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असम की रैली में आए BJP कार्यकर्ता की तबीयत बिगड़ी, मोदी ने PMO की मेडिकल टीम भेज दी!

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार, तीन अप्रैल को असम के तामुलपुर में रैली की. पीएम जब भाषण दे रहे थे, उसी दौरान रैली में आए एक बीजेपी कार्यकर्ता की तबीयत बिगड़ गई. पीएम ने अपना भाषण रोक कर अपने साथ आई मेडिकल टीम से कार्यकर्ता का इलाज करने को कहा.

ये जो PMO की मेडिकल टीम है, जरा जाए वहां, कार्यकर्ता को पानी के अभाव में कुछ तकलीफ हुई है, उनकी जरा मदद कीजिए. मेरे साथ जो डॉक्टर आए हैं, वो जरा हमारे साथी की मदद करें. पानी के अभाव में शायद तकलीफ हुई है.

इसके बाद पीएम ने अपना भाषण आगे बढ़ाया.

पीएम ने अपने भाषण में क्या कहा?

पीएम मोदी ने कहा कि असम के लोगों ने एक बार फिर NDA की सरकार बनाने का मन बना लिया है. असम को दशकों तक हिंसा और अस्थिरता में झोंकने वाले लोगों को अब यहां की जनता स्वीकार नहीं करेगी. मोदी ने कहा कि देश में सेक्युलरिज्म की परिभाषा बदल गई है. अब वोटबैंक के लिए भेदभाव फैलाने वालों और समाज के टुकड़े करने की कोशिश करने वालों को सेक्युलर कहा जाता है. हमारी सरकार बिना किसी भेदभाव के सबके लिए काम करती है तो उसे कम्युनल कहा जाता है.

पीएम मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि यहां के चाय बागान में काम करने वाले साथियों को भी कांग्रेस ने लंबे समय तक मुसीबत में रखा था.चाय बागान में काम करने वाले लोगों के लिए सबसे ज्यादा काम एनडीए सरकार ने ही किया है.

पीएम मोदी ने कहा कि मैं माताओं- बहनों को विश्वास दिलाता हूं कि आपके बेटे के सपने पूरे करने के लिए हम लगे रहेंगे. आपके बच्चों को बंदूक न उठानी पड़े, उन्हें जंगलों में जिंदगी न गुजारनी पड़े, उन्हें किसी की गोली का शिकार न होना पड़े, इसके लिए एनडीए सरकार प्रतिबद्ध है. NDA सरकार मानती है कि किसी भी क्षेत्र के लोगों का विकास भेदभाव से नहीं सद्भाव से होता है. इसी सद्भावना का परिणाम है कि लंबे इंतज़ार के बाद ऐतिहासिक बोडो अकॉर्ड तक हम पहुंच पाए. अनेक माताओं के आंसू पोंछनें, अनेक बहनों की पीड़ा को दूर करने के लिए हम सभी ने मिलकर प्रयास किया.


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