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महामहिम: वो राष्ट्रपति जिसके पास उसकी बेटी के कातिलों की मर्सी पिटीशन आई

महामहिम. देश के राष्ट्रपतियों के पॉलिटिकल किस्सों की स्पेशल सीरीज. इस सीरीज में आज हम बात कर रहे हैं देश के 9वें राष्ट्रपति डॉ. शंकर दयाल शर्मा की. 19 अगस्त 1918 को मध्य प्रदेश के भोपाल में पैदा हुए शंकर दयाल शर्मा इलाहाबाद यूनिवर्सिटी में पढ़ने आए. यहां आनंद भवन में कांग्रेस नेता जवाहर लाल नेहरू के संपर्क में आए. नेहरू की ही प्रेरणा से शंकर दयाल शर्मा वकालत पढ़ाने लगे. आजादी के बाद बड़े-बड़े दिग्गजों को दरकिनार करते हुए 1952 में भोपाल स्टेट के मुख्यमंत्री बने. भोपाल से शुरू हुआ शंकर दयाल शर्मा का ये सफर राष्ट्रपति भवन तक पहुंचा. लेकिन इस सफर में कई सारे मोड़ आए. उतार चढ़ाव आए. नेहरू की छत्रछाया में शुरू हुआ उनका सफर इंदिरा, संजय, राजीव और सोनिया गांधी तक चला. इन सारे उतार चढ़ाव की कहानी देखिए महामहिम के इस एपिसोड में. महामहिम का पिछला एपिसोड देखने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें.

महामहिम: वो राष्ट्रपति जिसके पास उसकी बेटी के कातिलों की मर्सी पिटीशन आई

महामहिम. देश के राष्ट्रपतियों के पॉलिटिकल किस्सों की स्पेशल सीरीज. इस सीरीज में आज हम बात कर रहे हैं देश के 9वें राष्ट्रपति डॉ. शंकर दयाल शर्मा की. 19 अगस्त 1918 को मध्य प्रदेश के भोपाल में पैदा हुए शंकर दयाल शर्मा इलाहाबाद यूनिवर्सिटी में पढ़ने आए. यहां आनंद भवन में कांग्रेस नेता जवाहर लाल नेहरू के संपर्क में आए. नेहरू की ही प्रेरणा से शंकर दयाल शर्मा वकालत पढ़ाने लगे. आजादी के बाद बड़े-बड़े दिग्गजों को दरकिनार करते हुए 1952 में भोपाल स्टेट के मुख्यमंत्री बने. भोपाल से शुरू हुआ शंकर दयाल शर्मा का ये सफर राष्ट्रपति भवन तक पहुंचा. लेकिन इस सफर में कई सारे मोड़ आए. उतार चढ़ाव आए. नेहरू की छत्रछाया में शुरू हुआ उनका सफर इंदिरा, संजय, राजीव और सोनिया गांधी तक चला. इन सारे उतार चढ़ाव की कहानी देखिए महामहिम के इस एपिसोड में. महामहिम का पिछला एपिसोड देखने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें.
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डॉ. राजेंद्र प्रसाद राष्ट्रपति न बनें, इसके लिए जवाहर लाल नेहरू ने बोला था झूठ

महामहिम. दी लल्लनटॉप की स्पेशल सीरीज जिसमें बात होगी देश के राष्ट्रपतियों के पॉलिटिकल किस्से. महामहिम के पहले एपिसोड में हम बात कर रहे हैं देश के पहले राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद की. इस एपिसोड में जानिए क्यों गुस्से में डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने नेहरू को चिट्ठी लिखी लेकिन भेजी नहीं. एक चिट्ठी नेहरू ने भी लिखी जिसमें एक झूठ भी लिखा गया. देखिए महामहिम का ये एपिसोड.

डॉ. राजेंद्र प्रसाद राष्ट्रपति न बनें, इसके लिए जवाहर लाल नेहरू ने बोला था झूठ

महामहिम. दी लल्लनटॉप की स्पेशल सीरीज जिसमें बात होगी देश के राष्ट्रपतियों के पॉलिटिकल किस्से. महामहिम के पहले एपिसोड में हम बात कर रहे हैं देश के पहले राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद की. इस एपिसोड में जानिए क्यों गुस्से में डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने नेहरू को चिट्ठी लिखी लेकिन भेजी नहीं. एक चिट्ठी नेहरू ने भी लिखी जिसमें एक झूठ भी लिखा गया. देखिए महामहिम का ये एपिसोड.
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महामहिम: वो राष्ट्रपति, जिसके बाथरूम का कार्टून बदनामी की वजह बना

महामहिम: वो राष्ट्रपति, जिसके बाथरूम का कार्टून बदनामी की वजह बना

10 दिसंबर 1975. देश में आपातकाल लगे हुए 6 महीने होने को आए थे. इंडियन एक्सप्रेस में एक कार्टून छपा. इसमें देश के राष्ट्रपति फखरुद्दीन को बाथटब में लेटे हुए दिखाया गया था. इस कार्टून में वो यह कहते देखे जा सकते थे, “अगर उनके पास और कोई ऑर्डिनेंस है तो उनको बोलो कि थोड़ा … और पढ़ें महामहिम: वो राष्ट्रपति, जिसके बाथरूम का कार्टून बदनामी की वजह बना

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हत्या से ठीक पहले गांधी ने सरदार पटेल को क्या कसम दी?

हत्या से ठीक पहले गांधी ने सरदार पटेल को क्या कसम दी?

देश के पहले राष्ट्रपति चुनाव में कांग्रेस के भीतर भले ही उम्मीदवार राजेंद्र प्रसाद और राजगोपालाचारी हो, लेकिन असल में यह पटेल और नेहरू के बीच की अदावत का नतीजा था. आज़ादी के बाद पटेल भी प्रधानमंत्री पद के मज़बूत दावेदार थे. नेहरू के प्रधानमंत्री बनने के बाद पटेल ने संगठन पर अपनी पकड़ को … और पढ़ें हत्या से ठीक पहले गांधी ने सरदार पटेल को क्या कसम दी?

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वो सनसनीखेज़ राष्ट्रपति चुनाव जिसमें इंदिरा गांधी सब पर भारी पड़ गईं

वो सनसनीखेज़ राष्ट्रपति चुनाव जिसमें इंदिरा गांधी सब पर भारी पड़ गईं

1969 में हुए भारत के सबसे दिलचस्प राष्ट्रपति चुनाव का किस्सा सुनाने से पहले हम कैलेंडर के पन्नों को थोड़ा सा पलट देते हैं. जून 1964 के खाने में दर्ज एक वाकये को हम कहानी की शुरुआत समझ सकते हैं. कहानी का यह सिरा हमें एलसी जैन की किताब ‘सिविल डिसओबीडिएंस’ में. देश में 13 … और पढ़ें वो सनसनीखेज़ राष्ट्रपति चुनाव जिसमें इंदिरा गांधी सब पर भारी पड़ गईं

तहखाना

वो राष्ट्रपति जिनकी लव मैरिज में देश का कानून आड़े आ रहा था, नेहरू ने स्पेशल परमिशन दिलवाई

वो राष्ट्रपति जिनकी लव मैरिज में देश का कानून आड़े आ रहा था, नेहरू ने स्पेशल परमिशन दिलवाई

बात 1948 की है. नए आजाद हुए देश में अभी संविधान का निर्माण भी नहीं हुआ था. हालांकि नेहरू देश के प्रधानमंत्री तो बन गए थे लेकिन चुनाव अब भी होना बाकी था. इस बीच एक नौजवान लंदन स्कूल ऑफ़ इकॉनोमिक्स से पढ़ाई करके वापिस वतन लौट रहा था. उसके हाथ में नेहरू के नाम … और पढ़ें वो राष्ट्रपति जिनकी लव मैरिज में देश का कानून आड़े आ रहा था, नेहरू ने स्पेशल परमिशन दिलवाई

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राष्ट्रपति जिसपर प्रधानमंत्री के बर्तन धोने का लांछन लगाया गया

लल्लनटॉप की महामहिम सीरीज़ का ये एपिसोड भारत की 12वीं और इकलौती महिला राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल के बारे में है. राष्ट्रपति बनने से ठीक पहले वो राजस्थान की गवर्नर थीं. जानिए राजस्थान के पाली ज़िले का वो किस्सा जिसकी वजह से उनके राजनीतिक करियर का उत्थान हुआ और ऐसी ही कई बातें जो उन्हें राष्ट्रपति के पद तक लेकर गईं.

राष्ट्रपति जिसपर प्रधानमंत्री के बर्तन धोने का लांछन लगाया गया

लल्लनटॉप की महामहिम सीरीज़ का ये एपिसोड भारत की 12वीं और इकलौती महिला राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल के बारे में है. राष्ट्रपति बनने से ठीक पहले वो राजस्थान की गवर्नर थीं. जानिए राजस्थान के पाली ज़िले का वो किस्सा जिसकी वजह से उनके राजनीतिक करियर का उत्थान हुआ और ऐसी ही कई बातें जो उन्हें राष्ट्रपति के पद तक लेकर गईं.
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राष्ट्रपति चुनाव में वोट कौन डालता है, हर किसी का वोट बराबर क्यों नहीं होता है?

राष्ट्रपति चुनाव में वोट कौन डालता है, हर किसी का वोट बराबर क्यों नहीं होता है?

हमारे न्यूज़रूम में बहस हो रही थी. एक साथी कह रहा था कि इस बार के राष्ट्रपति चुनाव दिलचस्प होने जा रहे हैं. बीजेपी के नेतृत्व वाले एनडीए के कुल जमा 527,371 मूल्य के वोट हैं. नीतीश कुमार की जेडीयू और बीजू जनता दल सहित कई दलों ने कोविंद के समर्थन की बात कही है. … और पढ़ें राष्ट्रपति चुनाव में वोट कौन डालता है, हर किसी का वोट बराबर क्यों नहीं होता है?

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महामहिम: इस राष्ट्रपति चुनाव के बाद कांग्रेस दो टुकड़ों में बंट गई

महामहिम: इस राष्ट्रपति चुनाव के बाद कांग्रेस दो टुकड़ों में बंट गई

1969 का राष्ट्रपति चुनाव शायद पहला मौका था, जब दूसरी वरीयता के वोट की गिनती की जरूरत पड़ी. पहली वरीयता की गिनती में वी.वी. गिरी को 4,01,515  और कांग्रेस के आधिकारिक उम्मीदवार नीलम संजीव रेड्डी को 3,13,548  वोट मिले. हालांकि, गिरी आगे थे, लेकिन उन्हें जरूरी पचास फीसदी वोट नहीं मिले थे. पिछली कड़ी में आपने वी.वी. … और पढ़ें महामहिम: इस राष्ट्रपति चुनाव के बाद कांग्रेस दो टुकड़ों में बंट गई

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महामहिम: पहले मुस्लिम राष्ट्रपति के लिए इंदिरा ने क्या चाल चली

महामहिम: पहले मुस्लिम राष्ट्रपति के लिए इंदिरा ने क्या चाल चली

1967 के राष्ट्रपति चुनाव का किस्सा सुनाने से पहले हम आपको एक कहानी सुनाना चाहते हैं. कहानी का नाम है अबू खां की बकरी. एक समय अल्मोड़ा में एक मियां रहते थे. उनके पास एक बकरी हुआ करती थी, चांदनी. वो उसे बड़े प्यार से रखते. चांदनी को आजादी पसंद थी. एक दिन वो अबू … और पढ़ें महामहिम: पहले मुस्लिम राष्ट्रपति के लिए इंदिरा ने क्या चाल चली