राजनीति बिलकुल क्रिकेट की तरह ही है. कब कौन बढ़िया शॉट लगा जाए पता नहीं. और कौनउस मैच का विलेन साबित हो जाए वो भी पता नहीं. समाजवादी में हीरो बनने और विलेनबनने का ड्रामा चल रहा है. ये कहिये ट्विस्ट आ रहे हैं. या ये कह लीजिये की धोबीघाट पटकी देने वाला खेल चल रहा है. अब हुआ ये है कि सीएम साहब ने चाचा शिवपाल कोगुलाटी मार के दिखा दिया. मल्लब कैबिनेट से बर्खास्त कर दिया. सिर्फ उन्हें ही नहींतीन और मंत्रियों को भी अपने तेवर दिखा दिए हैं मियां अखिलेश ने. अखिलेश यादव के येतेवर देखकर कयास लगाए जाने लगे हैं कि क्या वो नई समाजवादी पार्टी का गठन करने वालेहैं. अंजाम कुछ भी हो. अभी कई रंग देखने को मिलेंगे फिलहाल ये पढ़ लो हुआ क्या है.अखिलेश यादव ने कैबिनेट से चाचा शिवपाल सिंह यादव समेत नारद राय, ओम प्रकाश सिंह औरशादाब फातिमा को बर्खास्त कर दिया है. बर्खास्तगी की चिट्ठी राज्यपाल राम नाईक कोभेज दी है. इससे पहले अखिलेश यादव ने अपने सरकारी आवास पर विधायकों की मीटिंग बुलाईथी. मीटिंग में शिवपाल के सपोर्टर्स को नहीं बुलाया गया था. इस मीटिंग में किसी कोभी फोन ले जाने की इजाजत नहीं थी. जानकारी के मुताबिक अखिलेश ने मीटिंग में कहा किजो भी अमर सिंह के साथ है उन्हें हटाया जाएगा. अमर सिंह परिवार को तोड़ रहे हैं. जिसव्यक्ति ने पार्टी में झगड़े पैदा किए, उन्हें माफी नहीं दी जाएगी. खबर सूत्रों केहवाले से है. मीटिंग में अखिलेश यादव ने ये भी कहा कि सपा नेता जी मल्लब मुलायमसिंह यादव की है और वही उनके उत्तराधिकारी हैं. मुलायम सिंह ने कल पार्टी विधायकोंकी एक बैठक बुलाई है. खबर है कि अखिलेश यादव भी कल की बैठक में शामिल होंगे. अखिलेशके खेमे पर भी कुछ गाज गिरने की अटकलें लगायी जा रही हैं. और इनमें नाम पार्टीमहासचिव रामगोपाल यादव का सामने आ रहा है. यानी उनपर कर्रा एक्शन लिया जा सकता है.एक लेटर बना मुसीबतरामगोपाल यादव ने शनिवार को पार्टी कार्यकर्ताओं को अखिलेश के सपोर्ट में एक लेटरलिखा था. ANI के मुताबिक, राम गोपाल ने पत्र में लिखा कि राष्ट्रीय विरोधियों केगले में फांस है, इस फांस को और शार्प करना है. अखिलेश का विरोध करने वाले विधानसभाका मुंह नहीं देख पाएंगे. जहां अखिलेश वहां जीत.--------------------------------------------------------------------------------ये भी पढ़ेंबसपा ने कुरान पढ़ना शुरू कर दिया हैअंदर की कहानी: जब गांधी परिवार की सास-बहू में हुई गाली-गलौजक्या इंदिरा गांधी को 'दुर्गा' कह कर पलट गए थे अटल बिहारी?