The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • Fact Check
  • statue of unity sardar patel cracks emerges viral image fact check

Statue of Unity में दरारें पड़ीं? तस्वीर वायरल करने वाले ये स्टोरी सहन नहीं कर पाएंगे

यह प्रतिमा देश के पहले गृह मंत्री सरदार पटेल को समर्पित है. वायरल तस्वीर में सरदार पटेल के पैर के पास कुछ गैप नज़र आ रहे हैं. तस्वीर को शेयर करके दावा किया जा रहा कि स्टैच्यू ऑफ यूनिटी में 'दरारें' पड़नी शुरू हो गई हैं.

Advertisement
statue of unity sardar patel cracks emerges viral image fact check
गुजरात में स्टैच्यू ऑफ यूनिटी की वायरल तस्वीर भ्रामक दावे के साथ वायरल. (तस्वीर:सोशल मीडिया)
pic
शुभम सिंह
9 सितंबर 2024 (अपडेटेड: 9 सितंबर 2024, 08:51 PM IST)
font-size
Small
Medium
Large
font-size
Small
Medium
Large
whatsapp share

कुछ दिन पहले महाराष्ट्र के सिंधुदुर्ग में मराठा सम्राट छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा तेज हवा के चलते गिर गई थी. इसके बाद सूबे की राजनीति में आया तूफान अभी तक थमा नहीं था कि अब गुजरात के नर्मदा में बनी दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ की एक तस्वीर वायरल है. यह प्रतिमा देश के पहले गृह मंत्री सरदार वल्लभभाई पटेल की है. वायरल तस्वीर में प्रतिमा के पैर के पास कुछ गैप नज़र आ रहे हैं. तस्वीर को शेयर करके दावा किया जा रहा कि स्टैच्यू ऑफ यूनिटी में ‘दरारें’ पड़नी शुरू हो गई हैं. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स और फेसबुक पर कई यूजर्स ने फोटो को शेयर किया है. इन यूजर्स का दावा है कि प्रतिमा ‘कभी भी गिर सकती है’. ‘Raga for India’ नाम के एक यूजर ने एक्स पर लिखा, “कभी भी गिर सकती है. दरार पड़ना शुरू हो गई.” इस पोस्ट को 7 लाख से अधिक व्यूज मिल चुके हैं.

Image embed

इसी तरह के दावे कई अन्य यूजर्स ने भी किए हैं, जिनकी तस्वीरें आप यहां और यहां देख सकते हैं.

पड़ताल

क्या सरदार पटेल की प्रतिमा में दरार पड़नी शुरू हो गई है? इसकी सच्चाई जानने के लिए हमने वायरल तस्वीर को गूगल पर रिवर्स सर्च किया. हमें साल 2018 में छपी कई मीडिया रिपोर्ट्स और आर्टिकल्स में यह तस्वीर मिली. इससे साफ है कि वायरल हो रही तस्वीर हालिया नहीं है, करीब 6 साल पुरानी है. अमेरिकी मीडिया संस्थान ‘The Washington Post’ में 29 अक्टूबर, 2018 को छपी एक ऐसी ही रिपोर्ट में यह तस्वीर है. यहां दिए गए कैप्शन के अनुसार, यह तस्वीर प्रतिमा के बनने के वक्त की है. तस्वीर का क्रेडिट यूरोपियन प्रेस फोटो एजेंसी (EPA) से जुड़े दिव्यकांत सोलंकी को दिया गया है.

हमें यह तस्वीर ‘EPA’ की वेबसाइट पर भी मिली जिसे 18 अक्टूबर, 2018 को अपलोड किया गया था. यहां दी गई जानकारी के अनुसार, इस तस्वीर को प्रतिमा के उद्घाटन से पहले क्लिक किया गया था. बता दें कि पीएम नरेंद्र मोदी ने सरदार वल्लभभाई पटेल की 143वीं जयंती पर उनकी प्रतिमा का उद्घाटन किया था.

Image embed
EPA की वेबसाइट पर छपी तस्वीर का स्क्रीनशॉट

अब बात वर्तमान स्थिति की है. इसे जानने के लिए हमने इंडिया टुडे से जड़े नर्मदा जिले के संवाददाता नरेंद्र पेपरवाला से संपर्क किया. उन्होंने बताया कि वायरल हो रही तस्वीर प्रतिमा के निर्माण के वक्त की है. नरेंद्र ने बताया,

Image embed

जानकारी की पुष्टि करने के लिए नरेंद्र पेपरवाला 9 सितंबर यानी आज स्टैच्यू ऑफ यूनिटी गए. उन्होंने वहां से सरदार पटेल की प्रतिमा की उसी एंगल पर तस्वीर क्लिक की जिस एंगल से वायरल हो रही है. इसे देखने से साफ समझ आ रहा कि सरदार पटेल की प्रतिमा में ‘दरार’ पड़ने का दावा गलत है.

Image embed
स्टैच्यू ऑफ यूनिटी की 9 सितंबर, 2024 को क्लिक की गई तस्वीर. क्रेडिट:नरेंद्र पेपरवाला

इसके अलावा भारत सरकार के प्रेस इनफॉर्मेशन ब्यूरो (PIB) की फैक्ट चेकिंग यूनिट ने भी वायरल दावे का खंडन किया है. PIB ने ट्वीट कर बताया कि यह सरदार पटेल की प्रतिमा में दरार पड़ने का दावा सही नहीं है.

Image embed

नतीजा

कुल मिलाकर, स्टैच्यू ऑफ यूनिटी की प्रतिमा में 'दरार' पड़ने का झूठा दावा कर 6 साल पुरानी तस्वीर शेयर की गई है. यह तस्वीर उस वक्त की है जब प्रतिमा का निर्माण किया जा रहा था. 

Image embed

वीडियो: वीडियो में राहुल ने हिंदू समुदाय के लोगों पर निशाना साधा? वायरल दावे की पड़ताल में ये पता चला

Advertisement

Advertisement

()