Submit your post

Follow Us

क्या ये 5 काम करने के बाद विराट कोहली को महान क्रिकेटर माना जाएगा?

महेंद्र सिंह धोनी ने कहा है कि विराट कोहली लेजेंड बनने के करीब हैं. कहा कि कोहली एक जबरदस्त लीडर हैं और इसी के चलते वो महान खिलाड़ी बनने के स्टेट्स के करीब पहुंच चुके हैं. धोनी ने एकदम ठीक कहा. कोहली ने जिस रफ्तार और कंसिस्टेंसी के साथ अपने करियर में परफॉर्म किया है उसे देखकर कई लोग तो पहले ही विराट कोहली को लेंजेंड कह चुके हैं मगर धोनी ने माना है कि कोहली इसके करीब हैं. तो आइए देखते हैं कि विराट कोहली दुनिया के क्रिकेट लेजेंड बनने से कितना दूर हैं और अभी इस भारतीय कप्तान को क्या क्या हासिल करना बचा है.

2019 वर्ल्ड कप जिताना

महेंद्र सिंह धोनी जब से इंडियन क्रिकेट में आए तब से टीम को वर्ल्ड कप जीतने का चस्का लगा. 2007 में पहले वर्ल्ड T20 जीता और फिर अपनी कप्तानी में 2011 का वर्ल्ड कप जिताया. धोनी को अपने इसी काम के लिए इंडियन क्रिकेट में याद किया जाएगा. अब बात कोहली की. कोहली पिछले दो साल से टीम के कप्तान हैं और बतौर कप्तान कोहली का अगला टारगेट 2019 का वर्ल्ड कप जीतना होगा. 30 जून से 14 जुलाई 2019 के बीच ये वर्ल्ड कप इंग्लैंड में होगा. ये कोहली के पास अपनी महानता स्थापित करने का सबसे बड़ा मौका होगा. साथ ही चुनौती भी.  वो इसलिए कि इंग्लैंड की पिचों पर टीम संघर्ष करती दिख रही है. खुद कोहली भी खुद को पूरी तरह से इन पिचों पर साबित नहीं कर पाए हैं.

Untitled design (90)

विदेशों में विराट कोहली

दूसरा मील का पत्थर माना जाएगा विदेशों में जीत. इंग्लैंड सीरीज में पहला टेस्ट हारने के बाद ये बात जोर पकड़ने लगी है कि कोहली 90 के दशक के सचिन हो गए हैं. यानी टीम कोहली पर अतिनिर्भर हो गई है. पहले टेस्ट में विराट कोहली ने दोनों पारियों में 200 रन बनाए, वहीं पूरी टीम ने 214 रन बनाए. इससे पहले साउथ अफ्रीका सीरीज में भी कुछ ऐसा ही हाल टीम इंडिया का था जहां कोहली का ही बल्ला सबसे ज्यादा चला था. तुलना अगर तेंडुलकर से हो तो विदेशी जमीं पर कोहली इनके सबसे करीब हैं. नवंबर 1991 से दिसंबर 2001 के बीच तेंडुलकर ने ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, इंग्लैंड और साउथ अफ्रीका में 23 टेस्ट खेले जिनमें 1991 रन बनाए. वहीं कोहली ने इन देशों में 2013 से अभी तक 17 टेस्ट मैचों में 1798 रन बनाए हैं. सचिन इस दौरान 9 शतक बनाए हैं और कोहली ने 8 शतक जड़ दिए हैं. यानी कोहली काफी हद तक खुद को साबित कर चुके हैं मगर जब बात इंग्लैंड में टेस्ट सीरीज की  होगी तो कोहली को यहां अपनी परफॉर्मेंस लगातार अच्छी रखनी होगी.

Untitled design (89)

वनडे में सचिन का पीछा करते हुए

विराट कोहली उस स्टेज पर हैं जहां इस खिलाड़ी के बल्ले से निकला हर रन कोई न कोई रिकॉर्ड बना रहा है. 211 वनडे खेल चुके कोहली 10 हजार रन पूरे करने के करीब हैं. अभी कोहली के वनडे में 9779 रन हैं.  इसी रफ्तार से खेलते रहे तो अगले 3-4 सालों में 15000 वनडे रन भी पूरे कर लेंगे. शतकों के मामलों में कोहली जिस रफ्तार से सचिन तेंडुलकर का पीछा कर रहे हैं, वो भी तय करेगा कि कोहली कितने बड़े लेजेंड हैं. अभी तक खेले 211 वनडे में कोहली ने 35 शतक लगा लिए हैं. वहीं 67 टेस्ट में 22 शतक भी उनके नाम हैं. कोहली के सामने अपनी महानता साबित करने का अगला सबसे बड़ा मील का पत्थर ये 15000 रनों का ही होगा. वैसे तेंडुलकर के नाम 18426 वनडे रन हैं.

Untitled design (88)

कप्तान के रूप में कोहली

अभी तक महेंद्र सिंह धोनी ही सबसे सफल भारतीय कप्तान माने जाएंगे. धोनी ने बतौर कप्तान 60 मैचों में से 27 टेस्ट में जिताया. वहीं 110 वनडे मैचों में भी जीत दिलाई है जो रिकी पोटिंग के बाद वनडे में सबसे अच्छा रिकॉर्ड है. वहीं कप्तान कोहली इस मामले में अभी पीछे हैं. कोहली ने 2014 से 2018 के बीच 36 टेस्ट मैचों में कप्तानी की है जिनमें 21 में जीत दर्ज हुई है. 6 हारे हैं और बाकी डॉ रहे. कोहली के अंडर जीत का प्रतिशत 58.33 रहा है जो धोनी के प्रतिशत से ज्यादा तो है मगर अभी टेस्ट की संख्या कम है. अगर कोहली की कप्तानी में जीत प्रतिशत यही बना रहा तो वो जल्द ही धोनी को पीछे छोड़ देंगे. साथ ही कोहली को बतौर कप्तान अपने निर्णयों में भी अपनी महानता दर्शानी बाकी है. अपनी टीम चुनने से लेकर सही विंनिंग कॉम्बिनेशन तक में कोहली ढीले दिखे हैं. इंग्लेैंड के साथ पहले टेस्ट में ये कमी साफ दिखी है.

Untitled design (87)

IPL में RCB का बेड़ा पार

क्रिकेट में अब महान बनना है तो आईपीएल को नजरांदाज नहीं किया जा सकता. धोनी ने अपने इंटरनेशनल करियर के आखिरी पड़ाव में भी अपनी फैन फॉलोइंग बरकरार रखी क्योंकि वो आईपीएल में चेन्नई सुपरकिंग्स को लगातार जिताते आ रहे हैं. धोनी की महानता का एक पहलू आईपीएल में इस टीम को जिताना भी है. कोहली के सामने ये सबसे बड़ी चुनौती है कि वो RCB को आईपीएल चैंपियन बनाएं. 2008 से अभी तक टीम एक भी बार ये खिताब नहीं जीत पाई है. टीम में बड़े बड़े नाम रहे हैं मगर टीम को टाइटल नहीं जिता पाए.

विराट कोहली वर्ल्ड क्रिकेट में सबसे बड़ा नाम इसलिए भी बन सकते हैं क्योंकि इनके साथ उम्र भी है. 29 साल के इस खिलाड़ी के पास अगर करियर के और 5 साल भी मान लें तो ये संभव है कि कोहली सबसे आगे निकल जाएं और फिर लेजेंड होने का मतलब ही कोहली बन जाएं.  


Also Read

अश्विन की स्पिन से निपटने के लिए ये तोड़ निकाला है इंग्लैंड ने

कौन है ये 20 साल का लड़का जिसने पहले टेस्ट में इंडिया से जीत छीन ली

इंडिया ने पहली बार फुटबॉल में अर्जेंटीना को हरा दिया है

जब एक बोरिंग टेस्ट मैच में ऊंघते दर्शकों के इस नंगे आदमी ने होश उड़ा दिए थे

मैच में चीटिंग हुई है: इंग्लैंड के 11 खेल रहे थे, इंडिया का बस एक कोहली

वीडियो भी देखें:

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें

पोस्टमॉर्टम हाउस

तापसी की 'रश्मि रॉकेट' का ट्रेलर आया, ये कहानी अद्भुत लग रही है

तापसी की 'रश्मि रॉकेट' का ट्रेलर आया, ये कहानी अद्भुत लग रही है

हमें ट्रेलर कैसा लगा जान लीजिए.

मूवी रिव्यू: एनाबेल सेतुपति

मूवी रिव्यू: एनाबेल सेतुपति

रात को फिल्म देखकर सोने पर सुबह सिरदर्द के साथ उठ सकते हैं.

वेब सीरीज़ रिव्यू- नकाब

वेब सीरीज़ रिव्यू- नकाब

'नकाब' ये दिखाने का दावा करती है कि मुंबई फिल्म इंडस्ट्री कैसे काम करती है

ट्रेलर रिव्यू: हॉकआई

ट्रेलर रिव्यू: हॉकआई

कैसा है मार्वल की इस नई सीरीज़ का ट्रेलर?

फ़िल्म रिव्यू: तुगलक़ दरबार

फ़िल्म रिव्यू: तुगलक़ दरबार

कैसी है कमाल के एक्टर विजय सेतुपति की नई फ़िल्म?

फिल्म रिव्यू- थलैवी

फिल्म रिव्यू- थलैवी

'थलैवी' के पास भरपूर मौका था कि वो एक ऐसी बायोपिक बन सके, जिसकी मिसालें दी जातीं. मगर 'थलैवी' ये मौका बड़े मार्जिन से चूक जाती है.

ट्रेलर रिव्यू: कोटा फैक्ट्री सीज़न 2

ट्रेलर रिव्यू: कोटा फैक्ट्री सीज़न 2

जीतू भैया क्या नया करना वाले हैं?

ट्रेलर रिव्यू: मैट्रिक्स रिसरेक्शन्स

ट्रेलर रिव्यू: मैट्रिक्स रिसरेक्शन्स

कियानू रीव्स एक बार फ़िर नियो बनकर रेड पिल-ब्लू पिल खिलाने आ रहे हैं.

वेब सीरीज़ रिव्यू: मुंबई डायरीज़

वेब सीरीज़ रिव्यू: मुंबई डायरीज़

कैसी है मोहित रैना और कोंकणा सेन शर्मा की अमेज़न प्राइम पर रिलीज़ हुई ये सीरीज़?

वेब सीरीज रिव्यू- कैंडी

वेब सीरीज रिव्यू- कैंडी

'कैंडी' अपने होने को सार्थक बनाने के लिए हर वो चीज़ करती है, जो की जा सकती थी. जानिए कैसी है वूट पर आई नई वेब सीरीज़.