Submit your post

Follow Us

शाह फैसल ने कहा था कि भारत सरकार उन्हें अरेस्ट करेगी और वही हुआ

1.52 K
शेयर्स

शाह फैसल, आईएएस अधिकारी रहे हैं. 2009 बैच के यूपीएससी टॉपर. आईएएस की परीक्षा में पहली रैंक लाने वाले कश्मीर के एकमात्र नागरिक हैं. जम्मू-कश्मीर पीपुल्स मूवमेंट के अध्यक्ष हैं. 14 अगस्त को पुलिस ने उन्हें दिल्ली के आईजीआई एयरपोर्ट से हिरासत में ले लिया. वह विदेश जा रहे थे. हिरासत में लिए जाने के बाद फैसल को कश्मीर भेज दिया गया. वह घर में नजरबंद रहेंगे. यानी अंडर हाउस अरेस्ट. बीबीसी की एक रिपोर्ट के मुताबिक, शाह फैसल ने पहले ही आशंका जताई थी कि उन्हें भी जम्मू-कश्मीर के अन्य नेताओं की तरह गिरफ्तार किया जा सकता है. और 14 अगस्त को वही हुआ. उन्हें हिरासत में लेने के बाद कश्मीर भेज दिया गया.

शाह फैजल (फाइल फोटो)
शाह फैजल (फाइल फोटो)

जम्मू-कश्मीर के विशेष राज्य का दर्जा खत्म करने, राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर और लद्दाख़ में बांटने के बाद शाह फैसल ने कहा था कश्मीर में खौफ फैला हुआ है. सबका दिल टूट रहा है. हर चेहरे पर हार का भाव दिखाई दे रहा है. इतिहास ने हम सभी के लिए एक भयावह मोड़ ले लिया है.

शाह फैसल ने हाल ही में फेसबुक पर लिखा था,

कश्मीर अप्रत्याशित नाकेबंदी का सामना कर रहा है. आप कह सकते हैं कि 80 लाख की आबादी कैद की ऐसी स्थिति का सामना कर रही है जो उसने पहले कभी नहीं देखी है. लोग स्तब्ध हैं. उन्हें अभी समझना है कि क्या हो गया है. सबको दुख है. अनुच्छेद 370 के अलावा पूर्ण राज्य के दर्जे को खोने को लेकर लोग काफी आहत हैं. यह भारत द्वारा 70 साल में सबसे बड़े धोखे के तौर पर देखा जा रहा है.

बीबीसी को दिए इंटरव्यू में शाह फैसल ने बताया कि 4 अगस्त को सर्वदलीय बैठक हुई थी. उन्हें छोड़कर इस बैठक में शामिल सभी नेताओं को हिरासत में ले लिया गया. केवल वही हैं जो बाहर हैं. उन्होंने बताया कि एयरपोर्ट और वहां से दिल्ली कैसे पहुंचा यह भी खुद में एक कहानी है. लेकिन मैं सशंकित हूं कि जब मैं यहां से जाउंगा मुझे भी अन्य लोगों की तरह हिरासत में ले लिया जाएगा.

इसी इंटरव्यू में शाह फ़ैसल ने कहा कि मुख्यधारा के सभी राजनेताओं को हिरासत में ले लिया गया. वे चुनाव की राजनीति में विश्वास रखते हैं. उन पर बिना किसी तर्क के भारत की संसद में पारित हुआ क़ानून थोप दिया गया. दो पूर्व मुख्यमंत्रियों समेत कई नेता हिरासत में हैं. अब फैसल को भी हिरासत में ले लिया गया है. कश्मीर में वह अपने घर में नजरबंद रहेंगे.


‘जो सोच कश्मीरी लड़कियों के लिए आज दिख रही है, वो 84 के दंगों में सिख औरतों के लिए थी’

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें

टॉप खबर

कांग्रेस और सपा छोड़कर भाजपा में आए नेताओं ने मोदी के बारे में क्या कहा?

वो भी कल लखनऊ में...

कश्मीर में बैन के बाद भी किसकी मेहरबानी से गिलानी इस्तेमाल कर रहे थे फोन-इंटरनेट?

बैन के चार दिन बाद तक गिलानी के पास इंटरनेट और फोन था. प्रशासन को इसकी भनक भी नहीं थी.

पीएम मोदी ने छठवीं बार लाल किले पर फहराया तिरंगा, 92 मिनट के भाषण में नया क्या था?

पीएम मोदी ने अपने कार्यकाल की उपलब्धियां गिनाई.

बीफ़-पोर्क के नाम पर ज़ोमैटो कर्मचारियों को भड़काने वाले लोकल भाजपा नेता निकले!

और एक नहीं, कई हैं ऐसे. देखिए तो...

यूपी के एक और अस्पताल में 32 बच्चों की मौत, डॉक्टरों को कारण का पता नहीं

किसी ने कहा था, "अगस्त में तो बच्चे मरते ही हैं"

भगवान राम के इतने वंशज निकल आए हैं कि आप भी माथा पकड़ लेंगे

अभी राम पर खानदानी बहस हो रही है. खुद ही देखिए...

उन्नाव मामले में भाजपा विधायक कुलदीप सेंगर अब लंबा फंस गए हैं

सीबीआई ने केस में रोचक खुलासे किए हैं

राष्ट्र के नाम संबोधन में पीएम मोदी ने बताया क्या है उनका 'मिशन कश्मीर'

पीएम मोदी ने लगभग 40 मिनट तक अपनी बात रखी.

जम्मू-कश्मीर के मामले में आत्माओं का भी प्रवेश हो गया है

और एक समय एक "आत्मा" बहुत दुखी हुई थी

मायावती का ऐसा हृदय परिवर्तन कैसे हुआ कि कश्मीर पर सरकार के साथ हो गयीं?

धारा 370 हटवाना चाहती थीं या वजह कुछ और है?