Jio के IPO पर आया बड़ा अपडेट, मुकेश अंबानी की कंपनी कब उतरेगी शेयर मार्केट में?
Reliance Jio IPO: यह IPO ऐसे समय में आने की उम्मीद है जब भारत के शेयर बाजार के लिए स्थिति काफी चुनौती भरी है. लगातार दो साल कंपनियों ने आईपीओ से रिकॉर्ड पैसा जुटाया है. हालांकि, इस साल आईपीओ के जरिये पैसे जुटाने की गतिविधि धीमी हो गई है.

मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस जियो इन्फोकॉम इनीशियल पब्लिक ऑफर (IPO) जल्द लॉन्च कर सकती है. इकोनॉमिक टाइम्स की एक रिपोर्ट में 17 जून को फाइनेंशियल टाइम्स में छपी एक खबर के हवाले से यह जानकारी दी गई है.
जियो काफी समय से यह आईपीओ लॉन्च करने की योजना बना रही है, लेकिन कंपनी अब मार्केट रेगुलेटर सेबी के पास इस आईपीओ के जरूरी डाक्यूमेंट्स जमा करने की तैयारी कर रही है. कंपनी अपनी 19 जून को होने वाली एजीएम (सालाना आम सभा) से पहले सेबी के पास आईपीओ से जुड़ा मसौदा दस्तावेज जमा कर सकती है.
एजीएम को रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी संबोधित करेंगे. रिलायंस इंडस्ट्रीज की एजीएम 19 जून 2026 को भारतीय समयानुसार दोपहर 2:00 बजे आयोजित की जाएगी.
Jio IPO से 38 हजार करोड़ जुटाएगीजियो की इस आईपीओ के जरिये 4 अरब डॉलर (करीब 38 हजार करोड़ रुपये) जुटाने योजना है. प्रस्तावित आईपीओ को भारत का अब तक का सबसे बड़े आईपीओ में से एक माना जा रहा है. पिछले साल हुंडई मोटर इंडिया ने भारत का सबसे बड़ा आईपीओ लांच किया था. इस आईपीओ के जरिये हुंडई मोटर इंडिया ने निवेशकों से 3.3 अरब डॉलर (करीब 31 हजार करोड़ रुपये) जुटाए थे.
इस साल की शुरुआत में, द इकोनॉमिक टाइम्स ने खबर दी थी कि रिलायंस ने ऑफर-फॉर-सेल (OFS) स्ट्रक्चर से हटकर एक आईपीओ का विकल्प चुना है. खबरों के मुताबिक, यह फैसला मौजूदा निवेशकों के साथ वैल्यूएशन पर हुई चर्चा के बाद लिया गया. रिवाइज स्ट्रक्चर के तहत, आईपीओ से जुटाई गई रकम जियो को जाएगी न कि मौजूदा शेयरधारकों को जो अपनी हिस्सेदारी बेच रहे हैं. इसका उद्देश्य अत्यधिक वैल्यूएशन की उम्मीदों को रोकना और लिस्टिंग के बाद वैल्यू क्रिएशन के लिए गुंजाइश छोड़ना भी है.
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शेयर बाजार के लिए 'रामबाण' साबित होगा Jio का IPO?यह आईपीओ ऐसे समय में आने की उम्मीद है जब भारत के शेयर बाजार के लिए स्थिति काफी चुनौती भरी है. लगातार दो साल कंपनियों ने आईपीओ से रिकॉर्ड पैसा जुटाया है. हालांकि इस साल आईपीओ के जरिये पैसे जुटाने की गतिविधि धीमी हो गई है.
साल 2020 में जियो प्लेटफॉर्म्स ने गूगल, मेटा, सऊदी अरब के पब्लिक इन्वेस्टमेंट फंड, विस्टा इक्विटी, केकेआर, सिल्वर लेक, जनरल अटलांटिक, अबू धाबी इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी, टीपीजी, एल कैटरटन, इंटेल कैपिटल और क्वालकॉम वेंचर्स सहित 13 वैश्विक निवेशकों से 1.5 लाख करोड़ रुपये (20 अरब डॉलर) से ज्यादा रकम जुटाई है.
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