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Avengers: Endgame देखने के पहले ये 40 बातें पढ़ लें, वर्ना ज़िंदगी भर पछताएंगे

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Marvel की पिक्चर आ रही है. Avengers Endgame. कुछ कहेंगे साल भर के इंतज़ार के बाद. कुछ के लिए 11 साल की तपस्या का फल.
ऐसे में एक बात कहनी बहुत आवश्यक है. आप सबमें फिल्म के लिए उत्साह है. अच्छी बात है. लेकिन फिल्म देखने के पहले, देखते हुए और देखने के बाद कुछ ऐसी भली बातों की उम्मीद आपसे की जाती है, जिनका आप पालन करें. एक सच्चा फैन जरूर इन बातों की कद्र करेगा और मानेगा. इसे अलिखित नियम मानें, जो लिख दिए गए हैं.

फिल्म देखने के पहले.

1. ऐसे दोस्तों से भेदभाव न करें, जिन्होंने पिछली सारी फ़िल्में न देखी हों. वो बुरे लोग नहीं हैं, बस उनकी प्राथमिकताएं अलग थीं. उन्हें समाज की मुख्यधारा में लाने का प्रयास करें.

2. यदि आपके पास पुरानी फ़िल्में हैं तो उन्हें इच्छुक दोस्तों को उपलब्ध कराना और उन्हें दिखाना आपका दायित्व है.

3. बेज़ा फैन थ्योरी देकर दोस्तों का बीपी नहीं बढ़ाएंगे. इससे थानोस की ताकत बढ़ती है.

4. टोनी स्टार्क का नाम आने पर अगर कोई सांसा स्टार्क का नाम ले, तो उसे गालियां नहीं निकालेंगे. या तो उससे दोस्ती तोड़ देंगे या फिर सुधारात्मक कदम उठाते हुए GoT और MCU का फ़र्क समझाएंगे.

5. दोस्तों को लीक्ड फुटेज के नाम पर एडिटेड वीडियो नहीं भेजेंगे, जिसमें प्रोफसर जेवियर या लोगन, फैंटास्टिक फोर के साथ मिलकर थानोस को मारने चल दिए हैं.

6. ‘एंट मैन, थानोस को कहां घुसकर मारेगा’ वाली बातें अब और नहीं करेंगे. क्योंकि डायरेक्टर्स ने बता दिया है कि ऐसा करने के बाद एंट मैन का बचना मुश्किल पड़ सकता है.

7. कैप्टन मार्वल से ज्यादा उम्मीदें नहीं रखेंगे, माना वो महिला सशक्तिकरण की टॉर्च बियरर हैं. इससे पहले हमने विजन और डॉक्टर स्ट्रेंज को देख भी यही सोचा था कि ये अकेले ही सबका काम लगा देंगे. लेकिन मार्वल ने समय आने पर सबको उनकी शक्तियों का भाष करा दिया. आपकी ज्यादा अपेक्षाएं आपको नुकसान पहुंचाएंगी, बाकी अगर वो उम्मीदों पर खरी उतरीं तो बल्ले-बल्ले.

8. एडम वॉर लॉक का नाम कोई नहीं लेगा, वैसे ही जैसे डिज्नी री-हायर करने के बाद भी जेम्स गन का नाम नहीं ले रहा.

9. लोकी की मृत्यु का ज़िक्र करना अपशकुन है. उन्होंने वीरगति पाई है, उनका नाम लेने से पहले हाथ में टिश्यु पेपर रखें. याद रखें, 2012 में लोकी की गलती नहीं थी, स्केप्टर में लगे ‘दिमागी पत्थर’ ने उसका दिमाग खराब कर दिया था.

10. अपना टिकट बुक करने के लिए दोस्त के भरोसे न बैठें. हो सकता है वो आपके भरोसे बैठा हो.



फिल्म देखते हुए.

1. स्टेन ली के स्क्रीन पर आते ही उन्हें नमन करें. ऐसा न करना ईशनिंदा माना जाएगा .

2. अगर घर में छोटे बच्चे हैं और फिल्म नहीं समझ पाते तो उन्हें घर में रहने देंगे. उनके लिए एक टिकट लेकर एक आदमी की जगह न घेरें. अगर बच्चे फिल्म के बीच रोते हैं तो भी उन्हें ले जाना अवॉयड करें, क्योंकि उस समय सिर्फ आपके बच्चे के नहीं, कई और लोगों के आंसू भी निकल सकते हैं.

3. फिल्म देखने के लिए नियत समय पर जाएं, हम सिनेमाहॉल फिल्म देखने आए हैं, आपके सिर की परछाई नहीं और न ही आपकी पीठ.

4. फिल्म देखते हुए किसी भी कंफ्यूजन पर सवाल का जवाब न दें, न खुस-फुसाकर जवाब मांगें.

5. बैटमैन, क्लार्क केंट या खलीसी के मर चुके पति का ज़िक्र करने से बचें. दुनिया खेमों में बंट चुकी है. तनावपूर्ण माहौल में हिंसा भड़कने की आशंका है.

6. फोन सायलेंट मोड पर रखें. सिनेमाहॉल से किसी को फोन तभी करें, जब आपके बगल की सीट में बैठा आदमी स्नैप के असर से धूल में बदल जाए.

7. यदि किसी इंटेंस सीन में कोई सह-दर्शक आपको नाखून मार दे, चश्मा तोड़ दे, कोल्डड्रिंक गिरा दे. या आपका पॉपकॉर्न खा जाए तो उस पर गुस्सा न हों. वो भले अपनी देह में है, उसका दिमाग मिडगार्ड के गुरुत्वीय क्षेत्र में माना जाएगा.

8. अगर किसी से कोई डायलॉग मिस हो जाए तो उसे डायलॉग बताने के चक्कर में आप अगला डायलॉग मिस न कर दें.

9. फिल्म ख़त्म होने के बाद अगर कोई नया खिलाड़ी क्रेडिट रोल होने के पहले ही चल पड़े तो उस पर हंसें नहीं, उसे वस्तुस्थिति का भान कराएं. वापस बैठने को कहें ताकि वो MCU समाज में उठने-बैठने की तहजीब सीख सके.

10. दवाइयां और जीवन-रक्षक उपकरण साथ ले जाएं. फिल्म में कुछ भी हो, कोई भी मर जाए. ये याद रखें कि ये एक फिल्म ही है. वास्तविक दुनिया बहुत अलग है. पर्दे पर जो हुआ वो बस पर्दे पर ही हुआ है. असल में ऐसा कुछ नहीं होता, दुनिया अब भी वैसी ही है, जैसा टिकट खरीदने के पहले थी.



अब सबसे जरूरी पार्ट, फिल्म देखने के बाद क्या करें.

स्पॉइलर्स को मारें घुसंड
स्पॉइलर्स को मारें घुसंड

1. आपने फिल्म देख ली, आगे निकल गए, बहुत बड़ा तीर मार लिया. आप कई चीजें डिस्कस करना चाहते हैं. बताना चाहते हैं. अपडेटेड दिखना चाहते हैं. लेकिन याद रखें दुनिया सबके लिए एक जैसी नहीं है. किसी का दफ्तर रहा होगा, किसी का कॉलेज, किसी की स्कूल. उन पर रहम करिए. किसी भी किस्म का स्पॉइलर मत दीजिए.

फिल्म के बारे में बताकर आप कौन सा इनाम जीत लेंगे, क्या ही साबित कर देंगे. किसका मज़ा खराब कर देंगे. मत कीजिए. ऐसा करना आपको बेहतर इंसान बनाएगा. आत्मिक शान्ति देगा. अच्छा इंसान अपने दुश्मन तक को स्पॉइलर नहीं देता. इतने तानाशाह हुए हैं. विश्वयुद्ध हुए. परमाणु बम दागे गए. दुर्दांत से दुर्दांत लोगों ने हत्याएं कीं, लेकिन कभी स्पॉइलर नहीं दिए. धर्मयुद्ध हुए, सब अस्त्र चले, किसी ने स्पॉइलर नहीं दिया. आप तो भले इंसान हैं. आप भी स्पॉइलर नहीं दें.

Spoiler के बाद ऐसा होता है जानने वाले का हाल!
Spoiler के बाद ऐसा होता है जानने वाले का हाल!

2. अगर कोई कैरेक्टर मर गया है तो मत बताइए, ये स्पॉइलर होगा.

3. अगर कोई कैरेक्टर ज़िंदा बच गया है तो मत बताइए, ये स्पॉइलर होगा.

4. अगर कोई मरा हुआ कैरेक्टर ज़िंदा हो गया है तो भी मत बताइए, ये भी स्पॉइलर होगा.

5. अगर कोई मरा हुआ कैरेक्टर मरा हुआ ही है तो भी मत बताइए, ये भी स्पॉइलर होगा.

6. फिल्म का कोई सीन भी डिस्क्राइब मत कीजिए. ये भी स्पॉइलर होगा.

7. अगर कोई नया कैरेक्टर जुड़ा है तो भी मत बताइए, ये भी स्पॉइलर होगा.

8. फिल्म का एक मिनट का सीन जो यू-ट्यूब पर है, उसके बारे में भी मत बताइए. ये भी स्पॉइलर होगा.

9. ट्रेलर में दिखाए, किसी सीन का कोई फ्रेम अगर फिल्म में नहीं है. उसके बारे में भी मत बताइए. ये भी स्पॉइलर होगा.

10. जिसने फिल्म नहीं देखी है, उसकी तरफ देखकर सांस भी मत लीजिए. ये भी स्पॉइलर हो सकता है.

11. फिल्म के किसी मेजर हिस्से के बारे में दोस्त के बगल में बैठकर सोचिए भी मत, हो सकता है उसके पास दिमाग पढ़ने की क्षमता हो

और उसकी फिल्म स्पॉइल हो जाए.

12. दोस्त के पूछने पर भी फिल्म के बारे में मत बताइए, हो सकता है आप उसे बताएं और पीछे से गुजरता कोई आदमी सुन ले और उसके लिए ये स्पॉइलर हो.

13. फिल्म के बारे में झूठे स्पॉइलर लिखकर आप शायद ये सोचें कि ये हार्मलेस है, जी नहीं! ये भी हार्मलेस नहीं है. ये भी अपराध है, हमारा नैतिक पतन है. ऐसा भी न करिए.

14. फिल्म की एंडिंग के बारे में हिंट में भी बात न करें.

15. सोशल मीडिया पर फिल्म के बारे में कुछ भी लिखने से बचें. ये बातचीत को आगे बढ़ाएगा और आपको मुसीबत में डाल सकता है.

16. फिल्म देखने के महीने भर बाद भी फिल्म की कहानी के बारे में कुछ न लिखें. कई लोग तब तक फिल्म नहीं देख पाते.

17. अगर आप फिल्म समीक्षक हैं तो फिल्म की समीक्षा लिखें, कहानी न बताने लग जाएं.

18. किसी अहम कैरेक्टर की फोटो या उससे जुड़ा इमोशनल संदेश न कहीं लिखें. ये इशारा होगा कि उस कैरेक्टर की मौत हो गई है.

19. थानोस की बड़ाई न करें.

20. आख़िरी पॉइंट नहीं लिखा जा रहा है, यहां स्व-विवेक से काम लें. अपनी सीमाएं तय करें, मौक़ा सामने आने पर युक्ति से काम लें ताकि दूसरे भी फिल्म का मज़ा वैसे ही ले सकें. जैसे आपने लिया.

याद रखिए, आपके लिए उस 15 साल के लड़के ने अंतरिक्ष में जान दी थी. आपके लिए उस डॉक्टर ने करोड़ों संभावनाओं में एक संभावना अपने मुंह से नहीं कही थी. ड्रैक्स बेचारा बिना परिवार का बदला लिए हवा में धूल बनकर उड़ गया. और आप इतना भी नहीं कर सकते कि अपना मुंह बंद रख सकें? 

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