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वो बॉलीवुड हीरोइन, जिसने राज ठाकरे से पंगा लिया और माफी भी नहीं मांगी

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आपने वो गाना सुना है, ‘मैंने कहा फूलों से, हंसो, तो वो खिलखिला के हंस दिए’?

इस गाने में पीली साड़ी पहने, जो लड़की हंसते हुए नाच रही है, उसे ही इस जमाने ने जया भादुड़ी के नाम से जाना. बाकी की चीज़ें लिखने के लिए उनके नाम में ‘भादुड़ी’ लगाना सही नहीं लग रहा क्योंकि अब वो ‘बच्चन’ हैं. लेकिन अमिताभ बच्चन से शादी वाली बात को इंट्रो में शामिल करने के चक्कर में फेमिनिज़म आहत न हो जाए, इसका भी डर बना हुआ है. इसीलिए आगे की बात सिर्फ ‘जया’ नाम से बढ़ाई जाएगी. आज़ादी के ठीक अगले साल 09 अप्रैल को इनका जन्म मध्यप्रदेश के जबलपुर में हुआ था. पिताजी पत्रकार थे, तो घर का माहौल काफी इंटेलेक्चुअल हुआ करता था. कला वगैरह की बातें होती थीं. ऐसे माहौल में पलने-बढ़ने के बावजूद फिल्मों में जाने का कीड़ा उन्हें नहीं काटा. फिर फिल्मों में कैसे आईं? ऐसे और भी कई सवालों के जवाब आपको नीचे लिखे किस्सों से मिलेगा.

#1. घरवालों के प्रेशर में मशहूर फिल्मकार सत्यजीत रे की फिल्म से करियर शुरू हुआ

जया के पापा तरुण कुमार भादुड़ी पेशे से पत्रकार थे. साथ ही लिखते भी थे. इसलिए कई कलाकारों से उनकी जान-पहचान थी. साल 1963 में जब जया कोई 15 साल की रही होंगी, पापा के साथ घूमने गई थीं. दोनों पहले कलकत्ता पहुंचे और फिर वहां से उड़ीसा निकल गए. उड़ीसा में डायरेक्टर तपन सिन्हा एक बंगाली फिल्म की शूटिंग कर रहे थे. फिल्म थी ‘निर्जन सेकते’ और इसकी हीरोइन थीं शर्मिला टैगोर. कुछ दिन शूटिंग देखने के बाद जया और उनके पापा फिल्म के क्रू के साथ ही कलकत्ता वापस आए. शूटिंग के दौरान साथ में गुज़रे समय की वजह से जया से सबको लगाव हो गया था. खासकर शर्मिला टैगोर को.

फिल्म 'महानगर' के एक सीन में जया बच्चन.
फिल्म ‘महानगर’ के एक सीन में जया बच्चन.

कलकत्ते आकर खबर लगी कि सत्यजीत रे एक फिल्म बनाने जा रहे हैं. इस फिल्म में उन्हें एक 13-14 साल की लड़की को भी कास्ट करना था. शर्मिला, जया को बहुत मानती थीं. सो उन्होंने सत्यजीत रे से कहा कि उन्हें जया को कास्ट कर लेना चाहिए. रे ने कहा लेकिन उससे पहले लड़की से मिलना चाहते हैं. सब उनसे मिलने जा रहे थे, तो जया भी साथ हो लीं. लेकिन तब तक उन्हें कुछ भी पता नहीं था. रास्ते में पापा ने बताया कि वो उन्हें अपनी फिल्म में लेना चाहते हैं. जया को लगा ये सब बेकार का पचड़ा है, वो जाने से मना करने लगीं. पापा के बहुत समझाने पर वो सत्यजीत रे से मिलीं और फिल्म में कास्ट कर ली गईं. फिल्म थी ‘महानगर’, बंगाली भाषा में बन रही थी. तो इस तरह जया का करियर बतौर एक्टर 15 साल की उम्र में ही शुरू हो गया.

फिल्म 'महानगर' के एक सीन में जया भादुड़ी.
फिल्म ‘महानगर’ के एक सीन में जया भादुड़ी.

जब जया ने पहली बार कैमरे के सामने ऐक्टिंग की तो उन्हें बहुत अच्छा लगा. अगर उनकी भाषा में कहें, तो वो खुद को बहुत एंजॉय कर रही थीं. वो फिल्म खत्म हुई और जया घर आ गईं. किसी दिन पापा ने ऐसे ही फिल्मों की बात छेड़ दी. बात-बात में जया को एक्टिंग इंस्टिट्यूट जैसी किसी चीज़ के बारे में पता लगा. पापा ने डिटेल में बताया और जया ने फिल्म एंड टेलेविज़न इंस्टिट्यूट (FTII) में अप्लाई कर दिया. उन्हें लगा एक बार ट्राय करने में क्या जाता है. जया के शब्दों में ‘मजाक-मजाक में’ उनका सेलेक्शन भी हो गया. उन्हें वहां कोर्स कंप्लीट करने से पहले फिल्म और कंप्लीट करने के बाद गोल्ड मेडल मिल गया. और ऐसे जया भादुड़ी का सिनेमाई सफर आगे बढ़ा.

#2. डायरेक्टर ने कहा फिल्म में कपड़े फाड़ने पड़ेंगे, फिल्म की शूटिंग रोक दी

साल 1972 में जया एक फिल्म कर रही थीं. फिल्म का नाम था ‘एक नज़र’. इसे डायरेक्टर कर रहे थे बी.आर इशारा और फिल्म में अमिताभ भी थे. इस फिल्म में जया को एक रेप सीन करना था. इस रेप सीन के लिए डायरेक्टर ने उन्हें ब्रीफ दिया कि उन्हें अपने कपड़े फाड़ने होंगे. जया गुस्सा गईं. उन्होंने कहा कि चाहे कुछ हो जाए वो कपड़े नहीं फाड़ेंगी. डायरेक्टर ने कहा अगर आप ये नहीं करेंगी, तो फिल्म बंद कर दूंगा. जवाब आया कर दीजिए. डायरेक्टर ने फिर धमकाया आर्टिस्ट असोसिएशन में शिकायत लगाएंगे. जवाब आया जो मन में आए कर लीजिए. फिल्म की शूटिंग रुक गई. दो दिन बीत गए कोई अपडेट नहीं.

फिल्म 'एक नज़र' का पोस्टर और फिल्म के एक सीन में जया बच्चन.
फिल्म ‘एक नज़र’ का पोस्टर और फिल्म के एक सीन में जया बच्चन.

इसके बाद फिल्म के दूसरे एेक्टर अमिताभ बच्चन को बीच-बचाव करना पड़ा. उन्होंने जया को समझाया कि उन्होंने स्क्रिप्ट पढ़कर ही फिल्म साइन की थी न? उन्हें पहले से पता था कि फिल्म में ये सीन होगा. अब फिल्म की शूटिंग रोकने का क्या फायदा. जया को बात तो समझ आई लेकिन वो कपड़ा नहीं फाड़ने वाली बात पर अब तक अड़ी हुई थीं. हुआ भी वैसे ही. डायरेक्टर ने कहा आपको जैसे चाहें वैसे शूट करें. हम बाद में एडिटिंग में देख लेंगे. इस सीन की शूटिंग में जो एक्टर इनक रेप कर रहा था, जया ने उसे सही में बहुत मारा. फिल्म के फाइनल कट में जया का कपड़ा सिर्फ कंधे पर फटा हुआ दिखाया गया था. वो वीडियो यहां देखिए:

#3. लंदन घूमने जाने के चक्कर में शादी करनी पड़ी और ट्रिप भी कैंसल हो गई

साल था 1973. अमिताभ का करियर कुछ ठीक नहीं चल रहा था. इंडस्ट्री में ये माना जा चुका था कि अमिताभ फ्लॉप एेक्टर हैं. सलीम-जावेद की लिखी फिल्म में अमिताभ को साइन तो किया गया लेकिन कोई बड़ी हीरोइन उनके साथ काम करने को तैयार नहीं थी. जया ने फिल्म में काम किया. फिल्म थी ‘ज़ंजीर’. जब ये फिल्म शूट हो रही थी, तभी अमिताभ, जया और उनके कुछ दोस्तों ने एक प्लान बनाया. प्लान था कि अगर ये फिल्म चल गई, तो सारे लंदन घूमने जाएंगे. फिल्म रिलीज़ हुई और सिर्फ चली नहीं, सुपरहिट हो गई.

फिल्म 'ज़ंजीर' का पोस्टर. फिल्म 'ज़ंजीर' के एक सीन में अमिताभ बच्चन और जया भादुड़ी.
फिल्म ‘ज़ंजीर’ का पोस्टर. फिल्म ‘ज़ंजीर’ के एक सीन में अमिताभ बच्चन और जया भादुड़ी.

अब बारी थी घूमने जाने की. सारी प्लानिंग हो चुकी थी. अमिताभ ने अपने पेरेंट्स को बताया कि वो एक लड़की (जया) के साथ ट्रिप पर जा रहे हैं. मम्मी-पापा को बात ठीक नहीं लगी. उन्होंने कहा कि जाना ही है तो शादी करके जाओ. अमिताभ ने कहा क्या दिक्कत, कर लेंगे शादी. उन्होंने जया को फोन किया और सारी बातें बता दीं. जया उस वक्त कलकत्ता में एक बंगाली फिल्म की शूटिंग कर रही थीं. पहले तो वो अमिताभ की बात सुनकर चौंकी. फिर कहा कि उन्हें इस बारे में उनके मम्मी-पापा से बात करनी पड़ेगी. अमिताभ ने कहा वो बात करके उन्हें वापस फोन करेंगे. अमिताभ ने जया के घर फोन किया और शादी के लिए परमिशन मांगी. पहलो तो जया के पेरेंट्स भी चौंके लेकिन फिर हां कर दी. 3 जून, 1973 को जया और अमिताभ की शादी हो गई. लेकिन बेचारे ट्रिप पर नहीं जा पाए क्योंकि अमिताभ ‘ज़ंजीर’ की सक्सेस के बाद स्टार बन गए. उन्हें बहुत सारा काम मिलने लगा और वो उसमें बिज़ी हो गए.

अमिताभ और जया की शादी की तस्वीरें.
अमिताभ और जया की शादी की तस्वीरें.

#4. बेटी की एक बात ने जया को फिल्मों से दूर कर दिया

जया शादी के बाद, यहां तक कि प्रेग्नेंट होने के बाद भी शूटिंग करती थीं. जब वो फिल्म ‘शोले’ की शूटिंग कर रही थीं, तब वो प्रेगनेंट थीं. कुछ दिनों बाद जया ने एक बेटी को जन्म दिया. नाम रखा गया श्वेता. जब श्वेता छोटी थीं, तो जया उन्हें घर पर छोड़कर फिल्मों की शूटिंग करने चली जाती थीं. साल 1981 में जया फिल्म ‘सिलसिले’ की शूटिंग कर रही थीं. जब वो सेट से लौटकर घर आईं, तो उनकी बेटी श्वेता उनका इंतज़ार कर रही थीं. मां के घर आते ही श्वेता ने उनसे कहा- ‘मम्मी आप शूटिंग करने मत जाया करिए हमारे साथ घर पर रहिए.’ इस बात से जया मानो पिघल गईं.

अपने बच्चों अभिषेक और श्वेता के साथ अमिताभ और जया. अपनी बेटी श्वेता के साथ जया.
अपने बच्चों अभिषेक और श्वेता के साथ अमिताभ और जया. अपनी बेटी श्वेता के साथ जया.

इस घटना के बाद जया ने कोई फिल्म साइन नहीं की. और फिल्मों से एक लंबा ब्रेक ले लिया. जब उनके बच्चे बड़े हो गए, तब साल 1998 में उन्होंने फिल्मों में वापसी की. ये 1981 के बाद पहली बार था कि वो किसी फिल्म में नज़र आईं. फिल्म का नाम था ‘हज़ार चौरासी की मां’, जिसे गोविंद निहलानी ने डायरेक्ट किया था. इसके बाद जया फिल्मों में एक्टिव हो गईं. बाद में उन्होंने ‘कभी खुशी कभी गम’, ‘कल हो न हो’, ‘लागा चुनरी में दाग’ और ‘द्रोण’ जैसी फिल्मों में काम किया. इसके अलावा उन्होंने एक बांग्लादेशी फिल्म ‘मेहरजान’ में भी काम किया था. आखिरी बार वो फिल्म ‘की एंड का’ में गेस्ट रोल में नज़र आई थीं.

#5. राज ठाकरे को जया का एक बयान बुरा लग गया, माफी मंगवाना चाहते थे, नहीं मंगवा पाए.

साल 2004 में जया ने राजनीति में हाथ आज़माया और समाजवादी पार्टी से राज्यसभा सांसद बन गईं. 2008 में फिल्म ‘द्रोणा’ का म्यू़ज़िक लॉन्च हो रहा था. यहां पर पहले बोलने आए फिल्म के डायरेक्टर गोल्डी बहल. उन्होंने अपनी सारी बात अंग्रेज़ी में की. अगली बारी जया की थी. उन्होंने माइक पकड़ते ही कहा,

‘हम यूपी के लोग हैं, इसलिए हिंदी में बात करेंगे. महाराष्ट्र के लोग माफ करिए.’

इस बात से महाराष्ट्र के कुछ नेता आहत हो गए. इस बात के लिए जया को बहुत आलोचना झेलनी पड़ी. महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के मुखिया राज ठाकरे एक कदम आगे बढ़ गए. उन्होंने कहा कि इस बात में महाराष्ट्र के लोगों को घुसेड़ने की कोई जरूरत नहीं थी. उन्होंने कहा जब तक जया अपने इस बयान के लिए माफी नहीं मांगेंगी, अमिताभ बच्चन की फिल्मों को रिलीज़ नहीं होने दिया जाएगा. उस समय अमिताभ की फिल्म ‘द लास्ट लीयर’ सिनेमाघरों में चल रही थी. जया के इस बयान के विरोध में थिएटरों पर हमले किए जाने लगे. लेकिन जया ने भी ठान लिया था कि वो माफी तो नहीं मांगेंगी. बाद में जया के इस बयान के लिए अमिताभ बच्चन ने माफी मांगी. वो विवादित वीडियो यहां देखिए:

#6. संजीव कुमार, जया बच्चन के बेटे का रोल करना चाहते थे

संजीव और जया बच्चन ने साथ में कई फिल्मों में काम किया था. कमाल की बात ये कि इन सभी फिल्मों में दोनों एक्टरों ने अलग-अलग रिश्ते निभाए. साल 1973 में आई फिल्म ‘अनामिका’ में जया, संजीव कुमार की हीरोइन/गर्लफ्रेंड बनी थीं. फिल्म ‘कोशिश’ (1972) में पत्नी. ऐतिहासिक फिल्म ‘शोले’ (1975) में बहू और फिल्म ‘परिचय’ (1972) में बेटी. एक पुरुष और स्त्री के बीच जितने संबंध हो सकते थे, वो सारे किरदार इन दोनों द्वारा पर्दे पर निभाए जा चुके थे. सिवाय एक के. किसी फिल्म में संजीव कुमार, जया के बेटे नहीं बने थे. वो अपने हर इंटरव्यू में ये बात कहा करते थे कि वो जया के बेटे का किरदार करना चाहते हैं. लेकिन संजीव की ये खाहिश कभी पूरी नहीं हो पाई. जैसा कि हमने आपको पहले बताया, 1981 में जया ने फिल्मों से ब्रेक लिया और संजीव 1985 में गुज़र गए.

फिल्म 'कोशिश' के एक सीन में संजीव कुमार और जया बच्चन.
फिल्म ‘कोशिश’ के एक सीन में संजीव कुमार और जया बच्चन.

जया ने आजकल काम करना कम कर दिया है. अब वो दादी और नानी होने का फर्ज़ अदा कर रही हैं, अपने बच्चों के बच्चों के साथ समय बिताकर.


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