Submit your post

Follow Us

राहुल गांधी ने केजरीवाल को गठबंधन के लिए बुलाया या मज़ाक उड़ाया!

974
शेयर्स

#AbAAPkiBaari इसी हैशटैग के साथ राहुल गांधी ने एक ट्वीट किया है. अगर आपने #AAP शब्द पर ध्यान दिया तो समझ गए होंगे कि राहुल का ट्वीट किस बारे में है. राहुल गांधी ने दिल्ली में कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के बीच होने वाले गठबंधन पर आखिरकार कुछ बयान दिया है. राहुल गांधी ने ट्वीट में कहा है

दिल्ली में आम आदमी पार्टी और कांग्रेस के बीच गठबंधन होने का मतलब है भाजपा की बड़ी हार. कांग्रेस दिल्ली में आम आदमी पार्टी के लिए 4 सीटें छोड़ने के लिए तैयार है. लेकिन, श्री केजरीवाल ने फिर यू टर्न लिया है. हमारे दरवाजे अब भी खुले हैं, लेकिन वक्त निकलता जा रहा है.

राहुल गांधी ने अबतक कुछ भी साफ-साफ नहीं किया था.
राहुल गांधी ने अब तक कुछ भी साफ-साफ नहीं कहा था.

राहुल गांधी ने इतने दिनों से चली आ रही कयासबाज़ी पर लगाम लगाते हुए आखिरकार अपना पक्ष सबके सामने रखा. पिछले काफी समय से केजरीवाल कह रहे थे कि वो गठबंधन करना चाहते हैं लेकिन कांग्रेस नहीं मान रही. कुछ दिनों बाद कुछ ऐसे ही सुर दिल्ली के उप-मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया की और से सुनाई दिए. इनके अलावा पार्टी के कई बड़े नेता गठबंधन की बात करते रहे हैं.

दिल्ली कांग्रेस की ओर से पहले बहुत ना-नुकुर की जा रही थी. जब माकन के इस्तीफे के बाद शीला दीक्षित दिल्ली कांग्रेस की अध्यक्ष बनीं तो वो आम आदमी पार्टी के साथ गठबंधन नहीं चाहती थीं. कुछ दिनों तक बातचीत होती रही, बाद में फैसला लिया गया कि गठबंधन पर आखिरी फैसला राहुल गांधी लेंगे.

पेच कहां अड़ा है
दिल्ली में लोकसभा की 7 सीटें हैं. कांग्रेस इन सात में से 4 सीटें छोड़ने को तैयार है. वहीं केजरीवाल को 6-1 या हद से हद 5-2 का समीकरण भा रहा है. केजरीवाल की एक शर्त और भी है. केजरीवाल चाहते हैं कि कांग्रेस बाकी राज्यों जैसे हरियाणा और चंडीगढ़ में भी गठबंधन करे. कांग्रेस के हरियाणा नेतृत्व को ये बात मंजूर नहीं थी. केजरीवाल की शर्त के मुताबिक जितनी सीटें कांग्रेस दिल्ली में छोड़ेगी उतनी ही सीटें उसे हरियाणा में चाहिए. हरियाणा में कांग्रेस अकेले लड़ना चाहती है. पहले से चार धड़ों में बंट चुकी हरियाणा की राजनीति में वो किसी भी नए पक्ष को आने नहीं देना चाहती.

इसी बीच 13 अप्रैल को मनीष सिसोदिया ने ट्वीट किया था

अभी भी वक़्त है मोदी शाह की जोड़ी को 18 सीटों ( हरियाणा, दिल्ली और चंडीगढ़) पर हराने का, अगर कांग्रेस चाहे तो.

मनीष सिसोदिया का 13 अप्रैल को किया गया ट्वीट.
मनीष सिसोदिया का 13 अप्रैल को किया गया ट्वीट.

साथ ही लिखा था

ये कांग्रेस को तय करना है कि इस समय प्राथमिकता मोदी और शाह की जोड़ी को हराना है या ज्यादा सीटों लड़ने का रिकॉर्ड बनाने का.

राहुल गांधी के ट्वीट पर आज फिर कुछ ऐसा ही जवाब आया है. केजरीवाल ने ट्वीट किया

कौन सा U-टर्न?अभी तो बातचीत चल रही थी आपका ट्वीट दिखाता है कि गठबंधन आपकी इच्छा नहीं मात्र दिखावा है. मुझे दुःख है आप बयान बाज़ी कर रहे हैं. आज देश को मोदी-शाह के ख़तरे से बचाना अहम है. दुर्भाग्य कि आप UP और अन्य राज्यों में भी मोदी विरोधी वोट बाँट कर मोदी जी की मदद कर रहे हैं

केजरीवाल का राहुल गांधी को जवाब.
केजरीवाल का राहुल गांधी को जवाब.

पार्टी की ओर से राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने कटाक्ष करते हुए लिखा-

पंजाब में AAP के 4 सांसद 20 विधायक Cong एक भी सीट नहीं देना चाहती, हरियाणा जहाँ Cong का एक सांसद वहाँ भी Cong एक सीट नहीं देना चाहती, दिल्ली जहाँ Cong के 0 MLA 0 MP वहाँ आप हमसे 3 सीट चाहते हैं क्या ऐसे होता है समझौता? आप दूसरे राज्यों में भाजपा को क्यों नहीं रोकना चाहते?

आम आदमी पार्टी की ओर से सबसे पहला रिएक्शन संजय सिंह की ओर से ही आया.
आम आदमी पार्टी की ओर से सबसे पहला रिएक्शन संजय सिंह की ओर से ही आया.

वहीं पार्टी के सीनियर लीडर गोपाल राय ने भी लिखा

@RahulGandhi जी 18 सीटों पर बीजेपी को हराने के लिए दिलचस्पी क्यों नही दिखा रहे हैं

@RahulGandhi जी ने 4 सीट का दरवाजा खोला है तो हमने दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ में 18 सीट पर भाजपा को हराने के लिए दरवाजा खोल रखा है

दिल्ली में छठे चरण में 12 मई को मतदान होना है. और नामांकन की तारीख नज़दीक आते-आते पार्टियों पर अपना रुख साफ करने का दवाब बढ़ता जा रहा है.


वीडियो- मोदी की रैली में बीजेपी नेता ने वंदे मातरम और जन गण मन गाने के नाम पर क्या किया?

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें
Rahul Gandhi tweeted about alliance with AAP in Delhi, Arvind Kejriwal replied in old tone

गुजरात चुनाव 2017

गुजरात और हिमाचल में सबसे बड़ी और जान अटका देने वाली जीतों के बारे में सुना?

एक-एक वोट कितना कीमती होता है, कोई इन प्रत्याशियों से पूछे.

गुजरात विधानसभा चुनाव के चार निष्कर्ष

बहुमत हासिल करने के बावजूद चुनाव के नतीजों से बीजेपी अंदर ही अंदर सकते में है.

गुजरात में AAP का क्या हुआ, जो 33 सीटों पर लड़ी थी!

अरविंद केजरीवाल का गुजरात में जादू चला या नहीं?

गुजरात चुनाव के बाद सुशील मोदी को खुला खत

चुनाव के नतीजे आने के बाद भी लिचड़ई नहीं छोड़ रहे.

इस चुनाव में राहुल और हार्दिक से ज्यादा अफसोस इन सात लोगों को हुआ है

इन लोगों ने थोड़ी मेहनत और की होती, तो ये गुजरात की विधानसभा में बैठने की तैयारी कर रहे होते.

राहुल गांधी ने चुनाव में हार के बाद ये 8 बातें बोली हैं

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की क्रेडिबिलिटी पर ही सवाल खड़े कर दिए.

गुजरात में हारे कांग्रेस के वो बड़े नेता जिन पर राहुल गांधी को बहुत भरोसा था

इनके बारे में कांग्रेस पार्टी ने बड़े-बड़े प्लान बनाए होंगे.

बीजेपी के वो 8 बड़े नेता जो गुजरात चुनाव में हार गए

इनको प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सभाएं और तमाम टोटके नहीं जिता सके.

पीएम नरेंद्र मोदी ने गुजरात और हिमाचल प्रदेश में जीत के बाद ये 5 बातें कहीं

दोनों प्रदेशों में भगवा लहराया मगर गुजरात की जीत पर भावुक दिखे पीएम.

ये सीट जीतकर कांग्रेस ने शंकरसिंह वाघेला से बदला ले लिया है

वाघेला ने इस सीट पर एक निर्दलीय प्रतायशी को वॉकओवर दिया था.