Submit your post

Follow Us

जब BJP उपाध्यक्ष ने कहा था, 'राम मंदिर का मुद्दा खत्म, तो BJP खत्म'

7
शेयर्स

आज केंद्र में काबिज भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) को हिंदुस्तान की सियासत में ‘संजीवनी’ राम मंदिर आंदोलन से मिली थी. 1990 में लाल कृष्ण आडवाणी ने राम मंदिर के पक्ष में माहौल बनाने के लिए देश के कई हिस्सों में रथयात्रा की थी. इसके बाद हुए खून-खच्चर के बावजूद बीजेपी का कद बड़ा हो गया था.

लंबे समय तक बीजेपी पर आरोप लगते रहे कि उनके पास राम मंदिर के सिवा कोई मुद्दा नहीं है और उनके एजेंडे में विकास कहीं नहीं है. विरोधियों का तो ठीक है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि एक बार ऐसा ही बयान बीजेपी के एक सीनियर नेता ने दे दिया था?

तब बाबरी का विवादित ढांचा नहीं गिरा था. अक्टूबर 1992 की बात है. बीजेपी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष कृष्णलाल शर्मा ने ऐसी बात कह दी थी कि पार्टी को सांप सूंघ गया. उन्होंने कहा था, ‘भाजपा के पास अभी एकमात्र मुद्दा राम मंदिर ही है. यदि वह समाप्त हो जाए तो हम मर जाएंगे.’

कृष्णलाल शर्मा का यह बयान हिंदी दैनिक ‘हिंदुस्तान’ में छपा था. 31 अक्टूबर 1992 के ‘इंडिया टुडे’ अंक में भी इसे छापा गया था. कृष्णलाल पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष थे. तब बीजेपी के कमान मुरली मनोहर जोशी के हाथ में थी. लेकिन उस समय सोशल मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का वैसा जोर नहीं था, इसलिए बात ठंडे बस्ते में चली गई. कल्पना कीजिए कि आज के दौर में कोई वरिष्ठ नेता यह बात कह दे तो?

Krishna lal2कृष्णलाल शर्मा कोई छोटे मोटे नेता नहीं थे. साल 2000 में 75 की उम्र में जब उनका देहांत हुआ तो राष्ट्रपति केआर नारायणन ने शोक संदेश जारी किया. उस वक्त के बीजेपी अध्यक्ष कुशाभाऊ ठाकरे, प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी, गृहमंत्री लालकृष्ण आडवाणी, मानव संसाधन विकास मंत्री मुरली मनोहर जोशी समेत कई बड़े नेता उनके घर श्रद्धांजलि देने पहुंचे थे.

1955 में पंजाब यूनिवर्सिटी से डिग्री लेने के बाद कृष्णलाल संघ प्रचारक बन गए थे. वह जनसंघ के प्रेरणास्रोत दीनदयाल उपाध्याय के करीबी रहे. जनसंघ में कई पदों पर रहे. बीजेपी बनने के बाद 1986 से 1990 तक इसके महासचिव और प्रवक्ता रहे. बाहरी दिल्ली लोकसभा क्षेत्र से वह दो बार सांसद रहे और 1990 में हिमाचल प्रदेश से राज्यसभा के सदस्य भी रहे.


 

ये भी पढ़ें

1

वो मस्जिद का पैरोकार था, उसके जनाज़े में मंदिर वाले आंसू बहा रहे थे

2

कहानी राजनाथ सिंह की, जिनके PM बनने की भविष्यवाणी अभी मरी नहीं

3

मैं जो कहता हूं वो होता है, राम मंदिर बनकर रहेगा: स्वामी

4

लो जी तारीख भी बता दी राम मंदिर की!

5

बाबरी ध्वंस के 10 सबसे बड़े चेहरे

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें

ग्राउंड रिपोर्ट

इस नेता ने राजा भैया का रिकॉर्ड ऐसा तोड़ा कि सब चौंक गए!

उस नेता का नाम बहुत कम लोग जानते हैं.

Live UP Election Result 2017: चौचक नतीजे, चौकस कमेंट्री वाला लल्लनटॉप टीवी देखें

दी लल्लनटॉप की टीम न सिर्फ अपडेट दे रही है, बल्कि नतीजों के पीछे की पूरी कहानी भी बतला रही है.

पिंडरा से ग्राउंड रिपोर्ट : 'मोदी पसंद हैं, वो विधायक तो बनेंगे नहीं, फिर क्यों जिता दें'

इस सीट पर वो नेता मैदान में है जो 2014 में नरेंद्र मोदी के खिलाफ चुनाव लड़ा.

ग्राउंड रिपोर्ट वाराणसी साउथ : बनारस के चुनाव में वो मुद्दा ही नहीं है, जिसे बड़ा मुद्दा बताया जा रहा है

इतने सारे रोड शो का असर सीधा पड़ेगा या उल्टा

रामनगर ग्राउंड रिपोर्ट: एक-एक बनारसी की पॉलिटिक्स मोदी-अखिलेश की पॉलिटिक्स से कहीं आगे है

पोलिंग से एक दिन पहले यहां का वोटर एकदम साइलेंट हो गया है.

ग्राउंड रिपोर्ट सोनभद्र: KBC में इस शहर पर बने एक सवाल की कीमत 50 लाख रुपए थी

यहां के लोग गर्व से कहते हैं, 'मुंबई वाले हमारी एक बोरी बालू में 6 बोरी पतला बालू और एक बोरी सीमेंट मिलाकर यूज करते हैं.'

ग्राउंड रिपोर्ट : ये बागी बलिया है, जहां सांड को नाथ कर बैल का काम लिया जाता है

यूपी के इस आखिरी छोर पर सियासत बहुत पीछे छूट जाती है.

पथरदेवा ग्राउंड रिपोर्ट: जब-जब ये नेता चुनाव जीतता है, यूपी में बीजेपी सरकार बनाती है

यहां बीजेपी के सूर्य प्रताप शाही के लिए एक वोटर रियासत अली कहते हैं, 'अबकी इनका वनवास खत्म कराना है'.

नौतनवा ग्राउंड रिपोर्ट: मां-पापा और भाई जेल में, तो बहन लंदन से आई चुनाव प्रचार के लिए

पेश है बाहुबलियों की सीट का हाल.

ग्राउंड रिपोर्ट पडरौना: जहां के लोगों को याद है कि पीएम ने ढाई साल पुराना वादा पूरा नहीं किया

यहां बीजेपी नेता के लिए नारा था, 'राम नगीना बड़ा कमीना, फिर भी वोट उसी को देना'.