दावासोशल मीडिया पर दावाकिया जा रहा है कि पटना में चांद मोहम्मद और साथियों ने सनी गुप्ता नाम के शख़्स कीहत्या कर दी है. इस ख़बर को सांप्रदायिक एंगल देकर फैलाया जा रहा है(आर्काइव लिंक).वायरल दावे के हम ज्यों का त्यों लिख रहे हैं- 21 अप्रैल को चांद मुहम्मद गैंग नेंपटना में सनी गुप्ता को गोली मार दी थी और सनी की शवयात्रा में मोमिनों नें पथरावकिया। कोई मीडिया बहस नहीं, कोई नेता सनी के घर नहीं पहुंचा, किसी नौकरशाह ने सनीके लिए चिट्ठी नहीं लिखी है, कोई पत्रकार इसे धर्मनिरपेक्षता पर हमला नहीं बता रहाहै?ट्विटर पर वेरिफाइड हैंडल आई.पी. पटेल ने भी यही दावापोस्ट किया है. उनके ट्वीट को 7.5 हज़ार से ज़्यादा बार री-ट्वीट किया जा चुका है.(आर्काइव लिंक).21 अप्रैल को चांद मुहम्मद गैंग नें पटना में सनी गुप्ता को गोली मार दी थी और सनीकी शवयात्रा में मोमिनों नें पथराव किया।कोई मीडिया बहस नहीं, कोई नेता सनी के घर नहीं पहुंचा, किसी नौकरशाह ने सनी के लिएचिट्ठी नहीं लिखी है, कोई पत्रकार इसे धर्मनिरपेक्षता पर हमला नहीं बता रहा है।— Prashant Patel Umrao (@ippatel) April 28, 2020इसके अलावा कईऔर यूज़र्सने यही दावा पोस्ट किया है.पड़तालहमने दावे की पड़ताल की. हमारी पड़ताल में ये दावा भ्रामक निकला.दावे की जांच के लिए हमने कीवर्ड की मदद से ख़बर खोजी. हमें हिंदुस्तान वेबसाइट पर26 अप्रैल को पब्लिश हुई एक ख़बरमिली. इसमें लिखा था कि सनी गुप्ता हत्याकांड के मुख्य आरोपित मोहम्मद चांद कोगिरफ्तार कर लिया गया है. ख़बर के मुताबिक, पटना सिटी पूर्वी के SP जितेंद्र कुमारके नेतृत्व में ये कार्रवाई हुई थी.हमने मामले को विस्तार से जानने के लिए SP जितेंद्र कुमार से बात की. उन्होंने 'दीलल्लनटॉप' को बताया, खाजेकला थाने के तहत आने वाले नून का चौराहा इलाके की ये घटनाहै. 21 अप्रैल को यहां कुछ लोग लॉकडाउन तोड़ रहे थे. मौके पर मौजूद NCC कैडेट्स नेउन्हें समझाने की कोशिश की. मामला बढ़ा और हुड़दंगियों ने वहां से जाते हुएपत्थरबाज़ी शुरू कर दी. जब पुलिस उस इलाके में पहुंची तो चांद मोहम्मद और साथियोंने हवाई फायर शुरू कर दिए. इसी दौरान वो अपने घर तक पहुंचा, जो सनी के घर से सटाहुआ है. उसकी हवा में दागी गोली छत पर खड़े सनी के सिर में लग गई. चांद मोहम्मदपुराना क्रिमिनल है. लेकिन इस मामले का कोई सांप्रदायिक एंगल नहीं है. चांद मोहम्मदपर हुई कार्रवाई के बारे में उन्होंने बताया, हमने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्यअभियुक्त चांद मोहम्मद समेत कुल छह लोगों को गिरफ्तार किया है. इनके खिलाफ IPC कीधारा 302, 188, 269, 270, 271, और 34 के तहत मामला दर्ज किया गया है. हमने इसमामले के बारे में खाजेकला थाने के SHO सनावर खान से बात की. उन्होंने बताया, जोलोग कह रहे हैं कि घर में घुसकर या सांप्रदायिक मामले के वजह से गोली मारी, ऐसानहीं है. ये सब गलत बाते हैं. उस इलाके में अल्पसंख्यक समुदाय के लोग ज़्यादा रहतेहैं. लेकिन सभी सनी के परिवार के साथ हैं. हम जल्द ही इस मामले में चार्जशीट फाइलकरेंगे. वायरल मैसेज में ये भी दावा किया जा रहा है कि सनी की शवयात्रा परमुस्लिमों ने पथराव किया है. इस SP जितेंद्र कुमार ने कहा, ये दावा ग़लत है. सनी कीशवयात्रा में शामिल कुछ हुड़दंगियों ने पथराव किया था. ये मुस्लिम नहीं थे. लोगभावुक थे, इसलिए पुलिस के लिए हालात काबू करना चुनौतीपूर्ण था. लॉकडाउन के दौरान तयसंख्या से ज़्यादा लोग शवयात्रा में पहुंचे थे. इसलिए, क़रीब 50 लोगों पर लॉकडाउनउल्लंघन का मामला दर्ज किया गाया है.शवयात्रा में हुंडदंग करने वालों पर हुई FIR. इस पर आरोपियों के नाम भी लिखे हैं.पुलिस के अलावा हमने स्थानीय पत्रकारों से भी इस मामले में जानकारी ली. सभी ने यहीबात कही कि ये मामला सांप्रदायिक नहीं है.नतीजाकुल मिलाकर हमारी पड़ताल में नतीजा निकला कि पटना के खाजेकला थाना इलाके में हुएसनी हत्याकांड का कोई सांप्रदायिक एंगल नहीं है. पुलिस प्रशासन और स्थानीयपत्रकारों ने इस मामले की तस्दीक की है. साथ ही साफ किया कि सनी की शवयात्रा मेंमुस्लिमों ने पत्थर नहीं चलाए थे. कुछ लोगों ने हुड़दंग किया था जो खुद शवयात्रामें शामिल थे.अगर आपको भी किसी ख़बर पर शक है तो हमें मेल करें- padtaalmail@gmail.comपर. हम दावे की पड़ताल करेंगे और आप तक सच पहुंचाएंगे.कोरोना वायरस से जुड़ी हर बड़ी वायरल जानकारी की पड़ताल हम कर रहे हैं. इस लिंक परक्लिककरके जानिए वायरल दावों की सच्चाई.