ABVP का ID कार्ड.
शर्वेंदर ने  ABVP का ID कार्ड
.


इसके अलावा हमें कुछ पुरानी फोटोज़ भी मिलीं. इनमें शर्वेंदर JNU के वाइस चांसलर मामिडाला जगदीश कुमार के साथ खड़ा दिखाई दे रहा है. इस ट्वीट को आप यहां क्लिक
करके देख सकते हैं.
JNU VC मामिडाला जगदीश कुमार के साथ खड़ा शर्वेंदर. दाएं से तीसरा.
JNU VC मामिडाला जगदीश कुमार के साथ खड़ा शर्वेंदर. दाएं से तीसरा.

नतीजा हमारी पड़ताल में ये दावा झूठ निकला कि लेफ्ट पार्टी का स्टूडेंट एबीवीपी के कार्यकर्ता को पीट रहा है. सच ये है कि लाल रंग की स्वेटर पहना शख़्स वामपंथी पार्टी का सदस्य नहीं है. उसका नाम शर्वेंदर है और वो एबीवीपी का सदस्य है. ABVP के शर्वेंदर ने हरी जैकेट पहने विवेक को पीट रहा है. विवेक वामपंथी पार्टी AISA का सदस्य है. इसलिए ये वीडियो दिखाकर कहना कि ABVP कार्यकताओं को वामपंथी संगठन पीट रहे हैं, भ्रामक है.
अगर आपको भी किसी ख़बर पर शक है तो हमें मेल करें- padtaalmail@gmail.com पर. हम दावे की पड़ताल करेंगे और आप तक सच पहुंचाएंगे.


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