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जूनियर एनटीआर की 10 जाबड़ फिल्में, जिन्होंने बॉक्स ऑफिस पर गदर मचा दिया

जूनियर एनटीआर. तेलुगु सिनेमा के दिग्गज अभिनेता. 20 मई को उनका जन्मदिन होता है. उसी मौके पर हमनें उनकी फिल्मोग्राफी से 10 धमाकेदार फिल्में चुनी. जिनमें से कुछ ने बॉक्स ऑफिस पर गदर काटा. तो कुछ ने तेलुगु सिनेमा में कल्ट स्टेटस हासिल किया. खास बात है कि आप इन फिल्मों को घर बैठे फ्री में देख सकते हैं. आइए जानते हैं कौन सी हैं वो फिल्में.

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#1. स्टूडेंट नं. 1 (2001)

बतौर डायरेक्टर, ‘बाहुबली’ वाले एसएस राजामौली की पहली फिल्म. कहानी है आदित्य की. एक स्टूडेंट जो लॉ कॉलेज जॉइन करता है. कॉलेज का माहौल खराब है. गुंडागर्दी चलती है. लेकिन आदित्य सबको सुधार के रख देता है. कॉलेज के बच्चों समेत ऑडियंस को भी आइडिया नहीं लगता कि आखिर आदित्य है कौन. उसका पास्ट क्या है. जैसे-जैसे कहानी आगे बढ़ती है, आदित्य के इर्द-गिर्द बने रहस्य की परते भी खुलती हैं. पता चलता है कि पश्चाताप करने के लिए उसने ये कॉलेज जॉइन किया है. वो अपनी कौन सी भूल सुधार रहा है, ये आपको फिल्म देखकर ही पता चलेगा.

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राजामौली और जूनियर एनटीआर के लिए ये बड़ी फिल्म साबित हुई.

करीब ढाई करोड़ रुपए के बजट में बनी फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर 12 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया. इसे हिंदी में भी डब किया गया. ‘आज का मुजरिम’ के टाइटल से. जिसे आप यूट्यूब पर देख सकते हैं.


#2. जनता गैरेज (2016)

जूनियर एनटीआर के अलावा मोहनलाल, समांथा अकिनेनी और नित्या मेनन भी फिल्म का हिस्सा हैं. फिल्म उस साल की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली तेलुगु फिल्म साबित हुई. जूनियर एनटीआर ने फिल्म में आनंद नाम का किरदार निभाया. जिसका मकसद है प्रकृति को बचाना. पर्यावरण से खिलवाड़ होते देखता है तो पुरजोर कोशिश करता है उसे रोकने की. आनंद की यही लड़ाई उसे ले जाती है सत्यम तक. सत्यम, जो ‘जनता गैरेज’ का मालिक है. सत्यम कानून में यकीन नहीं रखता. मानता है कि टेढ़े तरीके से ही अपराधियों को सुधारा जा सकता है. सत्यम और आनंद किस वजह से साथ आते हैं और आगे मिलकर क्या करते हैं, ये आपको फिल्म देखकर पता चलेगा.

Satyam
मलयालम सुपरस्टार मोहनलाल भी फिल्म का हिस्सा थे.

फिल्म को आप यूट्यूब समेत डिज़्नी प्लस हॉटस्टार पर भी फ्री में देख सकते हैं.


#3. सिंहाद्री (2003)

एसएस राजामौली और जूनियर एनटीआर की जोड़ी एक बार फिर इस फिल्म के लिए लौटी. और डिलिवर कि ये सुपरहिट फिल्म. जिसने सिनेमाघरों में अपने 100 दिन पूरे किए. फिल्म में जूनियर एनटीआर ने एक जमींदार के नौकर सिंहाद्री का किरदार निभाया. जो अपने मालिक के प्रति पूरी तरह वफादार है. जमींदार भी उसे अपने बेटे की तरह मानता है. जमींदार ने सिंहाद्री को गोद लिया था. सिंहाद्री के इतिहास से वो परिचित नहीं. सिंहाद्री की पुरानी लाइफ की वजह से आगे क्या कुछ होता है, इसका जवाब आपको फिल्म देगी.

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फिल्म ने थिएटर्स में अपने 100 दिन पूरे किए.

फिल्म की कामयाबी के बाद इसे तमिल में ‘गजेन्द्र’ नाम से और कन्नड में ‘कांतिराव’ के टाइटल से बनाया गया. ‘यमराज एक फौलाद’ के टाइटल से इसे हिंदी में भी डब किया गया. इसी नाम से आप फिल्म को यूट्यूब पर भी देख सकते हैं.


#4. आदी (2002)

जूनियर एनटीआर के करियर की एक और सुपरहिट फिल्म. जिसे आगे जाकर तमिल और बंगाली भाषा में भी बनाया गया. इस रिवेंज ड्रामा ने थिएटर्स पर अपने 100 दिन पूरे किए. कहानी थी अमेरिका से लौटे एक परिवार की. जो गांव में अपनी जमीन संभालने आता है. जमीन शिवा रेड्डी के भरोसे छोड़ी थी. जो अब खुद उसे हड़पना चाहता है. जबकि जमीन का मालिक उसे गांव की भलाई के लिए दान करना चाहता है. मौका हाथ से निकलते देख शिवा पूरे परिवार की हत्या करवा देता है. लेकिन किस्मत से परिवार का बेटा आदी बच जाता है. वहां से भाग निकलता है. लेकिन फिर लौटता है. 12 साल बाद. अपने परिवार का बदला लेने के लिए. अपने इरादों में कामयाब हो पाता है या नहीं, ये फिल्म देखकर पता चलेगा.

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इस रिवेंज ड्रामा को जनता की तरफ से तगड़ा रिस्पॉन्स मिला था.

अगर इस तेलुगु फिल्म को हिंदी में देखना चाहते हैं तो यूट्यूब पर जाकर सर्च कीजिए, ‘आक्रोश द पावर’. फिल्म आप फ्री में देख सकते हैं.


#5. यमाडोंगा (2007)

एसएस राजामौली के डायरेक्शन में बनी ये फिल्म बॉक्स ऑफिस पर ब्लॉकबस्टर साबित हुई. कहानी का मुख्य किरदार है राजा. एक चोर. चालू किस्म का. बोले तो हर सिचुएशन में राजा को अपना काम निकालना आता है. दूसरी ओर है माही. एक अमीर घर की लड़की. जिसे उसे परिवारवाले बुरी तरह ट्रीट करते हैं. किस्मत कनेक्शन से राजा और माही के रास्ते टकराते हैं. पैसों से तंग राजा इसे एक मौके की तरह देखता है. और माही के परिवार से फिरौती की मांग करता है. हालांकि उसके जल्दी अमीर बनने के प्लान चौपट हो जाते हैं, जब यमराज उसे अपने पास बुला लेते हैं. राजा की असमय मौत हो जाती है. लेकिन राजा ठहरा पक्का वाला श्याना, यमराज के भी बस में ना आए. आगे क्या करता है, यही पूरी फिल्म की कहानी है.

Mahi
‘द फैमिली मैन’ में काम कर चुकी प्रियामणी ने फिल्म में माही का किरदार निभाया.

‘लोक परलोक’ के टाइटल से इस फिल्म को हिंदी में डब किया गया. इसी नाम से आप फिल्म को यूट्यूब पर भी देख सकते हैं.


#6. राखी (2006)

रामाकृष्ण उर्फ राखी एक सीधा-साधा आदमी है. अपने पिता को आदर्श मानता है. आगे जाकर उनकी तरह रेलवे स्टेशनमास्टर बनना चाहता है. एक बहन भी है. गायत्री. राखी उस पर अपनी जान छिड़कता है. बहन की शादी तय हो जाती है. कुछ समय बाद ससुराल वाले दहेज के लिए परेशान करने लगते हैं. एक दिन क्रूरता की हद पार करते हुए गायत्री को जिंदा जला देते हैं. गुस्से में पागल राखी उसके ससुराल वालों का भी यही हश्र करता है. लेकिन वो सिर्फ यहीं तक नहीं रुकता. फैसला लेता है कि हर उस शख्स को सजा देगा जो औरतों पर अत्याचार करता है. अपने इसी मकसद को पूरा करने के लिए हत्याएं करना शुरू कर देता है. हर मर्डर साइट पर क्लू के तौर पर एक राखी छोड़ जाता है. पुलिस भी इस सीरियल किलर के पीछे पड़ी है. उसे ढूंढ पाएगी या नहीं, ये फिल्म में पता चलेगा.

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एक सीरियल किलर जो क्लू के तौर पर राखी छोड़ जाता है.

जूनियर एनटीआर की इस फिल्म ने भी थिएटर पर 100 दिन पूरे किए. हिंदी में आप इसे ‘रिटर्न ऑफ कालिया’ के टाइटल से यूट्यूब पर देख सकते हैं.


#7. टेम्पर (2015)

35 करोड़ रुपए की लागत में बनी इस फिल्म ने करीब 74 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया. फिल्म इतनी बड़ी सक्सेस साबित हुई कि इसे हिंदी और तमिल में भी बनाया गया. 2018 में आई रणवीर सिंह की फिल्म ‘सिंबा’ इसका हिंदी रीमेक थी. कहानी का मुख्य किरदार है दया. एक करप्ट पुलिस ऑफिसर. अपने एरिया के लोकल गुंडे वॉल्टर वासु से घूस खाता है. और उसके गोरखधंधों पर अपनी आंखें मींच लेता है. पुलिस जब भी वासु के गुंडों को पकड़ती, वो उन्हें छोड़ देता. एक दिन गैंगरेप का केस दया के सामने आता है. आरोपी हैं दया के गुंडे. जिन्हें उसने खुद छोड़ा था. इस घिनौने अपराध के लिए वो खुद को भी जिम्मेदार मानने लगता है. यही पश्चाताप उसे वासु के खिलाफ लाकर खड़ा कर देता है. वासु के खिलाफ क्या करता है, ये फिल्म में पता चलता है.

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रणवीर सिंह की फिल्म ‘सिंबा’ इसी का हिंदी रीमेक थी.

फिल्म का हिंदी डब यूट्यूब पर उपलब्ध है.


#8. अधुर्स (2010)

नरसिंहा और चारी. दो जुड़वा भाई. जन्म के वक्त दोनों बिछड़ जाते हैं. नरसिंहा आगे जाकर एक अंडरकवर एजेंट बनता है. वहीं, चारी ब्राह्मण पंडितों के परिवार में पहुंच जाता है. परंपरावश, वो भी पंडित बन जाता है. आगे किसी वजह से नरसिंहा और चारी के रास्ते टकराते हैं. जिसके बाद दोनों की ज़िंदगी हमेशा के लिए बदल जाती है. क्या है वो वजह और क्या दोनों हकीकत से कभी अवगत हो पाते हैं, ये आगे फिल्म में पता चलता है. फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर एवरेज कलेक्शन किया. लेकिन आगे जाकर तेलुगु सिनेमा में कल्ट स्टेटस हासिल किया.

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जूनियर एनटीआर ने फिल्म में डबल रोल अदा किया.

हिंदी में फिल्म को ‘जुड़वा नं. 1’ के टाइटल से डब किया गया. इसी नाम से फिल्म आपको यूट्यूब पर भी मिल जाएगी.


#9. बादशाह (2013)

रामा राव आईपीएस एसपिरेंट है. पुलिस फोर्स जॉइन करना चाहता है. लेकिन उसके पिता माफिया डॉन के साथ काम करते हैं. अपने पिता के ऐसे कनेक्शन की बदौलत ही वो पुलिस फोर्स जॉइन नहीं कर पाता. आगे जाकर उसके भाई की एक बम धमाके में मौत हो जाती है. रामा को पता चलता है कि माफिया डॉन ही उस धमाके के लिए जिम्मेदार था. अब वो अपना बदला लेना चाहता है. पुलिस की मदद ले नहीं सकता. इसलिए खुद कानून अपने हाथ में लेने का फैसला करता है और बन जाता है ‘बादशाह’. पूरा प्लान बनाता है कि कैसे माफिया डॉन से बदला लेगा. कामयाब हो पाता है या नहीं, ये आपको फिल्म बताएगी.

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हिंदी में फिल्म को ‘राउडी बादशाह’ के टाइटल से डब किया गया.

यूट्यूब पर आप इसे हिंदी में ‘राउडी बादशाह’ के टाइटल से देख सकते हैं.


#10. अरविंद समेता वीर राघवा (2018)

नल्लागुड़ी और कोम्मादी. दो गांव. इनके मुखिया हैं बसी रेड्डी और नरप्पा रेड्डी. दोनों गांवों में सदियों से दुश्मनी चली आ रही है. नरप्पा का बेटा वीर लंदन से अपनी पढ़ाई पूरी करने के बाद लौटता है. उधर, बसी अपनी दुश्मनी में नरप्पा पर हमला कर देता है. हमले में वीर के पिता की मौत हो जाती है. न चाहते हुए भी वीर इस दुश्मनी का हिस्सा बन जाता है. लेकिन वो इसे अपने पिता की तरह नहीं सुलझाना चाहता. खून से अपने हाथ गंदे नहीं करना चाहता. उसकी इच्छा है कि आपसी सुलह से कोई हल निकाल लिया जाए. ताकि दोनों गांवों के असंख्य लोग बच सकें. अपने इरादों में कामयाब हो पाता है या नहीं, यही आगे की कहानी है.

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फिल्म 100 करोड़ क्लब में शामिल हुई.

जूनियर एनटीआर और पूजा हेगड़े स्टारर ये फिल्म 100 करोड़ क्लब में शामिल हुई थी. फिल्म के हिंदी डब को आप यूट्यूब पर देख सकते हैं.


वीडियो: KGF 2 को मिले भयानक रिएक्शन की वजह क्या है?

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