सुवेंदु अधिकारी को ये भी पता है इस बार ममता बनर्जी को कितने वोटों से हराएंगे
बीजेपी के उम्मीदवार सुवेंदु अधिकारी ने दावा किया है कि भबानीपुर सीट पर ममता बनर्जी उनके लिए कोई चुनौती नहीं हैं. वह उन्हें कम से कम 25 हजार वोटों से हराएंगे.

पश्चिम बंगाल की दो विधानसभा सीटों से चुनाव लड़ रहे भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी ने ममता बनर्जी को फिर से हराने का दावा किया है. उन्होंने ये तक बता दिया कि वह CM ममता बनर्जी को कितने वोटों से हराएंगे.
भबानीपुर और नंदीग्राम सीटों से भाजपा ने सुवेंदु अधिकारी को उम्मीदवार बनाया है. वहीं, ममता बनर्जी नंदीग्राम की बजाय इस बार भबानीपुर सीट से लड़ रही हैं. पिछले चुनाव में ममता ने सुवेंदु अधिकारी को चुनौती देते हुए उनके गढ़ नंदीग्राम से ही पर्चा भर दिया था, जिसमें अधिकारी ने उन्हें 1956 वोटों से हरा दिया था.
यही वजह होगी कि सुवेंदु अधिकारी आत्मविश्वास से लबरेज हैं. इस बार वो चुनाव के नतीजों को लेकर बड़ा दावा कर रहे हैं. भबानीपुर में अपने प्रचार अभियान की शुरुआत करते हुए उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी से उन्हें कोई चुनौती नहीं है. वह दूसरी बार ममता बनर्जी को हराएंगे. ये कहते हुए उन्होंने सीएम की हार का मार्जिन भी साफ-साफ बता दिया.
हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, सुवेंदु अधिकारी ने कहा,
“मैंने भबानीपुर के वोटर्स से बात की है और समझ गया कि उनका मत क्या है. ममता बनर्जी कोई चुनौती नहीं हैं. मैं उन्हें कम से कम 25 हजार वोटों से हराऊंगा. मैं उन्हें दूसरी बार हराऊंगा.”
मंगलवार 17 मार्च को ममता बनर्जी से भी पूछा गया था कि क्या सुवेंदु अधिकारी उनके लिए चुनौती हैं. इस पर जवाब देते हुए ममता ने इतना ही कहा कि उन्हें भबानीपुर की जनता पर पूरा भरोसा है. वह यहां के लोगों के लिए साल के 365 दिन काम करती हैं. ममता ने यह भी दावा किया कि इस बार उनकी पार्टी बंगाल में 226 सीटें जीतने वाली है.
दक्षिण कोलकाता लोकसभा इलाके में आने वाला भबानीपुर तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) का गढ़ माना जाता है. 29 अप्रैल को बंगाल चुनाव के दूसरे चरण में यहां मतदान होगा.
16 मार्च को जब भाजपा ने अपने उम्मीदवारों की पहली लिस्ट जारी की तो कभी ममता बनर्जी के करीबी रहे सुवेंदु अधिकारी को दो सीटों से उम्मीदवार बनाया. दोनों ही सीटें ऐसी थीं, जहां से ममता बनर्जी के चुनाव लड़ने की संभावना थी. बाद में जब टीएमसी के उम्मीदवारों की लिस्ट जारी हुई तो ममता का नाम भबानीपुर से था. ममता चौथी बार इस सीट से चुनाव लड़ेंगी.
वो उस नंदीग्राम सीट से चुनाव नहीं लड़ेंगी, जहां पिछली बार सुवेंदु अधिकारी ने उन्हें हरा दिया था. टीएमसी ने इस बार वहां से पबित्र कर को खड़ा किया है. पबित्र कर सुवेंदु अधिकारी के करीबी माने जाते हैं. हाल ही में वह भाजपा छोड़कर टीएमसी में शामिल हुए और पार्टी ने उन्हें अधिकारी को ही हराने की जिम्मेदारी सौंप दी.
नंदीग्राम से दो बार चुनाव जीत चुके अधिकारी के लिए क्या पबित्र कर चुनौती हैं? इस सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, “मैं उस व्यक्ति के बारे में एक शब्द भी नहीं बोलूंगा. नरेंद्र मोदी जी ने मुझे दोनों सीटों (नंदीग्राम और भबानीपुर) से चुनाव लड़ने और भाजपा की जीत सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है.”
बता दें कि सुवेंदु अधिकारी ने 2021 के बंगाल चुनाव से ठीक पहले टीएमसी छोड़ भाजपा का दामन थाम लिया था. इसके बाद ममता ने उन्हें चुनौती देते हुए उनके नंदीग्राम सीट से लड़ने का ऐलान कर दिया था. सुवेंदु को उनके ही गढ़ में चुनौती देने वाली ममता बनर्ती सिर्फ 1956 वोटों से चुनाव हारीं, लेकिन उनकी पार्टी को स्पष्ट बहुमत मिला.
बाद में अपनी पुरानी भबानीपुर सीट से उपचुनाव जीतकर ममता विधायक बनीं. इस चुनाव में टीएमसी को बंगाल की 294 सीटों में से 213 सीटें मिली थीं. वहीं भाजपा सिर्फ 77 सीटों पर जीत सकी.
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